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दोषी की दलीलों पर न्यायाधीश ने सुनाया सुविचारित फैसला
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सिरसा। हमला करने के एक मामले में कोर्ट ने दोषी व्यक्ति को एक साल की परिवीक्षा पर रिहा कर दिया। फैसला सुनाए जाने से पहले प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी सलोनी गुप्ता ने दोषी सुनील की दलीलों को गंभीरता से सुना। दोषी सुनील ने न्यायाधीश से कहा कि वह बहुत गरीब परिवार से आता है। उसके मां-बाप का निधन हो चुका है और परिवार में केवल छोटी बहन है।
परिवार में वह ही एकमात्र कमाने वाला है इसलिए सजा में नरम रुख अपनाने के साथ प्रार्थना करता हूं कि उसे रिहा कर दिया जाए। इसके बाद न्यायाधीश ने फैसला सुनाते हुए कहा कि दोषी सुनील की दलीलों को ध्यान में रखते हुए उसकी आयु और अपराध की प्रकृति को देखते हुए इस न्यायालय का सुविचारित विचार है कि यदि दोषी को रिहा किया जाता है तो न्याय के हित को पर्याप्त रूप से पूरा किया जाएगा। दोषी सुनील को 30 हजार रुपये के परिवीक्षा बांड पर एक साल की परिवीक्षा जमानत के साथ रिहा किया जाता है। इस अवधि के दौरान सुनील शांति बनाए रखेगा और उसका व्यवहार अच्छा होना चाहिए। परिवीक्षाधीन अधिकारी उसकी गतिविधियों पर नजर रखेगा।
ये है पूरा घटनाक्रम
मामले के अनुसार 5 जुलाई 2018 को चतरगढ़पट्टी निवासी विनोद कुमार झगड़े में घायल हो गया था। सिविल अस्पताल में बयान दर्ज करने पहुंची पुलिस को विनोद कुमार ने बयान दिया कि रात को वह अपने घर पर सोया हुआ था, इसी दौरान सुनील कुमार शराब के नशे में उसके घर के बाहर आया और गालियां देने लगा। उसने सुनील को रोका तो उसने डंडे से हमला कर दिया। शोर मचाने पर सुनील धमकी देकर भाग गया। पुलिस ने विनोद के बयान पर सुनील कुमार के खिलाफ अभियोग दर्ज कर लिया।
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परिवार में वह ही एकमात्र कमाने वाला है इसलिए सजा में नरम रुख अपनाने के साथ प्रार्थना करता हूं कि उसे रिहा कर दिया जाए। इसके बाद न्यायाधीश ने फैसला सुनाते हुए कहा कि दोषी सुनील की दलीलों को ध्यान में रखते हुए उसकी आयु और अपराध की प्रकृति को देखते हुए इस न्यायालय का सुविचारित विचार है कि यदि दोषी को रिहा किया जाता है तो न्याय के हित को पर्याप्त रूप से पूरा किया जाएगा। दोषी सुनील को 30 हजार रुपये के परिवीक्षा बांड पर एक साल की परिवीक्षा जमानत के साथ रिहा किया जाता है। इस अवधि के दौरान सुनील शांति बनाए रखेगा और उसका व्यवहार अच्छा होना चाहिए। परिवीक्षाधीन अधिकारी उसकी गतिविधियों पर नजर रखेगा।
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ये है पूरा घटनाक्रम
मामले के अनुसार 5 जुलाई 2018 को चतरगढ़पट्टी निवासी विनोद कुमार झगड़े में घायल हो गया था। सिविल अस्पताल में बयान दर्ज करने पहुंची पुलिस को विनोद कुमार ने बयान दिया कि रात को वह अपने घर पर सोया हुआ था, इसी दौरान सुनील कुमार शराब के नशे में उसके घर के बाहर आया और गालियां देने लगा। उसने सुनील को रोका तो उसने डंडे से हमला कर दिया। शोर मचाने पर सुनील धमकी देकर भाग गया। पुलिस ने विनोद के बयान पर सुनील कुमार के खिलाफ अभियोग दर्ज कर लिया।
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