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शाबाश खेड़ी, पूरी पंचायत चुन ली सर्वसम्मति से
ब्यूरो/अमर उजाला नाथूसरी चोपटा (सिरसा)
Updated Tue, 19 Jan 2016 01:16 AM IST
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राजस्थान की सीमा पर बसे नाथूसरी चोपटा खंड के गांव खेड़ी के ग्रामीणों ने इस बार पंचायत चुनाव में एक नई मिशाल कायम की है। खंड में 24 जनवरी को होने वाले पंचायत चुनाव के लिए मचे चुनावी घमासान के बीच इस गांव से कोई व्यक्ति चुनाव नहीं लड़ रहा है।
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ग्रामीणों का इरादा इस बार बिल्कुल साफ है कि गांव में सामूहिक विकास व गांव की गोशाला का विकास करवाना है। ग्राम पंचायत के लिए सरपंच और वार्ड पंचों का चुनाव सर्वसम्मति से कर लिया गया है।
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पंचायत समिति के सदस्य के लिए खेड़ी गांव वार्ड नंबर 14 में आता है और कुम्हारिया गांव के साथ जुड़ा हुआ है। इस पद के लिए कुम्हारिया गांव से तीन प्रत्याशी व एक प्रत्याशी दड़बा गांव से हैं।
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खेड़ी गांव से किसी को भी मैदान में नहीं उतारा गया है। वहीं जिला परिषद सदस्य के लिए भी कोई व्यक्ति चुनाव नहीं लड़ रहा है। खेड़ी गांव का ग्राम पंचायत चुनाव इस बार पूरी तरह से शराब और नशा मुक्त, पैसा मुक्त, भाईचारा युक्त व सामाजिक एकता का चुनाव है, इस बात की चर्चा पूरे इलाके में है।
गांव के विकास पर खर्च होगी प्रोत्साहन राशि
ग्रामीणों का कहना है कि इस बार के चुनाव में गांव से एक पैसा भी खर्च नहीं होगा, बल्कि सर्वसम्मति से पंचायत का गठन करने पर सरकार द्वारा दी जाने वाली प्रोत्साहन राशि गांव में आएगी। गांव खेड़ी में इस बार ग्राम पंचायत चुनाव में सरपंच का पद अनुसूचित जाति के उम्मीदवार के लिए आरक्षित है।
गांव में कुल 1647 मतदाता हैं, जिसमें 899 पुरुष और 748 महिला मतदाता हैं। गांव में इस बार सरपंच पद पर गांव से अनुसूचित जाति के बलबीर सिंह को सर्वसम्मति से चुना गया है और वार्ड पचों का चुनाव सर्वसम्मति से कर लिया गया है।
ग्रामीण रामचंद्र, राजबीर ज्याणी, भाल सिंह, नत्थूराम, संदीप अशोक कुमार, सुभाष चंद्र व बनवारी का कहना है कि गांव में ग्राम पंचायत गठन के लिए सर्वसम्मति का प्रयास पूरी तरह से सफल रहा। गांव में चुनाव पूरी तरह से नशा मुक्त व खर्च मुक्त हो गया। गांव में पंचायत आयोजित कर सबसे पहले यह फैसला लिया गया कि गांव में किसी भी व्यक्ति को चुनाव मैदान में नहीं उतारा जाएगा और जहां पर जरूरी होगा, वहां से सर्वसम्मति से चुनाव कर लिया जाएगा।
इसलिए ग्राम पंचायत का गठन सर्वसम्मति से कर लिया गया। वहीं ग्रामीणों का कहना है कि जिला परिषद, ब्लॉक समिति सदस्य प्रत्याशी को जो भी प्रत्याशी वोट मांगने आता है, उससे साफ कह दिया गया है कि शराब व अन्य प्रकार के नशे व किसी भी प्रकार का प्रलोभन देने की बात न करें, समाज सेवा व गांव में सामूहिक विकास व गांव की गोशाला के विकास का वादा करने वाले और वादे को पूरा करने की सोच वाले को ही अपना मत देंगे।