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डीसी ने कॉलेज को लिखा पत्र, छात्राओं को दाखिला देने के आदेश
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कॉलेज की फाइल फोटो।
- फोटो : Sirsa
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राजकीय महिला महाविद्यालय में 12 छात्राओं का दाखिला आरटीजीएस की प्रक्रिया फेल होने के कारण न होने पर उपायुक्त ने कॉलेज को पत्र जारी किया है। जिसमें बैंक को दोषी बताकर उन छात्राओं के दाखिला करने के लिए कहा गया है।
उपायुक्त अशोक गर्ग के पत्र के बाद एडमिशन कमेटी ने पत्र की कॉपी डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को भेज दी। जिसके बाद डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने कॉलेज को उन छात्रों के चालान जनरेट कर फीस भुगतान करने को कहा। डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने दाखिले से वंचित रहे उन 12 छात्राओं के चालान नंबर मांगे हैं ताकि उनके रोल नंबर जेनरेट किया जा सके। धापी, नवजीत, राज रानी, सुमन, मोनिका रानी, नीतू रानी, आरजू, सुखवंत कौर व प्रियंका के रोल नंबर जेनरेट किए जाएंगे।
ये था मामला
राजकीय महिला महाविद्यालय में दाखिला लेने के लिए छात्रों ने आरटीजीएस के माध्यम से ऑनलाइन फीस भरी थी। छात्रों ने सूची में नाम आने पर फीस का भुगतान कर रसीद उन्होंने कॉलेज में भी जमा करवायी थी। लेकिन मल्लेकां ब्रांच की पंजाब नेशनल बैंक की आरटीजीएस प्रक्रिया सही से न होने के कारण 28 छात्राओं की फीस जमा नहीं हो पाई। जिसके चलते डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने उन छात्रों के रोल नंबर इशू नहीं किए। जब जांच की तो पता चला की फीस जमा न होने के कारण छात्रों के खातों में वापस आ गई है। जिसकी सूचना खाता धारकों को नहीं हुई। कॉलेज प्रशासन द्वारा जब डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को इस संबंध में सूचित किया गया लेकिन डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने इस पर कोई सुझाव नहीं दिया। डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को कोई जवाब न आने व कक्षाओं को शुरू होता देख छात्राएं उपायुक्त के पास अपनी समस्या लेकर पहुंची।
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छात्राओं की फीस जमा की जा रही है। जिसके बाद उन छात्राओं के चालान नंबर डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को भेज दिए जाएंगे। उसके बाद की प्रक्रिया डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन करेगी।
- केके डूडी, एडमिशन इंचार्ज, राजकीय महिला महाविद्यालय।
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उपायुक्त अशोक गर्ग के पत्र के बाद एडमिशन कमेटी ने पत्र की कॉपी डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को भेज दी। जिसके बाद डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने कॉलेज को उन छात्रों के चालान जनरेट कर फीस भुगतान करने को कहा। डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने दाखिले से वंचित रहे उन 12 छात्राओं के चालान नंबर मांगे हैं ताकि उनके रोल नंबर जेनरेट किया जा सके। धापी, नवजीत, राज रानी, सुमन, मोनिका रानी, नीतू रानी, आरजू, सुखवंत कौर व प्रियंका के रोल नंबर जेनरेट किए जाएंगे।
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ये था मामला
राजकीय महिला महाविद्यालय में दाखिला लेने के लिए छात्रों ने आरटीजीएस के माध्यम से ऑनलाइन फीस भरी थी। छात्रों ने सूची में नाम आने पर फीस का भुगतान कर रसीद उन्होंने कॉलेज में भी जमा करवायी थी। लेकिन मल्लेकां ब्रांच की पंजाब नेशनल बैंक की आरटीजीएस प्रक्रिया सही से न होने के कारण 28 छात्राओं की फीस जमा नहीं हो पाई। जिसके चलते डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने उन छात्रों के रोल नंबर इशू नहीं किए। जब जांच की तो पता चला की फीस जमा न होने के कारण छात्रों के खातों में वापस आ गई है। जिसकी सूचना खाता धारकों को नहीं हुई। कॉलेज प्रशासन द्वारा जब डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को इस संबंध में सूचित किया गया लेकिन डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन ने इस पर कोई सुझाव नहीं दिया। डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को कोई जवाब न आने व कक्षाओं को शुरू होता देख छात्राएं उपायुक्त के पास अपनी समस्या लेकर पहुंची।
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छात्राओं की फीस जमा की जा रही है। जिसके बाद उन छात्राओं के चालान नंबर डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन को भेज दिए जाएंगे। उसके बाद की प्रक्रिया डायरेक्टर ऑफ हायर एजुकेशन करेगी।
- केके डूडी, एडमिशन इंचार्ज, राजकीय महिला महाविद्यालय।