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ड्रेन की सफाई के नाम पर खानापूर्ति से धनानावासी भड़के
ब्यूरो/अमर उजाला, सोनीपत
Updated Wed, 22 Jun 2016 12:26 AM IST
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्रेन की अच्छे से सफाई न करने पर रोष व्यक्त करते हुए ग्रामीण
- फोटो : bureau
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गांव धनाना में ड्रेन की ठीक तरह से सफाई नहीं करने पर ग्रामीणों का क्रोध भड़क उठा। ग्रामीणों ने ड्रेन विभाग के अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया और सफाई के काम को बीच में ही रुकवा दिया। ग्रामीण बोले कि जिस मशीन से सफाई की जा रही है, वह छोटी है। ग्रामीणों ने बड़ी मशीन से अच्छे से ड्रेन की सफाई कराने की मांग की।
ग्रामीण प्रेम सिंह, सतीश, राजवीर सिंह, भीम सिंह, सुभाष, धीरा, राममेहर, धर्मपाल और ओमप्रकाश राठी ने बताया कि गांव धनाना में काहनौर ब्रांच के साथ एक ड्रेन गुजरती है। इस ड्रेन को गांव धनाना के खेतों से गुजारते हुए आगे पड़ोसी गांव कथूरा के सीमावर्ती क्षेत्र से गुजर रही मुख्य ड्रेन में गिराया गया है। सोमवार को ड्रेन विभाग द्वारा काहनौर ब्रांच के साथ ड्रेन पर छपरा वाले पुल के साथ ड्रेन की मशीन से सफाई शुरू कराई गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि मशीन से ड्रेन की अच्छे से सफाई नहीं की जा रही है। सफाई के नाम पर केवल खानापूर्ति करते हुए केवल किनारों के साथ कहीं-कहीं से घास को उखाड़ा जा रहा है। जिस मशीन से सफाई की जा रही है यह बहुत छोटी मशीन है। इस मशीन का बूम ड्रेन के मध्य तक नहीं पहुंच पा रहा है। ऐसे में ड्रेन के मध्य में उगी हुई खरपतवार की सफाई नहीं हो पा रही है।
हर साल खुद करनी पड़ती है सफाई
रामकंवार, साधुराम, मोनू, रमेश और चांद ने बताया कि विभाग द्वारा हर वर्ष ड्रेन की सफाई के नाम पर खानापूर्ति की जाती है। ग्रामीणों को हर वर्ष बारिश के दिनों में खुद ही ड्रेन की सफाई करनी पड़ती है। इस ड्रेन से करीब 20-25 किलोमीटर दूर जींद जिले के गांव भंभेवा तक के बारिश के पानी की निकासी होती है। सफाई के अभाव में ड्रेन अवरुद्ध रहती है और बारिश के पानी से गांव धनाना की सैकड़ों एकड़ धान की फसल तबाह हो जाती है।
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मिट्टी के नीचे दबा दिए हरे-भरे पौधे
ग्रामीणों ने बताया कि ड्रेन के किनारे सरकार द्वारा विभिन्न किस्मों के पौधे रोपे गए हैं। मशीन से ड्रेन की सफाई करते समय इन पौधों का ध्यान नहीं रखा जा रहा है और अनेक पौधे मिट्टी तथा घास-फूंस के नीचे दबा देने से नष्ट कर दिए गए।
क्या बोले अधिकारी
सिंचाई और ड्रेन विभाग के एक्सईएन नवतेज सिंह ने बताया कि ड्रेन की बिल्कुल अच्छे से सफाई कराई जाएगी। सफाई कराना ठेकेदार का काम है। वह चाहे मशीन से सफाई कराए या फिर कस्सी से कराए, यह उसका काम है। विभाग को तो ड्रेन की सफाई चाहिए। जांच के लिए विभाग के एसडीओ को मौके पर भेज दिया गया है। सफाई में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी मिलने पर दोबारा से अच्छे तरीके से सफाई करवा दी जाएगी।
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ग्रामीण प्रेम सिंह, सतीश, राजवीर सिंह, भीम सिंह, सुभाष, धीरा, राममेहर, धर्मपाल और ओमप्रकाश राठी ने बताया कि गांव धनाना में काहनौर ब्रांच के साथ एक ड्रेन गुजरती है। इस ड्रेन को गांव धनाना के खेतों से गुजारते हुए आगे पड़ोसी गांव कथूरा के सीमावर्ती क्षेत्र से गुजर रही मुख्य ड्रेन में गिराया गया है। सोमवार को ड्रेन विभाग द्वारा काहनौर ब्रांच के साथ ड्रेन पर छपरा वाले पुल के साथ ड्रेन की मशीन से सफाई शुरू कराई गई थी। ग्रामीणों का आरोप है कि मशीन से ड्रेन की अच्छे से सफाई नहीं की जा रही है। सफाई के नाम पर केवल खानापूर्ति करते हुए केवल किनारों के साथ कहीं-कहीं से घास को उखाड़ा जा रहा है। जिस मशीन से सफाई की जा रही है यह बहुत छोटी मशीन है। इस मशीन का बूम ड्रेन के मध्य तक नहीं पहुंच पा रहा है। ऐसे में ड्रेन के मध्य में उगी हुई खरपतवार की सफाई नहीं हो पा रही है।
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हर साल खुद करनी पड़ती है सफाई
रामकंवार, साधुराम, मोनू, रमेश और चांद ने बताया कि विभाग द्वारा हर वर्ष ड्रेन की सफाई के नाम पर खानापूर्ति की जाती है। ग्रामीणों को हर वर्ष बारिश के दिनों में खुद ही ड्रेन की सफाई करनी पड़ती है। इस ड्रेन से करीब 20-25 किलोमीटर दूर जींद जिले के गांव भंभेवा तक के बारिश के पानी की निकासी होती है। सफाई के अभाव में ड्रेन अवरुद्ध रहती है और बारिश के पानी से गांव धनाना की सैकड़ों एकड़ धान की फसल तबाह हो जाती है।
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मिट्टी के नीचे दबा दिए हरे-भरे पौधे
ग्रामीणों ने बताया कि ड्रेन के किनारे सरकार द्वारा विभिन्न किस्मों के पौधे रोपे गए हैं। मशीन से ड्रेन की सफाई करते समय इन पौधों का ध्यान नहीं रखा जा रहा है और अनेक पौधे मिट्टी तथा घास-फूंस के नीचे दबा देने से नष्ट कर दिए गए।
क्या बोले अधिकारी
सिंचाई और ड्रेन विभाग के एक्सईएन नवतेज सिंह ने बताया कि ड्रेन की बिल्कुल अच्छे से सफाई कराई जाएगी। सफाई कराना ठेकेदार का काम है। वह चाहे मशीन से सफाई कराए या फिर कस्सी से कराए, यह उसका काम है। विभाग को तो ड्रेन की सफाई चाहिए। जांच के लिए विभाग के एसडीओ को मौके पर भेज दिया गया है। सफाई में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी मिलने पर दोबारा से अच्छे तरीके से सफाई करवा दी जाएगी।