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मेन पेज के लिए.. -हुडडा की ओसीमा कांबोज ने गेट के परीक्षा में देश भर में किया टॉप
Updated Sat, 17 Mar 2018 12:36 AM IST
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संशोधित
(दूसरे पारा में 2013 में आईआईटी की जगह जेईईई लिखा गया है)
यमुनानगर की ओसीमा गेट मेंअपने विषय में किया देशभर में टॉप
अमर उजाला ब्यूरो
जगाधरी। ऑल इंडिया लेबल पर आयोजित गेट की परीक्षा में प्रोडक्शन एंड इंडस्ट्रीज इंजीनियरिंग विषय में हुडा सेक्टर-18 की रहने वाली ओसीमा कांबोज ने देशभर में प्रथम स्थान हासिल किया है। जैसे ही ओसीमा के परिचितों को टॉप करने की खबर लगी तो घर पर बधाई देने वाले लोगों का तांता लग गया। अब ओसीमा देश के टॉप आईआईटी जैसे संस्थानों में एडमिशन ले सकेंगी।
देश भर के अच्छे इंजीनियरिंग कॉलेजों में एमटेक में दाखिला लेने के लिए गेट क्वालिफाई करना जरूरी होता है। गेट के रैंक के अनुसार ही एमटेक करने वाले विद्यार्थियों को दाखिला मिलता है। ऐसे में प्रथम स्थान हासिल कर इस होनहार बेटी ने जिले का नाम देश भर में रोशन करने का किया है। 2013 में जेईई में ऑल इंडिया स्तर पर 1253 रैंक लाने वाली ओसीमा ने आईआईटी दिल्ली से बीटेक की डिग्री ली है। सालाना 10 लाख रुपये का पैकेज छोड़कर उसने गेट एग्जाम की तैयारी शुरू की। रोजाना आठ से 10 घंटे तक पढ़ाई कर गेट की तैयारी की। उसे विश्वास था कि वह इस परीक्षा में टॉप 10 में आ जाएगी। लेकिन सर्वोच्च स्थान हासिल करेगी यह उसे पता नहीं था। ओसीमा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता को देते हुए कहा कि आज बेटियां किसी भी मामले में कम नहीं हैं। अगर उन पर थोड़ा विश्वास करके मौका दिया जाए तो वो भी अपना मुकाम हासिल कर सकती हैं।
पेपर मिल में डिप्टी मैनेजर है पापा
ओसीमा के पापा बिल्ट पेपर मिल में डिप्टी मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। ओसीमा ने बताया कि पापा ने पढ़ने के लिए हमेशा से ही सपोर्ट किया है। जब आईआईटी की तैयारी करने का विचार मन में आया तो पापा ने हौसला बढ़ाया। इसके कारण आईआईटी में भी अच्छे रैंक हासिल किया। स्वामी विवेकानंद पब्लिक स्कूल हुडा-17 से बारहवीं करने वाली ओसीमा रिसर्च के क्षेत्र में अपना कैरियर बनाना चाहती है। उसने कहा कि गणित विषय में उसकी गहरी रुचि है। इसीलिए वह गणित में रिसर्च कर देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन कर सके।
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एक हजार स्कोर प्राप्त कर हासिल की यह उपलब्धि
ऑल इंडिया स्तर पर 23 विषयों में आयोजित इस परीक्षा में देश भर के लाखों परीक्षार्थियों ने भाग लिया था। ओसीमा ने प्रोडक्शन एंड इंडस्ट्रीयल इंजीनियरिंग विषय में सर्वोच्च स्थान हासिल किया है। उसने अपने विषय में 1000 स्कोर हासिल किया है। इतना स्कोर लाने वाले को प्रथम रैंक दी जाती है।
एसोसिएट कंसलटेंट की नौकरी छोड़ की परीक्षा की तैयारी
ओसीमा का आईआईटी दिल्ली से बीटेक करने के दौरान ही ईवाई कंपनी में बतौर एसोसिएट कंसलटेंट पद के लिए सेलेक्शन कर लिया गया था। उसने अगस्त 2017 से नवंबर 2017 तक ईवाई कंपनी में नौकरी की। नौकरी के दौरान उसने महसूस किया कि रिसर्च में वह ज्यादा बेहतर कर सकती है। इसीलिए असीमा नौकरी छोड़कर गेट की तैयारी करने लगी।
फोटो-29,30
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(दूसरे पारा में 2013 में आईआईटी की जगह जेईईई लिखा गया है)
यमुनानगर की ओसीमा गेट मेंअपने विषय में किया देशभर में टॉप
अमर उजाला ब्यूरो
जगाधरी। ऑल इंडिया लेबल पर आयोजित गेट की परीक्षा में प्रोडक्शन एंड इंडस्ट्रीज इंजीनियरिंग विषय में हुडा सेक्टर-18 की रहने वाली ओसीमा कांबोज ने देशभर में प्रथम स्थान हासिल किया है। जैसे ही ओसीमा के परिचितों को टॉप करने की खबर लगी तो घर पर बधाई देने वाले लोगों का तांता लग गया। अब ओसीमा देश के टॉप आईआईटी जैसे संस्थानों में एडमिशन ले सकेंगी।
देश भर के अच्छे इंजीनियरिंग कॉलेजों में एमटेक में दाखिला लेने के लिए गेट क्वालिफाई करना जरूरी होता है। गेट के रैंक के अनुसार ही एमटेक करने वाले विद्यार्थियों को दाखिला मिलता है। ऐसे में प्रथम स्थान हासिल कर इस होनहार बेटी ने जिले का नाम देश भर में रोशन करने का किया है। 2013 में जेईई में ऑल इंडिया स्तर पर 1253 रैंक लाने वाली ओसीमा ने आईआईटी दिल्ली से बीटेक की डिग्री ली है। सालाना 10 लाख रुपये का पैकेज छोड़कर उसने गेट एग्जाम की तैयारी शुरू की। रोजाना आठ से 10 घंटे तक पढ़ाई कर गेट की तैयारी की। उसे विश्वास था कि वह इस परीक्षा में टॉप 10 में आ जाएगी। लेकिन सर्वोच्च स्थान हासिल करेगी यह उसे पता नहीं था। ओसीमा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता को देते हुए कहा कि आज बेटियां किसी भी मामले में कम नहीं हैं। अगर उन पर थोड़ा विश्वास करके मौका दिया जाए तो वो भी अपना मुकाम हासिल कर सकती हैं।
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पेपर मिल में डिप्टी मैनेजर है पापा
ओसीमा के पापा बिल्ट पेपर मिल में डिप्टी मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। ओसीमा ने बताया कि पापा ने पढ़ने के लिए हमेशा से ही सपोर्ट किया है। जब आईआईटी की तैयारी करने का विचार मन में आया तो पापा ने हौसला बढ़ाया। इसके कारण आईआईटी में भी अच्छे रैंक हासिल किया। स्वामी विवेकानंद पब्लिक स्कूल हुडा-17 से बारहवीं करने वाली ओसीमा रिसर्च के क्षेत्र में अपना कैरियर बनाना चाहती है। उसने कहा कि गणित विषय में उसकी गहरी रुचि है। इसीलिए वह गणित में रिसर्च कर देश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन कर सके।
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एक हजार स्कोर प्राप्त कर हासिल की यह उपलब्धि
ऑल इंडिया स्तर पर 23 विषयों में आयोजित इस परीक्षा में देश भर के लाखों परीक्षार्थियों ने भाग लिया था। ओसीमा ने प्रोडक्शन एंड इंडस्ट्रीयल इंजीनियरिंग विषय में सर्वोच्च स्थान हासिल किया है। उसने अपने विषय में 1000 स्कोर हासिल किया है। इतना स्कोर लाने वाले को प्रथम रैंक दी जाती है।
एसोसिएट कंसलटेंट की नौकरी छोड़ की परीक्षा की तैयारी
ओसीमा का आईआईटी दिल्ली से बीटेक करने के दौरान ही ईवाई कंपनी में बतौर एसोसिएट कंसलटेंट पद के लिए सेलेक्शन कर लिया गया था। उसने अगस्त 2017 से नवंबर 2017 तक ईवाई कंपनी में नौकरी की। नौकरी के दौरान उसने महसूस किया कि रिसर्च में वह ज्यादा बेहतर कर सकती है। इसीलिए असीमा नौकरी छोड़कर गेट की तैयारी करने लगी।
फोटो-29,30