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हमारे हुनरमंद : अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी छाप छोड़ने को बेताब हैं सोहित
Wed, 26 Jun 2024 09:32 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 26 Jun 2024 09:32 PM IST
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सोहित हुड्डा
सोनीपत। सेक्टर 23 निवासी सोहित हुड्डा 11 वर्ष से बैडमिंटन के गुर सीख रहे है। वह ककरोई रोड स्थित मलिक बैडमिंटन अकादमी में प्रतिदिन कड़ा अभ्यास करते है। सोहित हुड्डा अपनी प्रतिभा से राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश व जिले का नाम चमकाया है।
शटलर सोहित हुड्डा ने बताया कि उनके पिता जसबीर हुड्डा किसान है, वह उन्हें 14 वर्ष की आयु में उन्हें मलिक बैडमिंटन अकादमी में लेकर गए थे। जहां बैडमिंटन के गुर सीखने शुरू किए व आज मेहनत व राष्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन के बलबूते वह भारतीय रेलवे में कार्यरत हैं। उनका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नेतृत्व करके पदक जीतना है। सोहित हुड्डा के पसंदीदा शटलर मलेशिया के ली चोंग है। प्रशिक्षक हरेंद्र मलिक ने बताया कि सोहित हुड्डा को खेल कोटा में भारतीय रेलवे में नौकरी मिली है। वह अब भी निरंतर अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए कड़ा अभ्यास कर रहा है।
यह हैं उपलब्धियां
सोहित हुड्डा ने वर्ष 2017 व 2022 में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था। साल 2017 में ही अखिल भारतीय विश्वविद्यालय खेलो में कांस्य पदक जीता था। वह अब जुलाई माह में होने वाली इंटर रेलवे बैडमिंटन प्रतियोगिता के लिए तैयारी कर रहे है। सोहित हुड्डा अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने नाम बनाने को बेकरार हैं।
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शटलर सोहित हुड्डा ने बताया कि उनके पिता जसबीर हुड्डा किसान है, वह उन्हें 14 वर्ष की आयु में उन्हें मलिक बैडमिंटन अकादमी में लेकर गए थे। जहां बैडमिंटन के गुर सीखने शुरू किए व आज मेहनत व राष्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन के बलबूते वह भारतीय रेलवे में कार्यरत हैं। उनका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नेतृत्व करके पदक जीतना है। सोहित हुड्डा के पसंदीदा शटलर मलेशिया के ली चोंग है। प्रशिक्षक हरेंद्र मलिक ने बताया कि सोहित हुड्डा को खेल कोटा में भारतीय रेलवे में नौकरी मिली है। वह अब भी निरंतर अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए कड़ा अभ्यास कर रहा है।
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यह हैं उपलब्धियां
सोहित हुड्डा ने वर्ष 2017 व 2022 में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था। साल 2017 में ही अखिल भारतीय विश्वविद्यालय खेलो में कांस्य पदक जीता था। वह अब जुलाई माह में होने वाली इंटर रेलवे बैडमिंटन प्रतियोगिता के लिए तैयारी कर रहे है। सोहित हुड्डा अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने नाम बनाने को बेकरार हैं।
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