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आकाश नहीं कर सकता आत्महत्या, हत्या की गई
Updated Wed, 14 Nov 2018 01:08 AM IST
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आकाश नहीं कर सकता आत्महत्या, हत्या की गई
अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना (सोनीपत)। गांव भैंसवान खुर्द निवासी आकाश नासिर की कुरुक्षेत्र के राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) के हॉस्टल में हुई मौत के मामले में परिजनों ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं। आकाश के पिता ने उसके आत्महत्या किए जाने से मना करते हुए उसके साथी पर उसकी हत्या करने का शक जताया है। परिजनों ने कहा कि उसके दोस्त के उसके फोन पर मैसेज भी आए थे।
गांव भैंसवान खुर्द निवासी आकाश नासिर एनआईटी में इलेक्ट्रीकल इंजीनियरिंग में अंतिम वर्ष का छात्रा था। वह हॉस्टल नंबर दस के कमरा नंबर 263 में रहता था। उसका शव कमरे के अंदर मिला था। आकाश के शव का गांव में अंतिम संस्कार करने के बाद आकाश के पिता बलबीर सिंह ने कहा कि वह खुद आकाश के कमरे में गए थे। वहां पर जाकर देखा एक कमरे की कुंडी खुली हुई थी और उसके जमीन पर जले हुए अखबार की राख पड़ी हुई थी। बेड के साथ रखी एक मेज पर करीब 22 सिगरेट के फिल्टर पड़े थे। जब उन्होंने उसके सहपाठियों से पूछा तो उन्होंने बताया कि वह शाम को लकड़ी के कोयले के बारे में पूछ रहा था। जब उसने अपने बेटे आकाश के मोबाइल को चेक किया तो उसमें साढ़े 10 बजे उसके दोस्त का मैसेज आया था। जिसमें लिखा था कि आकाश आजा पिक्चर देखने के लिए चलें, लेकिन आकाश ने उससे रिप्लाई कर मना किया कि मुझे काम करना है। मैं पिक्चर देखने नहीं जाता। उससे पहले आकाश ने उनसे बात की और अपनी पढ़ाई के बारे में बताया। पिता बलबीर सिंह ने बताया कि जो सुसाइड नोट मिला है उसमें लिखा है कि मुझे कोई शिकायत नहीं है, मुझे प्यार करने वाला नहीं मिला।
नहीं है आकाश की राइटिंग
आकाश के पिता बलबीर सिंह ने कहा कि जो सुसाइड नोट आकाश के पास से बरामद हुआ है, उसमें आकाश की राइटिंग नहीं है। उसके बेटे की हत्या की गई है। रात के 2 बजे उसके दोस्तों का उसके कमरे के पास होना भी हत्या के शक को बढ़ाता है। जबकि उसका बेटा कभी सिगरेट नहीं पीता था। सिगरेट के फिल्टर बरामद होना भी शक को बढ़ाता है। उसके साथ कमरे में और दोस्त मौजूद थे, जो सिगरेट पीते थे।
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चिकित्सक बहन ने लगाए आरोप
आकाश की बहन डॉ. वैशाली ने बताया कि वह भी अपने भाई की मौत का पता लगने के बाद वहां गई थीं, जहां पर जाकर उसने देखा तो उसके भाई की मौत को लगभग 8 से 10 घंटे तब हो चुके थे। जिस तरह से उसके भाई की हत्या को आत्महत्या में बदलने के प्रयास किए गए हैं, उनसे कोई भी सच साबित नहीं होता है। उसके भाई आकाश की पूरी प्लानिंग के तहत हत्या की गई है और उससे सुसाइड में बदलने का प्रयास किया गया है।
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अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना (सोनीपत)। गांव भैंसवान खुर्द निवासी आकाश नासिर की कुरुक्षेत्र के राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) के हॉस्टल में हुई मौत के मामले में परिजनों ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं। आकाश के पिता ने उसके आत्महत्या किए जाने से मना करते हुए उसके साथी पर उसकी हत्या करने का शक जताया है। परिजनों ने कहा कि उसके दोस्त के उसके फोन पर मैसेज भी आए थे।
गांव भैंसवान खुर्द निवासी आकाश नासिर एनआईटी में इलेक्ट्रीकल इंजीनियरिंग में अंतिम वर्ष का छात्रा था। वह हॉस्टल नंबर दस के कमरा नंबर 263 में रहता था। उसका शव कमरे के अंदर मिला था। आकाश के शव का गांव में अंतिम संस्कार करने के बाद आकाश के पिता बलबीर सिंह ने कहा कि वह खुद आकाश के कमरे में गए थे। वहां पर जाकर देखा एक कमरे की कुंडी खुली हुई थी और उसके जमीन पर जले हुए अखबार की राख पड़ी हुई थी। बेड के साथ रखी एक मेज पर करीब 22 सिगरेट के फिल्टर पड़े थे। जब उन्होंने उसके सहपाठियों से पूछा तो उन्होंने बताया कि वह शाम को लकड़ी के कोयले के बारे में पूछ रहा था। जब उसने अपने बेटे आकाश के मोबाइल को चेक किया तो उसमें साढ़े 10 बजे उसके दोस्त का मैसेज आया था। जिसमें लिखा था कि आकाश आजा पिक्चर देखने के लिए चलें, लेकिन आकाश ने उससे रिप्लाई कर मना किया कि मुझे काम करना है। मैं पिक्चर देखने नहीं जाता। उससे पहले आकाश ने उनसे बात की और अपनी पढ़ाई के बारे में बताया। पिता बलबीर सिंह ने बताया कि जो सुसाइड नोट मिला है उसमें लिखा है कि मुझे कोई शिकायत नहीं है, मुझे प्यार करने वाला नहीं मिला।
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नहीं है आकाश की राइटिंग
आकाश के पिता बलबीर सिंह ने कहा कि जो सुसाइड नोट आकाश के पास से बरामद हुआ है, उसमें आकाश की राइटिंग नहीं है। उसके बेटे की हत्या की गई है। रात के 2 बजे उसके दोस्तों का उसके कमरे के पास होना भी हत्या के शक को बढ़ाता है। जबकि उसका बेटा कभी सिगरेट नहीं पीता था। सिगरेट के फिल्टर बरामद होना भी शक को बढ़ाता है। उसके साथ कमरे में और दोस्त मौजूद थे, जो सिगरेट पीते थे।
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चिकित्सक बहन ने लगाए आरोप
आकाश की बहन डॉ. वैशाली ने बताया कि वह भी अपने भाई की मौत का पता लगने के बाद वहां गई थीं, जहां पर जाकर उसने देखा तो उसके भाई की मौत को लगभग 8 से 10 घंटे तब हो चुके थे। जिस तरह से उसके भाई की हत्या को आत्महत्या में बदलने के प्रयास किए गए हैं, उनसे कोई भी सच साबित नहीं होता है। उसके भाई आकाश की पूरी प्लानिंग के तहत हत्या की गई है और उससे सुसाइड में बदलने का प्रयास किया गया है।
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