{"_id":"58a0a44b4f1c1b5833d84302","slug":"no-marriage-come-back-barat-sirsa","type":"story","status":"publish","title_hn":"...और 14 साल की किशोरी बालिका वधू बनने से बची, बारात को लौटना पड़ा बैरंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
...और 14 साल की किशोरी बालिका वधू बनने से बची, बारात को लौटना पड़ा बैरंग
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा
Updated Sun, 12 Feb 2017 11:37 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर की पीर बस्ती में एक नाबालिग को बालिका वधू बनने से महिला पुलिस ने बचा लिया। पुलिस ने परिजनों को बताया कि 18 साल से पहले लड़की की शादी करना कानूनी अपराध है। ऐसा करने पर दो साल तक की सजा हो सकती है। इसके बाद शादी को लेकर किए गए सारे प्रबंध, धरे के धरे रह गए और बारात को बैरंग लौटना पड़ा।
विज्ञापन
पीर बस्ती में शनिवार को एक शादी थी। किसी जागरूक शख्स ने बाल विवाह निषेध अधिकारी कार्यालय में फोन करके सूचना दी कि परिवार वाले नाबालिग लड़की की शादी कर रहे हैं। जिला बाल विवाह निषेध अधिकारी का पद रिक्त होने के कारण कार्यालय सहायक राजेश कुमार, महिला पुलिसकर्मी बलजीत कौर, सोमा रानी और सब्जी मंडी चौकी पुलिस के कार्यवाहक इंचार्ज पीर बस्ती स्थित शादी वाले घर में पहुंचे और परिजनों से लड़की का आयु प्रमाण पत्र मांगा।
विज्ञापन
दस्तावेज जांचने पर पता चला कि जिसकी शादी होने जा रही थी, उसकी आयु 14 वर्ष है। लिहाजा, पुलिस ने शादी को रुकवा दिया। बारात गांव भरोखा से आई थी। परिजनों ने पुलिस से कहा कि उन्हें कानून की जानकारी नहीं थी, जिस कारण उन्होंने नाबालिग की शादी तय कर दी। महिला पुलिस ने परिजनों को जागरूक किया। परिजनों ने लिखित में दिया है कि वे अब अपनी बेटी की शादी बालिग होने पर ही करेंगे।
विज्ञापन
इस साल अब तक रुकवाईं तीन शादियां
जिला प्रशासन ने वर्ष 2015 में 31 बाल विवाह रुकवाया चुका है, वर्ष 2016 में 29 नाबालिग लड़कियों को बालिका वधू बनने से बचाया गया और वर्ष 2017 में अभी तक तीन नाबालिग की शादी रुकवाई गई है।
कानून से अंजान थे परिजन
बच्ची के परिजन शिक्षित नहीं हैं, इस कारण उन्हें पता नहीं था कि नाबालिग की शादी करना अपराध है। जागरूक किया गया तो उन्हें अपनी गलती का अहसास हो गया। लिखित में उन्होंने क्षमा मांगते हुए विश्वास दिलाया कि बेटी के बालिग होने पर ही उसकी शादी करेंगे।
राजेश कुमार, जांच अधिकारी एवं कार्यवाहक इंचार्ज सब्जी मंडी चौकी पुलिस