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राहत : बीसवां मील-बहादुरगढ़ हाईवे पर बने गड्ढे भरे, 45 लाख रुपये में 200 मीटर सिमेंटिड सड़क का निर्माण शुरू
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बीसवां मील-बहादुरगढ़ हाईवे पर जमीन समतल करती जेसीबी। संवाद
- फोटो : Sonipat
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बीसवां मील से बहादुरगढ़ जाने वाले स्टेट हाईवे पर यात्रा करने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर है। गृह मंत्री के आदेश के बाद इस हाईवे पर गड्ढे भरने का काम शुरू होने के साथ ही 200 मीटर सीमेंटेड सड़क का निर्माण किया जा रहा है। इस पर पीडब्ल्यूडी 45 लाख रुपये खर्च कर रहा है। इससे पहले 700 मीटर सीमेंटेड सड़क का निर्माण पहले ही किया जा चुका है। अब लोगों को आवागमन में सहूलियत हो सकेगी।
बहादुरगढ़ स्टेट हाईवे पर लंबे समय से स्थिति बदतर हो चुकी थी। बढ़मलिक के पास पानी निकासी के अभाव में गहरे गड्ढे बन गए थे। कुंडली बॉर्डर बंद होने से संपर्क मार्ग के रूप में हर रोज यहां से हजारों वाहन आवागमन करते थे। टोल प्लाजा होने के बावजूद इस मार्ग पर स्थिति विकट ही थी। अब गृह मंत्री अनिल विज की तरफ से दिल्ली आवागमन के लिए प्रयोग हो रहे संपर्क मार्गों को तुरंत ठीक करने के आदेश दिए गए तो हरकत में आए पीडब्ल्यूडी अधिकारियों ने अटेरना-भैरा-बांकीपुर-दहिसरा मार्ग पर पैचवर्क करने के बाद अब बहादुगरढ़ हाईवे की भी सुध ली है। यहां से पानी निकासी कराकर गड्ढे भरने के बाद पैचवर्क कराया है, जिससे लोगों को राहत मिली है।
पानी भरने के बाद जल्द टूट जाती थी तारकोल से बनी सड़क
हाईवे पर पानी निकासी का ठोस प्रबंध नहीं होने से यहां पर पानी भरने के बाद तारकोल की सड़क जल्द टूट जाती थी। ऐसे में अब पीडब्ल्यूडी की तरफ से इस मार्ग पर 200 मीटर सीमेंटेड सड़क का निर्माण कराया जा रहा है। इसका काम शुरू कर दिया गया है। इस पर पीडब्ल्यूडी की तरफ से 45 लाख रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इससे पहले 700 मीटर रोड को सीमेंटेड बनाया जा चुका है।
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14 गांवों और रेजिडेंशियल कॉलोनी के लोगों को भी होगा फायदा
बहादुरगढ़ स्टेट हाईवे पर हजारों वाहन चालकों के साथ ही दर्जनभर गांव हैं, जिनमें बीसवां मील, बढ़मलिक, जठेड़ी, छतेहरा, नाहरा, नाहरी, गढ़ी बिंदारौली, हलालपुर समेत ट्यूलिप, मैक्स सिटी, ओपी जिंदल सिटी और ओपी जिंदल विवि भी हैं। इस मार्ग के दुरुस्त होने से सभी को फायदा मिलेगा।
..........
बहादुरगढ़ हाईवे बुरी तरह से टूटा हुआ था। अब इस पर पानी निकासी कराने के साथ ही पैचवर्क कराया जा रहा है। साथ ही जहां पर पानी भर जाता था, वहां पर सीमेंटेड रोड का निर्माण किया जा रहा है, जिससे आवागमन करने वाले लोगों को काफी राहत मिल सकेगी।
- बिल्लू, ट्यूलिप सिटी बारोटा
..........
मैं सामाजिक संस्था से जुड़ा हूं, जिसके चलते आसपास के क्षेत्र में आवागमन लगा रहता है। 10 माह से कुंडली बॉर्डर पर किसान आंदोलन के चलते हाईवे बंद है। ऐसे में संपर्क मार्गों से वाहनों का आवागमन होता था। इसी कारण ये मार्ग टूटकर बिखर गए थे। अब इन मार्गों पर पैचवर्क के साथ ही कुछ स्थानों पर निर्माण शुरू हुआ है, जिससे अब यात्रा सुगम हो सकेगी।
- सोनू आर्य, सामाजिक कार्यकर्ता, गांव सेवली
वर्जन
किसान आंदोलन के कारण संपर्क मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ गया था, जिसके चलते मार्ग टूट गए थे। अब उन पर पैचवर्क कराया जा रहा है। साथ ही बहादुरगढ़ हाईवे पर 200 मीटर तक सीमेंटेड रोड का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे लोगों को परेशानी से बचाया जा सके।
- प्रवीन छिक्कारा, एसडीओ पीडब्ल्यूडी, सोनीपत
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बहादुरगढ़ स्टेट हाईवे पर लंबे समय से स्थिति बदतर हो चुकी थी। बढ़मलिक के पास पानी निकासी के अभाव में गहरे गड्ढे बन गए थे। कुंडली बॉर्डर बंद होने से संपर्क मार्ग के रूप में हर रोज यहां से हजारों वाहन आवागमन करते थे। टोल प्लाजा होने के बावजूद इस मार्ग पर स्थिति विकट ही थी। अब गृह मंत्री अनिल विज की तरफ से दिल्ली आवागमन के लिए प्रयोग हो रहे संपर्क मार्गों को तुरंत ठीक करने के आदेश दिए गए तो हरकत में आए पीडब्ल्यूडी अधिकारियों ने अटेरना-भैरा-बांकीपुर-दहिसरा मार्ग पर पैचवर्क करने के बाद अब बहादुगरढ़ हाईवे की भी सुध ली है। यहां से पानी निकासी कराकर गड्ढे भरने के बाद पैचवर्क कराया है, जिससे लोगों को राहत मिली है।
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पानी भरने के बाद जल्द टूट जाती थी तारकोल से बनी सड़क
हाईवे पर पानी निकासी का ठोस प्रबंध नहीं होने से यहां पर पानी भरने के बाद तारकोल की सड़क जल्द टूट जाती थी। ऐसे में अब पीडब्ल्यूडी की तरफ से इस मार्ग पर 200 मीटर सीमेंटेड सड़क का निर्माण कराया जा रहा है। इसका काम शुरू कर दिया गया है। इस पर पीडब्ल्यूडी की तरफ से 45 लाख रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इससे पहले 700 मीटर रोड को सीमेंटेड बनाया जा चुका है।
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14 गांवों और रेजिडेंशियल कॉलोनी के लोगों को भी होगा फायदा
बहादुरगढ़ स्टेट हाईवे पर हजारों वाहन चालकों के साथ ही दर्जनभर गांव हैं, जिनमें बीसवां मील, बढ़मलिक, जठेड़ी, छतेहरा, नाहरा, नाहरी, गढ़ी बिंदारौली, हलालपुर समेत ट्यूलिप, मैक्स सिटी, ओपी जिंदल सिटी और ओपी जिंदल विवि भी हैं। इस मार्ग के दुरुस्त होने से सभी को फायदा मिलेगा।
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बहादुरगढ़ हाईवे बुरी तरह से टूटा हुआ था। अब इस पर पानी निकासी कराने के साथ ही पैचवर्क कराया जा रहा है। साथ ही जहां पर पानी भर जाता था, वहां पर सीमेंटेड रोड का निर्माण किया जा रहा है, जिससे आवागमन करने वाले लोगों को काफी राहत मिल सकेगी।
- बिल्लू, ट्यूलिप सिटी बारोटा
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मैं सामाजिक संस्था से जुड़ा हूं, जिसके चलते आसपास के क्षेत्र में आवागमन लगा रहता है। 10 माह से कुंडली बॉर्डर पर किसान आंदोलन के चलते हाईवे बंद है। ऐसे में संपर्क मार्गों से वाहनों का आवागमन होता था। इसी कारण ये मार्ग टूटकर बिखर गए थे। अब इन मार्गों पर पैचवर्क के साथ ही कुछ स्थानों पर निर्माण शुरू हुआ है, जिससे अब यात्रा सुगम हो सकेगी।
- सोनू आर्य, सामाजिक कार्यकर्ता, गांव सेवली
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किसान आंदोलन के कारण संपर्क मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ गया था, जिसके चलते मार्ग टूट गए थे। अब उन पर पैचवर्क कराया जा रहा है। साथ ही बहादुरगढ़ हाईवे पर 200 मीटर तक सीमेंटेड रोड का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे लोगों को परेशानी से बचाया जा सके।
- प्रवीन छिक्कारा, एसडीओ पीडब्ल्यूडी, सोनीपत

बीसवां मील-बहादुरगढ़ हाईवे पर बन रही सिमेंटिड सड़क। संवाद- फोटो : Sonipat