फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sonipat News ›   God listened to my plea, son will now win in olympics

भगवान ने मेरी फरियाद सुन ली, बेटा अब ओलंपिक में जीतेगा

Sat, 06 Aug 2022 02:09 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 06 Aug 2022 02:09 AM IST
विज्ञापन
God listened to my plea, son will now win in olympics
सोनीपत। गांव लाठ के सुधीर ने इंग्लैंड के बर्मिंघम में आयोजित राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण जीतकर इतिहास रच दिया है। राष्ट्रमंडल खेलों में पैरा पावर लिफ्टिंग देश के लिए सोना जीतने वाले सुधीर पहले पैरा पावर लिफ्टर बन गए हैं। इससे पहले 2014 में पावर लिफ्टर सकिना खातून ने कांस्य पदक जीता था। सुधीर की उपलब्धि पर उनकी मां के आंसू छलक गए। उन्होंने कहा कि बेटे की मेहनत का फल मिल गया है। भगवान ने उनकी फरियाद सुन ली है। अब बेटा ओलंपिक में भी जरूर जीतेगा।
विज्ञापन

गांव लाठ में मिठाई बांटकर खुशी मना रही सुधीर की मां सुमित्रा ने कहा कि आज बेटे ने दूध का कर्ज चुका दिया है। मुझे बेटे की उपलब्धि पर नाज है। देश का नाम रोशन कर दिया है। भगवान ने उसका साथ दिया। सुमित्रा ने कहा कि लाडले के लौटने पर उसे खीर और हलवा खिलाऊंगी। हालांकि बेटे को दूध ही सबसे पसंद है। उसे अपने हाथों से दूध पिलाऊंगी। उन्होंने बताया कि प्राथमिक शिक्षा गांव कटवाल के सरस्वती स्कूल से हुई थी।
विज्ञापन

सुधीर के भाई जसवंत कहते हैं कि उन्हें बड़े भाई पर गर्व है। बचपन में ही दिव्यांग होने के बाद भी उन्होंने कभी हौसला कम नहीं होने दिया। वह सदैव आगे बढ़ने की सोचते थे। इसी सोच के बलबूते अब इंग्लैंड में राष्ट्रगान बजवाने में कामयाब रहे। उन्होंने बेहतरीन प्रदर्शन किया। करोड़ों देशवासियों का विश्वास और आशीर्वाद उनके साथ था। वह घर से जाने से पहले कह कर गए थे कि सोने का मेडल जीत कर लाऊंगा और आज बड़े भाई सुधीर ने गोल्ड मेडल जीत लिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इंसेट
शब्द नहीं बेटे की उपलब्धि बयां करने के लिए
सुधीर के चाचा सूरजभान ने कहा कि घर में बहुत खुशी का माहौल है। बेटे की उपलब्धि को बयां करने के लिए शब्द नहीं हैं। हमारा सीना गर्व से चौड़ा कर दिया है। सुधीर ने दिव्यांग होने के बावजूद कभी हार नहीं मानी। अबकी बार राष्ट्रमंडल खेलों में देश के लिए गोल्ड मेडल जीतना सपना साकार करने जैसा है।

इंसेट
पांच लीटर दूध पीकर, चने व बादाम खा बनाई देशी ताकत
सुधीर ने रोजाना पांच लीटर दूध पीकर, बादाम व चने खाकर अपना शरीर देशी तरीके से बनाया है। सुधीर ने सदैव स्टेरॉयड से दूरी बनाए रखी। उसने देशी ताकत भरी है। जिसका नजारा पेश कर वह जीत दर्ज कर रहा है। वह दूसरों को भी सदैव स्टेरॉयड दूर रहने और नेचुरल खानपान के लिए प्रेरित करते हैं।
इंसेट
सुधीर लाठ की उपलब्धियां
-लगातार सात साल से राष्ट्रीय स्वर्ण पदक विजेता।
-दो बार स्ट्रांग मैन ऑफ इंडिया का खिताब जीता।
-वर्ष 2019 में पैरा एशियन गेम्स में कांस्य पदक।
-वर्ष 2021 में दक्षिण कोरिया में एशिया-ओसियाना ओपन पावर लिफ्टिंग चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed