{"_id":"696549e8962db7bf3f04111f","slug":"one-thousand-farmers-will-attend-the-state-level-animal-fair-yamuna-nagar-news-c-246-1-sknl1018-149725-2026-01-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Yamuna Nagar News: राज्य स्तरीय पशु मेले में जाएंगे एक हजार किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Yamuna Nagar News: राज्य स्तरीय पशु मेले में जाएंगे एक हजार किसान
Tue, 13 Jan 2026 12:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Tue, 13 Jan 2026 12:52 AM IST
विज्ञापन
पशु बाड़े में बंधी भैंसें। आर्काइव
- फोटो : credit
संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कुरुक्षेत्र में 6, 7 और 8 फरवरी को आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय पशुमेले में जिले से करीब एक हजार किसान जाएंगे। किसानों को लाने-ले जाने के लिए लगभग 60 बसों की व्यवस्था की गई है। इस पूरी यात्रा का खर्च पशुपालन विभाग वहन करेगा।
मेले में जिले से अलग-अलग नस्लों के करीब 50 पशुओं को भी ले जाया जाएगा। इनमें दुधारू गाय, भैंस और अन्य उन्नत नस्लों के पशु शामिल होंगे। इन पशुओं के परिवहन से लेकर उनके ठहराव तक की पूरी जिम्मेदारी पशुपालन विभाग निभाएगा। पशुओं के लिए चारे-पानी की व्यवस्था भी विभाग द्वारा की जाएगी, ताकि मेले के दौरान पशुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इससे पशुपालकों को अपनी नस्लों को प्रदर्शित करने और अन्य किसानों से अनुभव साझा करने का मौका मिलेगा।
पशुपालन विभाग ने साफ किया है कि मेले की अवधि के दौरान किसानों से किसी भी तरह का खर्च नहीं लिया जाएगा। चाहे वह आने-जाने का किराया हो या मेले में ठहरने और भोजन से जुड़ी व्यवस्था, सभी सुविधाएं विभाग की ओर से निशुल्क प्रदान की जाएंगी। मेले के तीनों दिन किसानों को आधुनिक पशुपालन तकनीक, उन्नत नस्लों, टीकाकरण, पशु आहार और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे, जिससे किसानों की आमदनी बढ़ाने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन
पशुपालन विभाग के एसडीओ डॉ. सतबीर सिंह के अनुसार ऐसे मेलों से किसानों को न केवल नई जानकारी मिलती है, बल्कि वे अपनी नस्लों की गुणवत्ता भी सुधार कर सकते हैं। सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक किसान इस तरह के आयोजनों में भाग लें और पशुपालन को व्यवसाय के रूप में अपनाएं। पशु मेले में ले जाने की व्यवस्था पूरी हो चुकी है।
विज्ञापन
यमुनानगर। कुरुक्षेत्र में 6, 7 और 8 फरवरी को आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय पशुमेले में जिले से करीब एक हजार किसान जाएंगे। किसानों को लाने-ले जाने के लिए लगभग 60 बसों की व्यवस्था की गई है। इस पूरी यात्रा का खर्च पशुपालन विभाग वहन करेगा।
मेले में जिले से अलग-अलग नस्लों के करीब 50 पशुओं को भी ले जाया जाएगा। इनमें दुधारू गाय, भैंस और अन्य उन्नत नस्लों के पशु शामिल होंगे। इन पशुओं के परिवहन से लेकर उनके ठहराव तक की पूरी जिम्मेदारी पशुपालन विभाग निभाएगा। पशुओं के लिए चारे-पानी की व्यवस्था भी विभाग द्वारा की जाएगी, ताकि मेले के दौरान पशुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इससे पशुपालकों को अपनी नस्लों को प्रदर्शित करने और अन्य किसानों से अनुभव साझा करने का मौका मिलेगा।
विज्ञापन
पशुपालन विभाग ने साफ किया है कि मेले की अवधि के दौरान किसानों से किसी भी तरह का खर्च नहीं लिया जाएगा। चाहे वह आने-जाने का किराया हो या मेले में ठहरने और भोजन से जुड़ी व्यवस्था, सभी सुविधाएं विभाग की ओर से निशुल्क प्रदान की जाएंगी। मेले के तीनों दिन किसानों को आधुनिक पशुपालन तकनीक, उन्नत नस्लों, टीकाकरण, पशु आहार और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे, जिससे किसानों की आमदनी बढ़ाने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन
पशुपालन विभाग के एसडीओ डॉ. सतबीर सिंह के अनुसार ऐसे मेलों से किसानों को न केवल नई जानकारी मिलती है, बल्कि वे अपनी नस्लों की गुणवत्ता भी सुधार कर सकते हैं। सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक किसान इस तरह के आयोजनों में भाग लें और पशुपालन को व्यवसाय के रूप में अपनाएं। पशु मेले में ले जाने की व्यवस्था पूरी हो चुकी है।