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शिक्षक दिवस :आठ शिक्षक आज राज्य शिक्षक पुरस्कार से होंगे सम्मानित
Fri, 04 Sep 2026 10:01 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Fri, 04 Sep 2026 10:01 PM IST
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जयपाल लाठर।
संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। जिले के आठ शिक्षकों को 5 सितंबर को राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान शिक्षक दिवस पर हरियाणा राजभवन में आयोजित समारोह में मिलेगा। हरियाणा के राज्यपाल, मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री समारोह में मौजूद रहेंगे। इन शिक्षकों ने पढ़ाई के साथ तकनीक, पर्यावरण, स्काउट, रेडक्रॉस, संस्कृति, सामाजिक सेवा और खेलों में विद्यार्थियों को नई दिशा दी है।
प्रत्येक सम्मानित शिक्षक को एक लाख रुपये, रजत पदक और एक प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा। उन्हें पूरी आगामी सेवा अवधि के लिए महंगाई भत्ते के साथ दो अग्रिम वेतनवृद्धि का लाभ भी मिलेगा। गांव जौली के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की मीनू गोयल को वर्ष 2024 के पुरस्कार के लिए चुना गया है। वह वर्ष 2016 से विद्यार्थियों को नई तकनीक और बदलते दौर की जानकारी से जोड़ने में प्रयासरत रही हैं। सेहरी के राजकीय माध्यमिक स्कूल की बबली देवी ने विद्यार्थियों के बेहतर परीक्षा परिणाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके मार्गदर्शन में एक दिव्यांग विद्यार्थी ने राज्य स्तरीय ओलंपियाड में पदक जीता। बबली देवी के कई विद्यार्थी अभियंता, पुलिस और सेना में सेवाएं दे रहे हैं।
सेवानिवृत्त संस्कृत शिक्षिका
शांति देवी को पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने विद्यार्थियों को हिंदुस्तान स्काउट, रेडक्रॉस तथा खेल गतिविधियों से भी जोड़ा। शांति देवी ने वर्ष 1991 से शिक्षण कार्य शुरू किया था और अक्तूबर 2025 में सेवानिवृत्त हुईं। खंदराई के राजकीय प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक जयपाल लाठर ने करीब 250 विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़ा। उन्होंने उन्हें स्काउट प्रशिक्षण और पर्यावरण संरक्षण से भी अवगत कराया। जयपाल वर्ष 2004 से शिक्षण कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों को राज्य स्तर पर पहचान मिली है।
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वर्ष 2025 के लिए नाहरी के राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के संस्कृत प्रवक्ता प्रवीन कुमार का चयन हुआ है। प्रवीन वर्ष 2004 से शिक्षण कार्य कर रहे हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक परिणाम के साथ सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ा। विभिन्न दिवसों और गीता जयंती जैसे आयोजनों में विद्यार्थियों की भागीदारी बढ़ाने में उनकी अहम भूमिका रही। खेड़ी दहिया के राजकीय माध्यमिक स्कूल की यशवंती ने विद्यालय में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाई। उन्होंने विद्यालय की सूरत बदलने में भी योगदान दिया। मुख्यमंत्री सुंदरीकरण योजना में विद्यालय को खंड स्तर पर प्रथम स्थान दिलाने में उनकी भूमिका रही।
सिकंदरपुर माजरा के स्वतंत्रता सेनानी बाबू मूलचंद जैन राजकीय उच्च विद्यालय के अंग्रेजी शिक्षक कृष्ण सिवाच ने सामाजिक सरोकारों को प्राथमिकता दी। उन्होंने सैकड़ों विद्यालय से बाहर बच्चों को दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा। कृष्ण सिवाच ने विद्यार्थियों को बेहतर परिणाम के लिए प्रेरित किया। बारोटा के पीएमश्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के शारीरिक शिक्षा शिक्षक जगबीर सिंह मलिक ने विद्यार्थियों को खेलों की दुनिया में पहचान दिलाई। उनके मार्गदर्शन में विद्यार्थी बैडमिंटन, कुश्ती और कबड्डी सहित विभिन्न खेलों में राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचे। जगबीर मलिक वर्ष 1998 से शिक्षा विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। उनका चयन खेल क्षेत्र में योगदान के लिए किया गया है।
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सोनीपत। जिले के आठ शिक्षकों को 5 सितंबर को राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान शिक्षक दिवस पर हरियाणा राजभवन में आयोजित समारोह में मिलेगा। हरियाणा के राज्यपाल, मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री समारोह में मौजूद रहेंगे। इन शिक्षकों ने पढ़ाई के साथ तकनीक, पर्यावरण, स्काउट, रेडक्रॉस, संस्कृति, सामाजिक सेवा और खेलों में विद्यार्थियों को नई दिशा दी है।
प्रत्येक सम्मानित शिक्षक को एक लाख रुपये, रजत पदक और एक प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा। उन्हें पूरी आगामी सेवा अवधि के लिए महंगाई भत्ते के साथ दो अग्रिम वेतनवृद्धि का लाभ भी मिलेगा। गांव जौली के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की मीनू गोयल को वर्ष 2024 के पुरस्कार के लिए चुना गया है। वह वर्ष 2016 से विद्यार्थियों को नई तकनीक और बदलते दौर की जानकारी से जोड़ने में प्रयासरत रही हैं। सेहरी के राजकीय माध्यमिक स्कूल की बबली देवी ने विद्यार्थियों के बेहतर परीक्षा परिणाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके मार्गदर्शन में एक दिव्यांग विद्यार्थी ने राज्य स्तरीय ओलंपियाड में पदक जीता। बबली देवी के कई विद्यार्थी अभियंता, पुलिस और सेना में सेवाएं दे रहे हैं।
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सेवानिवृत्त संस्कृत शिक्षिका
शांति देवी को पर्यावरण संरक्षण की भावना विकसित करने के लिए सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने विद्यार्थियों को हिंदुस्तान स्काउट, रेडक्रॉस तथा खेल गतिविधियों से भी जोड़ा। शांति देवी ने वर्ष 1991 से शिक्षण कार्य शुरू किया था और अक्तूबर 2025 में सेवानिवृत्त हुईं। खंदराई के राजकीय प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक जयपाल लाठर ने करीब 250 विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़ा। उन्होंने उन्हें स्काउट प्रशिक्षण और पर्यावरण संरक्षण से भी अवगत कराया। जयपाल वर्ष 2004 से शिक्षण कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों को राज्य स्तर पर पहचान मिली है।
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वर्ष 2025 के लिए नाहरी के राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के संस्कृत प्रवक्ता प्रवीन कुमार का चयन हुआ है। प्रवीन वर्ष 2004 से शिक्षण कार्य कर रहे हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक परिणाम के साथ सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ा। विभिन्न दिवसों और गीता जयंती जैसे आयोजनों में विद्यार्थियों की भागीदारी बढ़ाने में उनकी अहम भूमिका रही। खेड़ी दहिया के राजकीय माध्यमिक स्कूल की यशवंती ने विद्यालय में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाई। उन्होंने विद्यालय की सूरत बदलने में भी योगदान दिया। मुख्यमंत्री सुंदरीकरण योजना में विद्यालय को खंड स्तर पर प्रथम स्थान दिलाने में उनकी भूमिका रही।
सिकंदरपुर माजरा के स्वतंत्रता सेनानी बाबू मूलचंद जैन राजकीय उच्च विद्यालय के अंग्रेजी शिक्षक कृष्ण सिवाच ने सामाजिक सरोकारों को प्राथमिकता दी। उन्होंने सैकड़ों विद्यालय से बाहर बच्चों को दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा। कृष्ण सिवाच ने विद्यार्थियों को बेहतर परिणाम के लिए प्रेरित किया। बारोटा के पीएमश्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के शारीरिक शिक्षा शिक्षक जगबीर सिंह मलिक ने विद्यार्थियों को खेलों की दुनिया में पहचान दिलाई। उनके मार्गदर्शन में विद्यार्थी बैडमिंटन, कुश्ती और कबड्डी सहित विभिन्न खेलों में राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचे। जगबीर मलिक वर्ष 1998 से शिक्षा विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। उनका चयन खेल क्षेत्र में योगदान के लिए किया गया है।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।

जयपाल लाठर।