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Sonipat News: प्राथमिक शिक्षा के स्तर में सुधार पर कार्यशाला शुरू

Wed, 07 Jan 2026 01:49 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत Updated Wed, 07 Jan 2026 01:49 AM IST
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Workshop begins on improving primary education standards.
फोटो :38: सोनीपत में प्रशिक्षण कार्यशाला में भाग लेते शिक्षक। संवाद
सोनीपत। जिले में प्राथमिक शिक्षा के स्तर को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान (एफएलएन) कार्यक्रम के तहत प्राथमिक शिक्षकों के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ किया है। शीतकालीन अवकाश के दौरान आयोजित इस कार्यशाला में जिले के सभी सात खंडों के राजकीय विद्यालयों के शिक्षक भाग ले रहे हैं।
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जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी रचना बाना, खंड शिक्षा अधिकारी सूरजभान तथा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) की प्राचार्य मंजू गर्ग ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, गढ़ी ब्राह्मण में संचालित कार्यशाला का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और प्रशिक्षण की गुणवत्ता को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
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एफएलएन के जिला संयोजक मनोज वर्मा ने बताया कि कार्यशाला विभिन्न खंडों में एक साथ कई समूहों में आयोजित की जा रही है। गन्नौर स्थित राजकीय विद्यालय में तीन समूहों, राजकीय कन्या विद्यालय गोहाना में दो समूहों, कथूरा के राजकीय माध्यमिक विद्यालय व गुढ़ा में एक समूह, खरखौदा के बीआरसी कार्यालय में दो समूह को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
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वहीं मुंडलाना के राजकीय विद्यालय खंडराई में दो समूह, राई खंड के राजकीय मॉडल संस्कृति विद्यालय बीसवां मील में चार समूह तथा खंड सोनीपत के राजकीय विद्यालय गढ़ी ब्राह्मणान में चार समूहों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इन सभी केंद्रों पर एक साथ 700 से अधिक प्राथमिक शिक्षक प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी रचना बाना ने बताया कि निदेशालय के निर्देशानुसार जिले के सभी प्राथमिक अध्यापकों के लिए यह दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य उन विद्यार्थियों के लिए विशेष शिक्षण रणनीतियां तैयार करना है, जो अध्ययन में पिछड़ रहे हैं ताकि उन्हें अन्य विद्यार्थियों के समकक्ष लाया जा सके और उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों में सुधार हो।

उन्होंने कहा कि कार्यशाला के माध्यम से शिक्षकों को आधुनिक शिक्षण पद्धतियों, बच्चों की सीखने की गति के अनुसार पढ़ाने की तकनीकों और कक्षा में सहभागिता बढ़ाने के उपायों की विस्तृत जानकारी दी जा रही है।
प्रशिक्षण सत्रों में डायट के वरिष्ठ प्राध्यापक अनिल मलिक, प्रवक्ता विनीता तथा जैस्मीन कौर द्वारा शिक्षकों का मार्गदर्शन किया जा रहा है।
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