नोट जमा करने के आखिरी दिन बैंकों में लगी लंबी लाइनें
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नोटबंदी के बाद बैंकों में लगातार लंबी लाइनें जारी हैं। शुक्रवार को बंद हो चुके 500 और 1000 के नोट जमा करने का आखिरी दिन निर्धारित था, इसलिए शुक्रवार को सभी बैंकों में दिन भर लंबी लाइनें लगी रही। हालांकि पिछले दो सप्ताह से नोट जमा करने वालों की संख्या कम थी, लेकिन 30 दिसंबर पुरानी करेंसी जमा होने का आखिरी दिन होने के कारण पैसे जमा करने वालों की संख्या अधिक रही। सुरक्षा के दृष्टिगत सभी बैंकों में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई। इसी प्रकार ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित बैंकों और शाखाओं में भी भीड़ रही।
जिले में 31 बैंक और 232 शाखाएं हैं, जिनमें से सहकारी बैंक और शाखाओं को छोड़कर शेष सभी में शुक्रवार को 500 और 1000 के नोट जमा किए गए। नोट जमा करने के लिए चार बजे तक जो व्यक्ति लाइन में लग गया, उसके नोट जमा किए गए। चार बजे के बाद लाइनों में लगे लोगों से बैंक ने नोट जमा किए। हालांकि इस बात की पुष्टि नहीं हो पाई कि जिले में कितने नोट जमा हुए पर एक अनुमान के अनुसार अब तक जिले में करीब नौ सौ करोड़ रुपये जमा हुए हैं।
नोटबंदी के बाद 10 नवंबर से बैंकों में नोट जमा करने वालों की भारी भीड़ रही, लेकिन दिसंबर में जमा करने वालों की भीड़ नहीं रही। 30 दिसंबर आखिरी दिन होने के कारण सभी बैंकों में भीड़ देखी गई। रुपये निकलवाने वालों से जमा करवाने वालों की संख्या काफी अधिक रही। जिलेभर में यही स्थिति देखी गई। इन 50 दिनों में नोट जमा करने और निकलवाने के लिए लोगों की खूब कसरत हुई। कभी पसीना बहाया तो कभी कड़ाके की ठंड में लाइनों में लगे लोग ठिठुरते रहे।