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Sonipat News: मजदूरों पर लाठीचार्ज के विरोध में सीटू ने चार घंटे दिया धरना
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लघुसचिवालय में प्रदर्शन करते सीटू के सदस्य। संवाद
माई सिटी रिपोर्टर
सोनीपत। मानेसर में मजदूरों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में सीटू ने 16 अप्रैल को प्रदेशभर में प्रदर्शन किया। सोनीपत में सीटू जिला कमेटी ने डीसी कार्यालय के बाहर चार घंटे धरना दिया जिसकी अध्यक्षता जिला प्रधान अनीता ने की। संचालन कोषाध्यक्ष सिलक राम मलिक ने किया।
सीटू नेताओं ने कहा कि कारखानों में मजदूरों का शोषण चरम पर है। 12 से 14 घंटे काम लेने के बावजूद ओवरटाइम और साप्ताहिक अवकाश तक नहीं दिया जा रहा। सरकार ने न्यूनतम मजदूरी तय करने में देरी कर हालात बिगाड़े हैं।
29 दिसंबर, 2025 को 23,196 रुपये न्यूनतम वेतन पर सहमति बनने के बावजूद बजट में 15,220 रुपये घोषित करना मजदूरों के साथ अन्याय है।नेताओं ने 55 मजदूरों की गिरफ्तारी को ट्रेड यूनियन अधिकारों पर हमला बताते हुए सभी को बिना शर्त रिहा करने और दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग की।
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साथ ही ईंट भट्ठा मजदूरों को अधिसूचना में शामिल करने, मृत मजदूरों के परिजनों को 50 लाख मुआवजा देने और कार्यस्थलों पर सुरक्षा बढ़ाने की मांग की। इस मौके पर विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
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सोनीपत। मानेसर में मजदूरों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में सीटू ने 16 अप्रैल को प्रदेशभर में प्रदर्शन किया। सोनीपत में सीटू जिला कमेटी ने डीसी कार्यालय के बाहर चार घंटे धरना दिया जिसकी अध्यक्षता जिला प्रधान अनीता ने की। संचालन कोषाध्यक्ष सिलक राम मलिक ने किया।
सीटू नेताओं ने कहा कि कारखानों में मजदूरों का शोषण चरम पर है। 12 से 14 घंटे काम लेने के बावजूद ओवरटाइम और साप्ताहिक अवकाश तक नहीं दिया जा रहा। सरकार ने न्यूनतम मजदूरी तय करने में देरी कर हालात बिगाड़े हैं।
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29 दिसंबर, 2025 को 23,196 रुपये न्यूनतम वेतन पर सहमति बनने के बावजूद बजट में 15,220 रुपये घोषित करना मजदूरों के साथ अन्याय है।नेताओं ने 55 मजदूरों की गिरफ्तारी को ट्रेड यूनियन अधिकारों पर हमला बताते हुए सभी को बिना शर्त रिहा करने और दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग की।
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साथ ही ईंट भट्ठा मजदूरों को अधिसूचना में शामिल करने, मृत मजदूरों के परिजनों को 50 लाख मुआवजा देने और कार्यस्थलों पर सुरक्षा बढ़ाने की मांग की। इस मौके पर विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी भी मौजूद रहे।