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सवा चार करोड़ से संवरेगी जम्मू कॉलोनी
यमुनानगर
Updated Thu, 26 Dec 2013 04:58 PM IST
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जम्मू कॉलोनी का जल्द ही कायापलट होगा। वर्षों से कच्ची पड़ी गलियां पक्की
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होंगी, सीवरेज लाइन डाली जाएगी, नालियां बनेंगी, स्ट्रीट लाइटें लगाई
जाएंगी और वाटर सप्लाई के लिए भी लाइन डाली जाएगी।
जिससे अब यहां पर जल्द ही विकास की बयार बहनी शुरू हो जाएगी। इन सभी कार्यों पर सवा चार करोड़ रुपये के करीब खर्च होंगे। इनमें से गलियां और नालियां बनाने का टेंडर तो नगर निगम की ओर से कर दिए गए हैं, जो सवा तीन करोड़ में हुआ है।
इसमें कुल 63 गलियां बनाई जाएंगी और कुछ नालियाें का निर्माण भी किया जाएगा। स्ट्रीट लाइटों व अन्य कई टेंडर अभी होने हैं। इससे लोगों में भी खुशी की लहर है। लोगों का कहना है कि कॉलोनी को बसे कई साल हो गए हैं। लेकिन आज भी कॉलोनी की गलियां कच्ची हैं।
इससे उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। अब गलियां पक्की करने के लिए टेंडर हो गए हैं। इससे उम्मीद जगी है कि जल्द ही अब हमारे घर तक भी पक्की गली होगी, वहीं नगर निगम के एमई गौरव आनंद का कहना है कि टेंडर हो गए हैं। ठेकेदारों को वर्क अलॉट करना ही बाकी है।
कॉलोनी की सभी गलियों का पक्का किया जाएगा। इसमें कुछ नालियां भी बनाई जाएंगी, वहीं क्षेत्र की पार्षद का कहना है कि कॉलोनी में लोगों को मूलभूत सुविधाओं के अभाव में रहना पड़ रहा है। पहली बार कॉलोनी की सुध ली गई है। लोगों का जल्द ही सुविधाओं से लैस कॉलोनी मिलेगी।
पच्चीस साल से नहीं हुआ था विकास
कॉलोनी बसे करीब 25 साल हो गए हैं। लेकिन अब तक यहां पर विकास के नाम पर कुछ भी नहीं हुआ है। हर साल यहां पर आबादी बढ़ती जा रही है। जम्मू कॉलोनी की दस हजार के करीब आबादी है। कॉलोनी में एक दो मेन गली को छोड़ अन्य सभी गलियां अभी तक कच्ची हैं।
यहां पर पानी की निकासी के लिए न तो नालियां है और न ही सीवरेज सिस्टम। इसके साथ ही अभी तक यहां पर पूरी कॉलोनी में स्ट्रीट लाइटों का भी कोई प्रबंध नहीं है। शाम होते ही पूरी कॉलोनी अंधेरे में डूब जाती है। यहां पर राजीव गांधी प्रोजेक्ट योजना के तहत विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इससे पहले यहां पर कभी भी करोड़ में तो क्या लाखों में भी विकास कार्यों के लिए बजट जारी नहीं हुआ है। यह पहली बार इतना बजट जारी हुआ है। जिससे पूरी कॉलोनी की सूरत ही बदल जाएगी।
बारिश में घरों से निकलना मुश्किल
कॉलोनीवासी जय कुमार, गुरदीप सिंह और मोंटी का कहना है कि कॉलोनी में पानी की निकासी का कोई प्रबंध नहीं है। इससे बारिश के दिनों में तो गलियां पानी से जलमग्न हो जाती हैं। इन दिनों कॉलोनी से निकलना भी मुश्किल हो जाता है। इसके साथ ही गंदा पानी कॉलोनी में खड़ा होने से मच्छर पनपते हैं।
इससे लोग बीमार रहते हैं। सीवरेज सिस्टम होने से पानी की निकासी का स्थायी प्रबंध होगा और गलियां पक्की और स्ट्रीट लाइटों से यह कॉलोनी भी सुविधाओं से लैस होगी। उनका कहना है कि बजट आ गया है टेंडर हो गए हैं अब बस जल्द से जल्द काम शुरू करा दिया जाए और निगम अधिकारी ठेकेदारों पर दबाव रखें, ताकि समय पर कार्य पूरा हो जाए।
जिससे अब यहां पर जल्द ही विकास की बयार बहनी शुरू हो जाएगी। इन सभी कार्यों पर सवा चार करोड़ रुपये के करीब खर्च होंगे। इनमें से गलियां और नालियां बनाने का टेंडर तो नगर निगम की ओर से कर दिए गए हैं, जो सवा तीन करोड़ में हुआ है।
इसमें कुल 63 गलियां बनाई जाएंगी और कुछ नालियाें का निर्माण भी किया जाएगा। स्ट्रीट लाइटों व अन्य कई टेंडर अभी होने हैं। इससे लोगों में भी खुशी की लहर है। लोगों का कहना है कि कॉलोनी को बसे कई साल हो गए हैं। लेकिन आज भी कॉलोनी की गलियां कच्ची हैं।
इससे उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। अब गलियां पक्की करने के लिए टेंडर हो गए हैं। इससे उम्मीद जगी है कि जल्द ही अब हमारे घर तक भी पक्की गली होगी, वहीं नगर निगम के एमई गौरव आनंद का कहना है कि टेंडर हो गए हैं। ठेकेदारों को वर्क अलॉट करना ही बाकी है।
कॉलोनी की सभी गलियों का पक्का किया जाएगा। इसमें कुछ नालियां भी बनाई जाएंगी, वहीं क्षेत्र की पार्षद का कहना है कि कॉलोनी में लोगों को मूलभूत सुविधाओं के अभाव में रहना पड़ रहा है। पहली बार कॉलोनी की सुध ली गई है। लोगों का जल्द ही सुविधाओं से लैस कॉलोनी मिलेगी।
पच्चीस साल से नहीं हुआ था विकास
कॉलोनी बसे करीब 25 साल हो गए हैं। लेकिन अब तक यहां पर विकास के नाम पर कुछ भी नहीं हुआ है। हर साल यहां पर आबादी बढ़ती जा रही है। जम्मू कॉलोनी की दस हजार के करीब आबादी है। कॉलोनी में एक दो मेन गली को छोड़ अन्य सभी गलियां अभी तक कच्ची हैं।
यहां पर पानी की निकासी के लिए न तो नालियां है और न ही सीवरेज सिस्टम। इसके साथ ही अभी तक यहां पर पूरी कॉलोनी में स्ट्रीट लाइटों का भी कोई प्रबंध नहीं है। शाम होते ही पूरी कॉलोनी अंधेरे में डूब जाती है। यहां पर राजीव गांधी प्रोजेक्ट योजना के तहत विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इससे पहले यहां पर कभी भी करोड़ में तो क्या लाखों में भी विकास कार्यों के लिए बजट जारी नहीं हुआ है। यह पहली बार इतना बजट जारी हुआ है। जिससे पूरी कॉलोनी की सूरत ही बदल जाएगी।
बारिश में घरों से निकलना मुश्किल
कॉलोनीवासी जय कुमार, गुरदीप सिंह और मोंटी का कहना है कि कॉलोनी में पानी की निकासी का कोई प्रबंध नहीं है। इससे बारिश के दिनों में तो गलियां पानी से जलमग्न हो जाती हैं। इन दिनों कॉलोनी से निकलना भी मुश्किल हो जाता है। इसके साथ ही गंदा पानी कॉलोनी में खड़ा होने से मच्छर पनपते हैं।
इससे लोग बीमार रहते हैं। सीवरेज सिस्टम होने से पानी की निकासी का स्थायी प्रबंध होगा और गलियां पक्की और स्ट्रीट लाइटों से यह कॉलोनी भी सुविधाओं से लैस होगी। उनका कहना है कि बजट आ गया है टेंडर हो गए हैं अब बस जल्द से जल्द काम शुरू करा दिया जाए और निगम अधिकारी ठेकेदारों पर दबाव रखें, ताकि समय पर कार्य पूरा हो जाए।