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Sirsa News: मंजूबाला ने महिलाओं की समस्या को समझा, इसलिए सभी घरों तक पहुंचाई पेयजल लाइन
Sat, 09 Mar 2024 11:33 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sat, 09 Mar 2024 11:33 PM IST
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सिरसा। जल संसाधन एवं प्रबंधन मंत्रालय की ओर से दिल्ली के संसद मार्ग स्थित एनडीएमसी कन्वेंशन सेंटर में राष्ट्रीय जल शक्ति मिशन अभियान के तहत विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सरपंच मंजूबाला ने कहा कि गांवों की महिलाओं की पेयजल सप्लाई की समस्या सबसे ज्यादा थी। मंजू बाला ने कहा कि नारी शक्ति जल शक्ति, यही हमारा लक्ष्य है।
दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत पहुंचे। कार्यक्रम में राजस्थान, हरियाणा और उत्तर प्रदेश की 250 महिलाएं शामिल हुई, जिन्होंने जल शक्ति मिशन के तहत बेहतर कार्य करने वाली सरपंचों को बुलाया गया है। इस कार्यक्रम में प्रदेश की चार महिलाओं ने भाग लिया। जिसमें सिरसा के पन्नीवाला मोटा की मंजूबाला शामिल हुई।
बता दें कि कार्यक्रम में बतौर वक्ता के रूप में मंजूबाला वक्ता ने अपने अनुभव सांझा किए। सरपंच मंजूबाला ने कहा कि गांवों की महिलाओं की पेयजल सप्लाई की समस्या सबसे ज्यादा थी। एक गृहिणी होने के नाते मैंने उनकी समस्या को समझा। जहां सभी घरों तक पेयजल लाइन पहुंचाई। वहीं उन हर घर पर टेप यानि टोंटी लगाने का कार्य किय, ताकि पानी की बर्बादी न हो। इसमें महिलाओं ने मेरा बढ़ा सहयोग किया। इसी कारण आंगनबाड़ी, महिला सेल्फ हेल्प ग्रुप व जागरूक महिलाओं को साथ लेकर गांव में जागरूकता अभियान चलाया।
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सरपंच ने बताया कि गांव में 10 हजार से ज्यादा आबादी है और 2500 से ज्यादा घर है। जल जीवन मिशन के तहत पेयजल लाइन बिछाने का कार्य किया गया। गांव में गंदे पानी की निकासी के लिए नालियों बनवाई, ताकि गंदा पानी एक ही जगह पर एकत्र हो सके। इसके साथ ही अमृत सरोवर योजना के तहत गांवों के जोहड़ का पुन : निर्माण करवाया गया है, जिससे गांवों के जोहड़ की स्थिति में सुधार हुआ है। गांव के गंदे पानी की पूर्ण रूप से निकासी करने के लिए महाग्राम के लिए आवेदन किया है, जिसके बाद एसपी गांव में लग पाएगा और गंदे पानी सदुपयोग हो पाएगा।
मंजूबाला ने कहा कि जलमंत्री ने हमें समझाया है कि कैसे हमें बरसात के पानी को सजोना है। गांव के भूजल स्तर को बढ़ाना है। सरकार की अटल भूजल स्तर की योजना का लाभ लेना है। नारी शक्ति से जलशक्ति को अब सरकार ने जोड़ा है तो उनकी उम्मीदों पर खरा उतरेंगे। मंत्री ने कहा था कैच द रैन या बारिश के पानी को पकड़ना और वह कैसे पकड़ना है। हमें अब समझ आ गया है।
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दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत पहुंचे। कार्यक्रम में राजस्थान, हरियाणा और उत्तर प्रदेश की 250 महिलाएं शामिल हुई, जिन्होंने जल शक्ति मिशन के तहत बेहतर कार्य करने वाली सरपंचों को बुलाया गया है। इस कार्यक्रम में प्रदेश की चार महिलाओं ने भाग लिया। जिसमें सिरसा के पन्नीवाला मोटा की मंजूबाला शामिल हुई।
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बता दें कि कार्यक्रम में बतौर वक्ता के रूप में मंजूबाला वक्ता ने अपने अनुभव सांझा किए। सरपंच मंजूबाला ने कहा कि गांवों की महिलाओं की पेयजल सप्लाई की समस्या सबसे ज्यादा थी। एक गृहिणी होने के नाते मैंने उनकी समस्या को समझा। जहां सभी घरों तक पेयजल लाइन पहुंचाई। वहीं उन हर घर पर टेप यानि टोंटी लगाने का कार्य किय, ताकि पानी की बर्बादी न हो। इसमें महिलाओं ने मेरा बढ़ा सहयोग किया। इसी कारण आंगनबाड़ी, महिला सेल्फ हेल्प ग्रुप व जागरूक महिलाओं को साथ लेकर गांव में जागरूकता अभियान चलाया।
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सरपंच ने बताया कि गांव में 10 हजार से ज्यादा आबादी है और 2500 से ज्यादा घर है। जल जीवन मिशन के तहत पेयजल लाइन बिछाने का कार्य किया गया। गांव में गंदे पानी की निकासी के लिए नालियों बनवाई, ताकि गंदा पानी एक ही जगह पर एकत्र हो सके। इसके साथ ही अमृत सरोवर योजना के तहत गांवों के जोहड़ का पुन : निर्माण करवाया गया है, जिससे गांवों के जोहड़ की स्थिति में सुधार हुआ है। गांव के गंदे पानी की पूर्ण रूप से निकासी करने के लिए महाग्राम के लिए आवेदन किया है, जिसके बाद एसपी गांव में लग पाएगा और गंदे पानी सदुपयोग हो पाएगा।
मंजूबाला ने कहा कि जलमंत्री ने हमें समझाया है कि कैसे हमें बरसात के पानी को सजोना है। गांव के भूजल स्तर को बढ़ाना है। सरकार की अटल भूजल स्तर की योजना का लाभ लेना है। नारी शक्ति से जलशक्ति को अब सरकार ने जोड़ा है तो उनकी उम्मीदों पर खरा उतरेंगे। मंत्री ने कहा था कैच द रैन या बारिश के पानी को पकड़ना और वह कैसे पकड़ना है। हमें अब समझ आ गया है।