{"_id":"68e9472ca43c600ba90d16c4","slug":"villagers-living-in-jamals-huts-are-deprived-of-electricity-supply-sirsa-news-c-128-1-svns1027-145771-2025-10-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: जमाल की ढाणियों में रह रहे ग्रामीण बिजली सप्लाई से वंचित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: जमाल की ढाणियों में रह रहे ग्रामीण बिजली सप्लाई से वंचित
विज्ञापन
सिरसा। गांव जमाल की ढाणियों में किसानों के साथ बातचीत करते हुए किसान नेता लखविंद्र सिंह औलख। स
चोपटा। गांव जमाल की ढाणियों के लोग बिजली व्यवस्था की सुविधा से वंचित है। ग्रामीण लगभग 31 सालों से अंधेरे में ही गुजर बसर कर रहे हैं। ग्रामीणों ने बिजली कनेक्शन लेने के लिए कई बार आवेदन किया और सिक्योरिटी भी भरी, लेकिन आज तक लगभग 10 ढाणियों में बिजली कनेक्शन नहीं दिया गया।
दरअसल, भारतीय किसान एकता (बीकेई) प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख शुक्रवार को ओलावृष्टि, तूफान व बरसात से खराब हुई फसल को देखने के लिए जमाल गांव की ढाणियों में पहुंचे थे। इस दौरान ढाणीवासियों ने उनके समक्ष उक्त समस्या रखी। ऐलनाबाद हलके के सबसे बड़े गांव जमाल में दो बड़े बिजली घर हैं।
132 केवी और 33केवी, वहां से 1.5 किलोमीटर दूर मुंशी राम कसवां, सुनील कसवां, अमरसिंह बेनीवाल, रामकिशन बेनीवाल, जयवीर बेनीवाल, राजिंदर कसवां, दौलतराम कसवां, रजनीश शर्मा, प्रकाश कसवां, मदन बेनीवाल की ढाणियां हैं। ये लोग परिवार के बच्चों के साथ बिना बिजली सप्लाई के अपनी जिंदगी जीने को मजबूर हैं। जिला प्रशासन व हरियाणा सरकार से अपील करते हैं कि इन सभी ढाणियों वालों को जो लंबे समय से बिना बिजली के संताप भोग रहे हैं उन्हें बिना किसी खर्चे के बिजली कनेक्शन दिए जाएं। औलख ने कहा कि सरकार डिजिटल इंडिया की बड़ी-बड़ी बातें तो कर रही है, सबका साथ-सबका विकास की बातें कर रही है।
विज्ञापन
बिजली विभाग जिला प्रशासन व हरियाणा सरकार की लापरवाही के कारण इन ढाणियों में रह रहे लोगों के साथ-साथ छोटे-छोटे बच्चे भी शामिल हैं। बिना बिजली के रहने को मजबूर हैं। मोमबत्तियां व दीये जलाकर अपनी पढ़ाई करने को मजबूर हैं। लगभग तीन दशकों से अलग-अलग पार्टियां सत्ता में रही, लेकिन किसी ने भी जमाल गांव की ढाणियों में रह रहे ग्रामीणों के लिए बिजली सप्लाई का प्रबंध नहीं किया।
विज्ञापन
दरअसल, भारतीय किसान एकता (बीकेई) प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख शुक्रवार को ओलावृष्टि, तूफान व बरसात से खराब हुई फसल को देखने के लिए जमाल गांव की ढाणियों में पहुंचे थे। इस दौरान ढाणीवासियों ने उनके समक्ष उक्त समस्या रखी। ऐलनाबाद हलके के सबसे बड़े गांव जमाल में दो बड़े बिजली घर हैं।
विज्ञापन
132 केवी और 33केवी, वहां से 1.5 किलोमीटर दूर मुंशी राम कसवां, सुनील कसवां, अमरसिंह बेनीवाल, रामकिशन बेनीवाल, जयवीर बेनीवाल, राजिंदर कसवां, दौलतराम कसवां, रजनीश शर्मा, प्रकाश कसवां, मदन बेनीवाल की ढाणियां हैं। ये लोग परिवार के बच्चों के साथ बिना बिजली सप्लाई के अपनी जिंदगी जीने को मजबूर हैं। जिला प्रशासन व हरियाणा सरकार से अपील करते हैं कि इन सभी ढाणियों वालों को जो लंबे समय से बिना बिजली के संताप भोग रहे हैं उन्हें बिना किसी खर्चे के बिजली कनेक्शन दिए जाएं। औलख ने कहा कि सरकार डिजिटल इंडिया की बड़ी-बड़ी बातें तो कर रही है, सबका साथ-सबका विकास की बातें कर रही है।
विज्ञापन
बिजली विभाग जिला प्रशासन व हरियाणा सरकार की लापरवाही के कारण इन ढाणियों में रह रहे लोगों के साथ-साथ छोटे-छोटे बच्चे भी शामिल हैं। बिना बिजली के रहने को मजबूर हैं। मोमबत्तियां व दीये जलाकर अपनी पढ़ाई करने को मजबूर हैं। लगभग तीन दशकों से अलग-अलग पार्टियां सत्ता में रही, लेकिन किसी ने भी जमाल गांव की ढाणियों में रह रहे ग्रामीणों के लिए बिजली सप्लाई का प्रबंध नहीं किया।