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सूखी जलघर की टंकियां, गहराया जलसंकट
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सिरसा। चत्तरगढ़पट्टी स्थित जलघर में बीते छह माह से सुखचैन माइनर से पानी की सप्लाई नाम मात्र ही पहुंच रही है। जिसके कारण अब जलघर की टंकियां सूख चुकी है। पानी की कमी होने के कारण शहर के कई क्षेत्रों में पेयजल की समस्या भी बनी हुई है। विभाग ने अब नहर में पूरा पानी छोड़ने के लिए सिंचाई विभाग को पत्र भी लिखा है।
चत्तरगढ़पट्टी में शहर का सबसे बड़ा जलघर है। जलघर से एफ ब्लॉक, हाथी पार्क, देेवीलाल पार्क में बने बूस्टिंग स्टेशन और मिनी सेक्टर में बने जलघर तक पानी की सप्लाई दी जाती है। लेकिन सुखचैन माइनर में पानी कम आने के कारण और लोगों द्वारा नहर से पानी चोरी करने के चलते कम पानी ही नहर में पहुंच पाता है। जिसके कारण जलघर की टंकियां छह माह से खाली पड़ी है। चत्तरगढ़पट्टी जलघर के आसपास की तीन कॉलोनियों में भूमिगत जल मोटरों से सप्लाई किया जा रहा है। लेकिन कम समय तक पानी की सप्लाई दिए जाने के कारण लोगों को पेयजल की समस्या के कारण परेशान होना पड़ रहा है। पेयजल की समस्या के कारण भगत सिंह कॉलोनी, चत्तरगढ़पट्टी, प्रेमनगर, ब्लॉक, जेजे कॉलोनी, नोहरिया बाजार का क्षेत्र व रानियां रोड पर पेयजल की समस्या से लोग परेशान है।
जलघर में बने है सात बड़े टैंक, दो सूखे
चत्तरगढ़पट्टी जलघर में सात बड़े टैंक बने हुए है। पानी की सप्लाई न आने के कारण दो टैंक पूरी तरह से सूख भी चुके हैं और शेष पांच टैंकों में लंबे समय से जमा हुआ पानी भी अब दूषित हो चुका है। टैंकों में कूड़ा, कचरा और गाद जमा दिखाई दे रहा है। जलघरों में पानी कम होने के कारण गाद में घास तक उगनी शुरू हो चुकी है। लंबे समय से सफाई न होने के कारण अब जलघरों की स्थिति खराब हो चुकी है।
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पंजुआना जलघर से शहर में की जा रही है सप्लाई
जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग की ओर से पंजुआना नहर के साथ ही जलघर बनाया गया है। यहां से आरओ पानी अब शहर के अधिक क्षेत्रों में सप्लाई किया जा रहा है। पंजुआना जलघर से शहर के बूस्टिंग स्टेशनों को जोड़ा गया है। जिसके बाद इन बूस्टिंग स्टेशनों से घरों तक आरओ युक्त जल पहुंचाया जा रहा है। शहर के एफ ब्लॉक, हाथी पार्क, देवीलाल पार्क और अन्य बूस्टिंग स्टेशनों में पानी की सप्लाई की जा रही है।
नहर में पूरा पानी छोड़ने के लिए सिंचाई विभाग को लिखा पत्र
सूखचैन माइनर से चत्तरगढ़पट्टी जलघर में नहरी पहुंचता है। लेकिन छह माह से पानी की सप्लाई नाम मात्र आने के कारण अब चत्तरगढ़पट्टी से कॉलोनियों में पानी की सप्लाई भी बंद कर दी गई है और अन्य जलघरों से व बूस्टिंग स्टेशनों से कॉलोनियों में पानी की सप्लाई की जा रही है। केवल भूमिगत मोटर लाइन से के साथ जुड़ी तीन कॉलोनियों को ही पानी की सप्लाई दी जा रही है। नहर में पूरा पानी छोड़ने के लिए जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग की ओर से सिंचाई विभाग को पत्र भी लिखा गया है। ताकि नहरों के बंद होने से पहले जलघर में पूरा पानी पहुंच सके।
चत्तरगढ़पट्टी जलघर में सुखचैन माइनर से नहरी पानी की सप्लाई पहुंचती है। लेकिन बीते छह माह से जलघर में कम पानी ही पहुंच रहा है। जिसको लेकर सिंचाई विभाग को पत्र लिखा गया है। नहर में पानी कम आने के कारण जलघर तक पानी कम पहुंच रहा है।
- सीताराम, जेई, जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग, सिरसा
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चत्तरगढ़पट्टी में शहर का सबसे बड़ा जलघर है। जलघर से एफ ब्लॉक, हाथी पार्क, देेवीलाल पार्क में बने बूस्टिंग स्टेशन और मिनी सेक्टर में बने जलघर तक पानी की सप्लाई दी जाती है। लेकिन सुखचैन माइनर में पानी कम आने के कारण और लोगों द्वारा नहर से पानी चोरी करने के चलते कम पानी ही नहर में पहुंच पाता है। जिसके कारण जलघर की टंकियां छह माह से खाली पड़ी है। चत्तरगढ़पट्टी जलघर के आसपास की तीन कॉलोनियों में भूमिगत जल मोटरों से सप्लाई किया जा रहा है। लेकिन कम समय तक पानी की सप्लाई दिए जाने के कारण लोगों को पेयजल की समस्या के कारण परेशान होना पड़ रहा है। पेयजल की समस्या के कारण भगत सिंह कॉलोनी, चत्तरगढ़पट्टी, प्रेमनगर, ब्लॉक, जेजे कॉलोनी, नोहरिया बाजार का क्षेत्र व रानियां रोड पर पेयजल की समस्या से लोग परेशान है।
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जलघर में बने है सात बड़े टैंक, दो सूखे
चत्तरगढ़पट्टी जलघर में सात बड़े टैंक बने हुए है। पानी की सप्लाई न आने के कारण दो टैंक पूरी तरह से सूख भी चुके हैं और शेष पांच टैंकों में लंबे समय से जमा हुआ पानी भी अब दूषित हो चुका है। टैंकों में कूड़ा, कचरा और गाद जमा दिखाई दे रहा है। जलघरों में पानी कम होने के कारण गाद में घास तक उगनी शुरू हो चुकी है। लंबे समय से सफाई न होने के कारण अब जलघरों की स्थिति खराब हो चुकी है।
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पंजुआना जलघर से शहर में की जा रही है सप्लाई
जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग की ओर से पंजुआना नहर के साथ ही जलघर बनाया गया है। यहां से आरओ पानी अब शहर के अधिक क्षेत्रों में सप्लाई किया जा रहा है। पंजुआना जलघर से शहर के बूस्टिंग स्टेशनों को जोड़ा गया है। जिसके बाद इन बूस्टिंग स्टेशनों से घरों तक आरओ युक्त जल पहुंचाया जा रहा है। शहर के एफ ब्लॉक, हाथी पार्क, देवीलाल पार्क और अन्य बूस्टिंग स्टेशनों में पानी की सप्लाई की जा रही है।
नहर में पूरा पानी छोड़ने के लिए सिंचाई विभाग को लिखा पत्र
सूखचैन माइनर से चत्तरगढ़पट्टी जलघर में नहरी पहुंचता है। लेकिन छह माह से पानी की सप्लाई नाम मात्र आने के कारण अब चत्तरगढ़पट्टी से कॉलोनियों में पानी की सप्लाई भी बंद कर दी गई है और अन्य जलघरों से व बूस्टिंग स्टेशनों से कॉलोनियों में पानी की सप्लाई की जा रही है। केवल भूमिगत मोटर लाइन से के साथ जुड़ी तीन कॉलोनियों को ही पानी की सप्लाई दी जा रही है। नहर में पूरा पानी छोड़ने के लिए जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग की ओर से सिंचाई विभाग को पत्र भी लिखा गया है। ताकि नहरों के बंद होने से पहले जलघर में पूरा पानी पहुंच सके।
चत्तरगढ़पट्टी जलघर में सुखचैन माइनर से नहरी पानी की सप्लाई पहुंचती है। लेकिन बीते छह माह से जलघर में कम पानी ही पहुंच रहा है। जिसको लेकर सिंचाई विभाग को पत्र लिखा गया है। नहर में पानी कम आने के कारण जलघर तक पानी कम पहुंच रहा है।
- सीताराम, जेई, जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग, सिरसा