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Sirsa News: ग्रीन बेल्ट पर संस्थाओं का कब्जा, नगर परिषद ने विकास कार्यों के कर दिए टेंडर
Mon, 17 Jun 2024 11:54 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Mon, 17 Jun 2024 11:54 PM IST
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ग्रीन बेल्ट, जिस पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है।
सिरसा। विधानसभा चुनावों से पहले शहरी विकास का खाका नगर परिषद ने तैयार कर लिया है। इस खाके के तहत 170 करोड़ से ज्यादा की परियोजनाएं विभाग ने बनाई हैं। जिसको लेकर टेंडर लगाने का कार्य शुरू कर दिया है। लेकिन विकास कार्यों की रफ्तार में नगर परिषद के अधिकारी भूल गए हैं कि कौन सी सरकारी जमीन पर कब्जा है और कौन सी पर नहीं है। तीन दिन पहले नगर परिषद ने सरकारी जमीन से कब्जा छुड़ाने के बजाय उसमें लाखों रुपये का विकास कार्य करवाने का टेंडर जारी कर दिया है।
यह मामला है नगर परिषद की डबवाली रोड पर ग्रीन बेल्ट का। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी के कार्यालय के साथ लगती ग्रीन बेल्ट पर संस्थाओं की ओर से कब्जा किया गया है। इन कब्जों को लेकर उपायुक्त से लेकर जिला नगर आयुक्त तक शहर के मौजिज लोग शिकायत कर चुके हैं। इन शिकायतों पर नगर परिषद के अधिकारियों द्वारा कार्रवाई आज तक नहीं की गई है। उलट अब नगर परिषद की ओर से कब्जा हुई इन ग्रीन बेल्ट की सुंदरता के लिए लाखों रुपये के टेंडर लगा दिए गए हैं। जानकारों के अनुसार इन ग्रीन बेल्ट पर कब्जा करने वाली संस्थाओं के वोट बैंक को साधने के लिए यह कार्य किया जा रहा है।
यहां लगाए गए हैं टेंडर
नगर परिषद की ओर से डबवाली रोड पर कार्यकारी अधिकारी के आवास के पास लगे इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप के साथ बनी ग्रीन बेल्ट को विकसित किया जाना है। इस ग्रीन बेल्ट पर संस्था की ओर से शेड बनाकर पहले ही कब्जा किया हुआ है। अब इसी ग्रीन बेल्ट में जिम व झूले और घास लगाने का टेंडर विभाग की ओर से लगाया गया है। जिस पर 30 लाख 26 हजार रुपये की लागत आएगी। ऐसे में कब्जा छुड़वाने की कार्रवाई करने के बजाय अधिकारी ग्रीन बेल्ट को विकसित करने के नाम पर स्थायी कब्जा करवा रहे हैं।
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जनता भवन से डबवाली रोड पर बनी ग्रीन बेल्ट पर कब्जा
जनता भवन रोड पर बनी पूरी ग्रीन बेल्ट पर कई जगह पर कब्जा किया हुआ है। ग्रीन बेल्ट को बचाने के लिए नगर परिषद प्रशासन की ओर से आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। जबकि सालों पहले नगर परिषद को ग्रीन बेल्ट सुपुर्द कर दी गई थी। ऐसे में इन ग्रीन बेल्ट की यथास्थिति बनाए रखने की जिम्मेदारी नगर परिषद की होती है। वहीं ग्रीन बेल्ट को विकसित करने का अधिकार भी नगर परिषद को मिला हुआ है। पिछले तीन साल से ग्रीन बेल्ट पर नगर परिषद ने कब्जा करवाने के बजाय कोई कार्य नहीं किया। जबकि हाईकोर्ट तक मामला एक कब्जे को लेकर गया हुआ है।
ग्रीन बेल्ट को लेकर टेंडर लगाए जा रहे हैं। किस ग्रीन बेल्ट को लेकर कौन सा टेंडर अभी तक लगाया गया है, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है।
-अनिल मोहिल, एमई, नगर परिषद सिरसा।
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यह मामला है नगर परिषद की डबवाली रोड पर ग्रीन बेल्ट का। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी के कार्यालय के साथ लगती ग्रीन बेल्ट पर संस्थाओं की ओर से कब्जा किया गया है। इन कब्जों को लेकर उपायुक्त से लेकर जिला नगर आयुक्त तक शहर के मौजिज लोग शिकायत कर चुके हैं। इन शिकायतों पर नगर परिषद के अधिकारियों द्वारा कार्रवाई आज तक नहीं की गई है। उलट अब नगर परिषद की ओर से कब्जा हुई इन ग्रीन बेल्ट की सुंदरता के लिए लाखों रुपये के टेंडर लगा दिए गए हैं। जानकारों के अनुसार इन ग्रीन बेल्ट पर कब्जा करने वाली संस्थाओं के वोट बैंक को साधने के लिए यह कार्य किया जा रहा है।
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यहां लगाए गए हैं टेंडर
नगर परिषद की ओर से डबवाली रोड पर कार्यकारी अधिकारी के आवास के पास लगे इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप के साथ बनी ग्रीन बेल्ट को विकसित किया जाना है। इस ग्रीन बेल्ट पर संस्था की ओर से शेड बनाकर पहले ही कब्जा किया हुआ है। अब इसी ग्रीन बेल्ट में जिम व झूले और घास लगाने का टेंडर विभाग की ओर से लगाया गया है। जिस पर 30 लाख 26 हजार रुपये की लागत आएगी। ऐसे में कब्जा छुड़वाने की कार्रवाई करने के बजाय अधिकारी ग्रीन बेल्ट को विकसित करने के नाम पर स्थायी कब्जा करवा रहे हैं।
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जनता भवन से डबवाली रोड पर बनी ग्रीन बेल्ट पर कब्जा
जनता भवन रोड पर बनी पूरी ग्रीन बेल्ट पर कई जगह पर कब्जा किया हुआ है। ग्रीन बेल्ट को बचाने के लिए नगर परिषद प्रशासन की ओर से आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। जबकि सालों पहले नगर परिषद को ग्रीन बेल्ट सुपुर्द कर दी गई थी। ऐसे में इन ग्रीन बेल्ट की यथास्थिति बनाए रखने की जिम्मेदारी नगर परिषद की होती है। वहीं ग्रीन बेल्ट को विकसित करने का अधिकार भी नगर परिषद को मिला हुआ है। पिछले तीन साल से ग्रीन बेल्ट पर नगर परिषद ने कब्जा करवाने के बजाय कोई कार्य नहीं किया। जबकि हाईकोर्ट तक मामला एक कब्जे को लेकर गया हुआ है।
ग्रीन बेल्ट को लेकर टेंडर लगाए जा रहे हैं। किस ग्रीन बेल्ट को लेकर कौन सा टेंडर अभी तक लगाया गया है, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है।
-अनिल मोहिल, एमई, नगर परिषद सिरसा।