फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sonipat News ›   सरकार की किसान विरोधी नीतियों पर जताया कड़ा एतराज

सरकार की किसान विरोधी नीतियों पर जताया कड़ा एतराज

Sun, 19 Nov 2017 11:42 PM IST
Updated Sun, 19 Nov 2017 11:42 PM IST
विज्ञापन
सरकार की किसान विरोधी नीतियों पर जताया कड़ा एतराज
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

सोनीपत/राई/खरखौदा।
प्रदेश सरकार पर किसान विरोधी नीतियों को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए किसान एकजुट हो गए हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार के खिलाफ विरोध का बिगुल फूंक दिया है। एक तरफ जहां भारतीय किसान संघ ने बैठक कर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है, वहीं सैदपुर में धरने पर बैठे किसानों ने प्रदर्शन कर कृषि परियोजना के नए नियमों की प्रतियां जलाईं।
राई में आयोजित भारतीय किसान संघ प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में सरकार द्वारा ट्रैक्टर को व्यवसायिक वाहनों की श्रेणी में लाने की कोशिश पर एतराज जताया गया। भारतीय किसान संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओम सिंह ने कहा कि इसे सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसान पहले ही सरकार की अनदेखी का शिकार हो रहे हैं। जीएसटी की मार भी किसानों को सहनी पड़ी है।
विज्ञापन

ऐसे में अगर ट्रैक्टर जैसे कृषि यंत्र को व्यावसायिक वाहनों की श्रेणी में शामिल करती है तो यह किसानों पर बहुत बड़ा आघात होगा, जिसे बर्दास्त नहीं किया जा सकता। ओम सिंह ने बताया कि प्रदेश में किसानों की हालत लगातार दयनीय बनती जा रही है। किसानों को लाभकारी मूल्य नहीं मिल रहा है। इस दौरान महामंत्री विरेंद्र चोटीवाला ने कहा कि संघ से अधिक से अधिक किसानों व युवाओं को जोड़ा जा रहा है। बैठक में प्रदेश संगठन मंत्री सुरेंद्र सिंह, रामकिशन, गुलतान सिंह, ताहर सिंह, नंद किशोर, सुंदरलाल, प्रवीन, कंवल सिंह आदि मौजूद रहे। वहीं सैदपुर गांव के चौक पर चल रहे भूमि बचाओ संघर्ष समिति के धरना स्थल पर रविवार को समिति सदस्यों ने कृषि परियोजना के नए नियम का विरोध किया। समिति सदस्यों ने नई नीति का विरोध करते हुए नियम के प्रतियां जलाईं और इसे काला कानून करार दिया। प्रधान हंसराज राणा ने कहा कि सरकार द्वारा कृषि परियोजना के तहत नया नियम बनाया गया है। जिसके तहत सिंचाई परियोजनाओं पर ग्रामीण क्षेत्र में जो भी विकास कार्य होंगे उनकी कुल लागत का 10 प्रतिशत किसानों को देना होगा और वह भी पहले जमा करवाना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा यह नीति तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है, ऐसे में ग्रामीण आंचल में सिंचाई को लेकर चल रही योजनाएं अब सीधे तौर पर प्रभावित हो जाएंगी। वह इस नियम को न्यायालय में चुनौती देंगे। ट्रैक्टर पर भी कर वसूलना कर दिया है। इस मौके पर नफे सिंह, सुनील, सुरेश, कप्तान आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed