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Yamuna Nagar News: कूड़ा उठान में लगे अनफिट वाहनों से सता रहा हादसे का खतरा
Sun, 26 Oct 2025 12:18 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sun, 26 Oct 2025 12:18 AM IST
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कूड़ा उठान में लगे वाहन का टूटा अगला हिस्सा। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने में जो वाहन लगाए गए हैं वह नियमों को ताक पर रख रहे हैं। एजेंसी के ज्यादातर वाहनों के आगे-पीछे न तो रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट है और न ही बैक लाइट। कई वाहन जुगाड़बाजी के सहारे चल रहे हैं, जो वाहन परिवहन के सभी मानकों को पूरा नहीं करते वह अनफिट की श्रेणी में आते हैं।
सड़कों पर उत्तर प्रदेश समेत दूसरे राज्यों के रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट को देखते ही टूट पड़ने वाली ट्रैफिक पुलिस और आरटीए की तरफ से इन वाहनों के न तो चालान किए जा रहे हैं और न ही जब्त किया जा रहा है। अधिकारियों की यह अनदेखी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। कूड़ा उठान करने वाली एजेंसी के वाहन पुलिस के सामने से निकल रहे हैं। फिर भी इन पर कार्रवाई नहीं की जा रही।
इस बार नगर निगम ने शहर में घरों से कूड़ा उठाने का ठेका पूजा कंसलटेंट एजेंसी को दे रखा है। इसके लिए नगर निगम एजेंसी को करीब 21 करोड़ 60 लाख रुपये का भुगतान करेगा। घरों से कूड़ा लेने से लेकर डंपिंग प्वाइंट से इसे कैल स्थित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट तक ले जाने के लिए एजेंसी ने कुल 173 वाहन लगा रखे हैं। इनमें से 88 वाहन टाटा ऐस (छोटा हाथी) हैं जो डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने में लगे हैं।
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इनमें से ज्यादातर के आगे-पीछे वाहन रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट ही नहीं लगी है। कई वाहन ऐसे हैं जिन पर नंबर प्लेट लगी है लेकिन वह पीले रंग की न होकर उन पर पेंट किया हुआ है। इसी तरह ट्रैक्टरों समेत कई वाहनों पर हाथ से ही नंबर टेढ़े मेढ़े नंबर लिखे हुए हैं। इन नंबरों को कोई ठीक से पढ़ भी नहीं सकता।
बैक लाइट न होने से पता ही नहीं चलता कि आगे चल रहे इन वाहनों के चालक कब अचानक ब्रेक लगा दें। इससे पीछे से आ रहे दूसरे वाहन चालकों को पता नहीं चलेगा ओर हादसा हो जाएगा। अनफिट वाहन तो वैसे भी सड़क पर चल ही नहीं सकता, क्योंकि यह दूसरों के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं।
नगर निगम ने शहर से कूड़ा उठाने का ठेका एजेंसी को दे रखा है। एजेंसी के वाहन यदि परिवहन विभाग और सड़क सुरक्षा के मानकों पर खरा नहीं उतर रहे तो उन पर परिवहन विभाग या ट्रैफिक पुलिस को कार्रवाई करनी चाहिए। मानकों को पूरा करना एजेंसी का कार्य है। - महाबीर प्रसाद, आयुक्त, नगर निगम।
किसी वाहन पर यदि नंबर प्लेट, बैक लाइट या अन्य कोई कमी है तो वह अनफिट की श्रेणी में आता है। एजेंसी के इन वाहनों की जांच की जाएगी। एजेंसी संचालक को हिदायत दी जाएगी कि वह जल्द सभी मानकों को पूरा करे। यदि वह नहीं मानते तो वाहनों का चालान किया जाएगा। - गुरजीत कौर, एमवीओ, परिवहन विभाग यमुनानगर।
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यमुनानगर। शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने में जो वाहन लगाए गए हैं वह नियमों को ताक पर रख रहे हैं। एजेंसी के ज्यादातर वाहनों के आगे-पीछे न तो रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट है और न ही बैक लाइट। कई वाहन जुगाड़बाजी के सहारे चल रहे हैं, जो वाहन परिवहन के सभी मानकों को पूरा नहीं करते वह अनफिट की श्रेणी में आते हैं।
सड़कों पर उत्तर प्रदेश समेत दूसरे राज्यों के रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट को देखते ही टूट पड़ने वाली ट्रैफिक पुलिस और आरटीए की तरफ से इन वाहनों के न तो चालान किए जा रहे हैं और न ही जब्त किया जा रहा है। अधिकारियों की यह अनदेखी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। कूड़ा उठान करने वाली एजेंसी के वाहन पुलिस के सामने से निकल रहे हैं। फिर भी इन पर कार्रवाई नहीं की जा रही।
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इस बार नगर निगम ने शहर में घरों से कूड़ा उठाने का ठेका पूजा कंसलटेंट एजेंसी को दे रखा है। इसके लिए नगर निगम एजेंसी को करीब 21 करोड़ 60 लाख रुपये का भुगतान करेगा। घरों से कूड़ा लेने से लेकर डंपिंग प्वाइंट से इसे कैल स्थित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट तक ले जाने के लिए एजेंसी ने कुल 173 वाहन लगा रखे हैं। इनमें से 88 वाहन टाटा ऐस (छोटा हाथी) हैं जो डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने में लगे हैं।
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इनमें से ज्यादातर के आगे-पीछे वाहन रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट ही नहीं लगी है। कई वाहन ऐसे हैं जिन पर नंबर प्लेट लगी है लेकिन वह पीले रंग की न होकर उन पर पेंट किया हुआ है। इसी तरह ट्रैक्टरों समेत कई वाहनों पर हाथ से ही नंबर टेढ़े मेढ़े नंबर लिखे हुए हैं। इन नंबरों को कोई ठीक से पढ़ भी नहीं सकता।
बैक लाइट न होने से पता ही नहीं चलता कि आगे चल रहे इन वाहनों के चालक कब अचानक ब्रेक लगा दें। इससे पीछे से आ रहे दूसरे वाहन चालकों को पता नहीं चलेगा ओर हादसा हो जाएगा। अनफिट वाहन तो वैसे भी सड़क पर चल ही नहीं सकता, क्योंकि यह दूसरों के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं।
नगर निगम ने शहर से कूड़ा उठाने का ठेका एजेंसी को दे रखा है। एजेंसी के वाहन यदि परिवहन विभाग और सड़क सुरक्षा के मानकों पर खरा नहीं उतर रहे तो उन पर परिवहन विभाग या ट्रैफिक पुलिस को कार्रवाई करनी चाहिए। मानकों को पूरा करना एजेंसी का कार्य है। - महाबीर प्रसाद, आयुक्त, नगर निगम।
किसी वाहन पर यदि नंबर प्लेट, बैक लाइट या अन्य कोई कमी है तो वह अनफिट की श्रेणी में आता है। एजेंसी के इन वाहनों की जांच की जाएगी। एजेंसी संचालक को हिदायत दी जाएगी कि वह जल्द सभी मानकों को पूरा करे। यदि वह नहीं मानते तो वाहनों का चालान किया जाएगा। - गुरजीत कौर, एमवीओ, परिवहन विभाग यमुनानगर।

कूड़ा उठान में लगे वाहन का टूटा अगला हिस्सा। संवाद

कूड़ा उठान में लगे वाहन का टूटा अगला हिस्सा। संवाद