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अब सिक्कों के लिए नहीं भटकेंगे लोग
अमर उजाला, यमुनानगर
Updated Sat, 26 Oct 2013 12:23 AM IST
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सिक्कों के लिए दर-दर भटकने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर है। रिजर्व बैंक
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ऑफ इंडिया की गाइड लाइन के मुताबिक जल्द ही शहर में रुपयों के बदले सिक्के
निकालने की मशीन लगाई जाएगी। लीड बैंक मैनेजर वीके जुल्का का कहना है कि
मशीन लगाने के लिए जगह की तलाश की जा रही है। सही जगह मिलते ही योजना को
क्रियान्वित कर दिया जाएगा।
अकसर लोगोें को सिक्कों के लिए भटकते देखा जा सकता है। सिक्कों के अभाव में सबसे ज्यादा परेशानी करियाना दुकानदार, मेडिकल स्टोर संचालक, ऑटो व रिक्शा चालक ,फल व सब्जी विक्रेताओं को होती है। इसके अलावा सफर के दौरान खुले पैसों के अभाव में बस कंडक्टर सिक्कों की जगह टॉफियां थमा देते हैं। अब जल्द ही सिक्कों से जुड़ी समस्या का निदान होने जा रहा है।
सिक्कों की ब्लैक से मिलेगा छुटकारा
दुकानदारों व सब्जी विक्रेताओं का कहना है कि शहर में इन दिनों सिक्कों की ब्लैक जमकर हो रही है। इस कारण उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्हें बताया कि 100 रुपये के बदले में 90 रुपये के ही सिक्के मिलते हैं।
रोज की चिकचिक से मिलेगी निजात
ऑटो व रिक्शा चालकों का कहना है कि शहर में रुपयों के बदले सिक्के प्रदान करने की मशीन लगने के बाद उन्हेें आए दिन होने वाली चिकचिक से छुटकारा मिल जाएगा। अकसर सवारियां यात्रा के बाद बड़ा नोट थमा देती है। खुले पैसों के अभाव में या तो उनसे कम किराया लेना पड़ता है या फिर उनके साथ बहस करनी पड़ती है। इस कारण उन्हें परेशानियोें का सामना करना पड़ता है। अगर शहर में रुपयों के बदले सिक्के प्रदान करने की मशीन लगेगी, तो इसका सभी को फायदा मिलेगा।
सिक्के निकालने की तय की जाएगी लिमिट
लीड बैंक मैनेजर वीके जुल्का का कहना है कि रुपयों के बदले सिक्के निकालने की बाकायदा लिमिट तय की जाएगी। मशीन लगाने के बाद उसे चेस्ट के हवाले कर दिया जाएगा। इसके बाद चेस्ट द्वारा उसकी देखभाल की जाएगी। मशीन लगने के लिए लोगोें को रुपयों के सिक्के एक्सचेंज करने के लिए भटकना नहीं पडे़गा।
अकसर लोगोें को सिक्कों के लिए भटकते देखा जा सकता है। सिक्कों के अभाव में सबसे ज्यादा परेशानी करियाना दुकानदार, मेडिकल स्टोर संचालक, ऑटो व रिक्शा चालक ,फल व सब्जी विक्रेताओं को होती है। इसके अलावा सफर के दौरान खुले पैसों के अभाव में बस कंडक्टर सिक्कों की जगह टॉफियां थमा देते हैं। अब जल्द ही सिक्कों से जुड़ी समस्या का निदान होने जा रहा है।
सिक्कों की ब्लैक से मिलेगा छुटकारा
दुकानदारों व सब्जी विक्रेताओं का कहना है कि शहर में इन दिनों सिक्कों की ब्लैक जमकर हो रही है। इस कारण उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्हें बताया कि 100 रुपये के बदले में 90 रुपये के ही सिक्के मिलते हैं।
रोज की चिकचिक से मिलेगी निजात
ऑटो व रिक्शा चालकों का कहना है कि शहर में रुपयों के बदले सिक्के प्रदान करने की मशीन लगने के बाद उन्हेें आए दिन होने वाली चिकचिक से छुटकारा मिल जाएगा। अकसर सवारियां यात्रा के बाद बड़ा नोट थमा देती है। खुले पैसों के अभाव में या तो उनसे कम किराया लेना पड़ता है या फिर उनके साथ बहस करनी पड़ती है। इस कारण उन्हें परेशानियोें का सामना करना पड़ता है। अगर शहर में रुपयों के बदले सिक्के प्रदान करने की मशीन लगेगी, तो इसका सभी को फायदा मिलेगा।
सिक्के निकालने की तय की जाएगी लिमिट
लीड बैंक मैनेजर वीके जुल्का का कहना है कि रुपयों के बदले सिक्के निकालने की बाकायदा लिमिट तय की जाएगी। मशीन लगाने के बाद उसे चेस्ट के हवाले कर दिया जाएगा। इसके बाद चेस्ट द्वारा उसकी देखभाल की जाएगी। मशीन लगने के लिए लोगोें को रुपयों के सिक्के एक्सचेंज करने के लिए भटकना नहीं पडे़गा।