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Sirsa News: किसानों को दी उन्नत खेती और पशुपालन की जानकारी
Sun, 01 Jun 2025 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sun, 01 Jun 2025 12:12 AM IST
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सिरसा। कृषि संकल्प अभियान के तहत शनिवार को जिले के विभिन्न गांवों में उन्नत खेती और पशुपालन से जुड़ा जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। इस अवसर पर खैरेकां, मीरपुर, झोपड़ा, मल्लेवाला, बुढ़ाभाना, बप्प, हुमायुखेड़ा, पट्टीकृपाल और मौजूखेड़ा में कार्यक्रम हुए।
अभियान में केंद्रीय कपास अनुसंधान संस्थान, केंद्रीय भैंस अनुसंधान संस्थान, कृषि विज्ञान केंद्र सिरसा, राष्ट्रीय डेयरी अनुसंधान संस्थान और बागवानी विभाग के विशेषज्ञों ने भाग लिया। डॉ. ऋषि और डॉ. अमरप्रीत सिंह ने कपास फसल में कीटों की रोकथाम के उपाय बताए, वहीं पशुपालन विशेषज्ञों ने संतुलित आहार, कृत्रिम गर्भाधान और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की।
इसके अलावा, कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञों ने मूंग व धान की फसल की बीमारियों और सीधी बिजाई की तकनीकों पर जानकारी दी, जबकि बागवानी विभाग ने फलों और सब्जियों पर सरकारी अनुदान, मधुमक्खी पालन और मशरूम कल्चर पर किसानों को प्रशिक्षित किया।
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कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को उर्वरक और कीटनाशकों के सही उपयोग, प्राकृतिक खेती और फसल विविधीकरण के लाभ बताए। डॉ. राकेश कूट ने किसानों को सीधी धान की बिजाई के लिए प्रेरित किया, जिससे पानी की बचत हो सके। इस दौरान किसानों को एग्रीहरियाणा पोर्टल के माध्यम से विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में खंड कृषि अधिकारी डॉ. प्यारे लाल, डॉ. सुखविंद्र, डॉ. दीपक मिर्धा, डॉ. गुरदीप गिल सहित अन्य कृषि विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और किसान उपस्थित रहे।
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अभियान में केंद्रीय कपास अनुसंधान संस्थान, केंद्रीय भैंस अनुसंधान संस्थान, कृषि विज्ञान केंद्र सिरसा, राष्ट्रीय डेयरी अनुसंधान संस्थान और बागवानी विभाग के विशेषज्ञों ने भाग लिया। डॉ. ऋषि और डॉ. अमरप्रीत सिंह ने कपास फसल में कीटों की रोकथाम के उपाय बताए, वहीं पशुपालन विशेषज्ञों ने संतुलित आहार, कृत्रिम गर्भाधान और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की।
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इसके अलावा, कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञों ने मूंग व धान की फसल की बीमारियों और सीधी बिजाई की तकनीकों पर जानकारी दी, जबकि बागवानी विभाग ने फलों और सब्जियों पर सरकारी अनुदान, मधुमक्खी पालन और मशरूम कल्चर पर किसानों को प्रशिक्षित किया।
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कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को उर्वरक और कीटनाशकों के सही उपयोग, प्राकृतिक खेती और फसल विविधीकरण के लाभ बताए। डॉ. राकेश कूट ने किसानों को सीधी धान की बिजाई के लिए प्रेरित किया, जिससे पानी की बचत हो सके। इस दौरान किसानों को एग्रीहरियाणा पोर्टल के माध्यम से विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में खंड कृषि अधिकारी डॉ. प्यारे लाल, डॉ. सुखविंद्र, डॉ. दीपक मिर्धा, डॉ. गुरदीप गिल सहित अन्य कृषि विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और किसान उपस्थित रहे।