{"_id":"6a42b47c2adbe145b8089513","slug":"farmers-protest-on-nohar-feeder-sirsa-news-c-128-1-svns1027-160754-2026-06-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: किसानों ने नहरी विभाग के अधिकारियों को सुनाई खरी-खरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: किसानों ने नहरी विभाग के अधिकारियों को सुनाई खरी-खरी
Mon, 29 Jun 2026 11:37 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Mon, 29 Jun 2026 11:37 PM IST
विज्ञापन
धरने पर बैठे राजस्थान से आए किसान। संवाद
नोहर फीडर पर पानी निकासी परियोजना को लेकर चोपटा पहुंचे राजस्थान के किसानों ने दिया धरना
- राजस्थान के अधिकारी बोले-बिना अनुमति चल रहा है निर्माण
फोटो-- - 9
संवाद न्यूज एजेंसी
चोपटा। हरियाणा के हिसार-घग्गर मल्टीपर्पज ड्रेन से नोहर फीडर नहर पर ओवरफ्लो पानी की निकासी के लिए चल रहे निर्माण कार्य पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को एक बार फिर राजस्थान के नोहर तहसील के 20 से 25 गांवों के किसान हरियाणा में चोपटा के नहर स्थल पर पहुंच गए।
किसानों ने मौके पर दरी बिछाकर धरना शुरू कर दिया और राजस्थान के नोहर नहरी विभाग के एसी संजीव वर्मा तथा एसडीओ मनदीप धालीवाल को अपने बीच बैठाकर उच्च अधिकारियों को बुलाने की मांग की। किसानों का कहना था कि जब तक सिरसा से हरियाणा नहरी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर बातचीत नहीं करेंगे तब तक वे धरना समाप्त नहीं करेंगे।
पूर्व प्रधान सोहन लाल ढील ने आरोप लगाया कि हरियाणा के नहरी विभाग ने किसानों के साथ धोखा किया है। उन्होंने कहा कि किसानों द्वारा पहले निर्माण कार्य रुकवा दिया गया था। इसके बावजूद दोबारा निर्माण शुरू कर दिया गया। उन्होंने कहा कि जब तक किसानों की मांगें नहीं मानी जातीं तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
विज्ञापन
धरने में प्रधान गुरमैल सिंह जसाना, रामचंद्र न्यौल, महावीर शर्मा,सर्वमित्र, मांगेराम, गोपीराम, मानसिंह, रमेश सहित करीब 20 से 25 गांवों के किसान मौजूद रहे।
अधिकारी बोले- बिना अनुमति कराया गया निर्माण
मौके पर मौजूद नोहर नहरी विभाग के एसी संजीव वर्मा ने बताया कि हरियाणा के नहरी विभाग द्वारा उनके विभाग से अनुमति लिए बिना निर्माण कार्य कराया गया है और आगे भी निर्माण जारी है। उन्होंने कहा कि किसानों की चिंता यह है कि जिस क्षेत्र में 14 वाटर वर्क्स के लिए पेयजल का भंडारण होता है वहां ओवरफ्लो का पानी पहुंचने से पानी की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। उन्होंने कहा कि वे किसानों के साथ ही मौजूद हैं। उनकी मांग के अनुसार सिरसा के उच्च अधिकारियों से बातचीत कराने का प्रयास किया जा रहा है।
विज्ञापन
- राजस्थान के अधिकारी बोले-बिना अनुमति चल रहा है निर्माण
फोटो
संवाद न्यूज एजेंसी
चोपटा। हरियाणा के हिसार-घग्गर मल्टीपर्पज ड्रेन से नोहर फीडर नहर पर ओवरफ्लो पानी की निकासी के लिए चल रहे निर्माण कार्य पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को एक बार फिर राजस्थान के नोहर तहसील के 20 से 25 गांवों के किसान हरियाणा में चोपटा के नहर स्थल पर पहुंच गए।
किसानों ने मौके पर दरी बिछाकर धरना शुरू कर दिया और राजस्थान के नोहर नहरी विभाग के एसी संजीव वर्मा तथा एसडीओ मनदीप धालीवाल को अपने बीच बैठाकर उच्च अधिकारियों को बुलाने की मांग की। किसानों का कहना था कि जब तक सिरसा से हरियाणा नहरी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर बातचीत नहीं करेंगे तब तक वे धरना समाप्त नहीं करेंगे।
विज्ञापन
पूर्व प्रधान सोहन लाल ढील ने आरोप लगाया कि हरियाणा के नहरी विभाग ने किसानों के साथ धोखा किया है। उन्होंने कहा कि किसानों द्वारा पहले निर्माण कार्य रुकवा दिया गया था। इसके बावजूद दोबारा निर्माण शुरू कर दिया गया। उन्होंने कहा कि जब तक किसानों की मांगें नहीं मानी जातीं तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
विज्ञापन
धरने में प्रधान गुरमैल सिंह जसाना, रामचंद्र न्यौल, महावीर शर्मा,सर्वमित्र, मांगेराम, गोपीराम, मानसिंह, रमेश सहित करीब 20 से 25 गांवों के किसान मौजूद रहे।
अधिकारी बोले- बिना अनुमति कराया गया निर्माण
मौके पर मौजूद नोहर नहरी विभाग के एसी संजीव वर्मा ने बताया कि हरियाणा के नहरी विभाग द्वारा उनके विभाग से अनुमति लिए बिना निर्माण कार्य कराया गया है और आगे भी निर्माण जारी है। उन्होंने कहा कि किसानों की चिंता यह है कि जिस क्षेत्र में 14 वाटर वर्क्स के लिए पेयजल का भंडारण होता है वहां ओवरफ्लो का पानी पहुंचने से पानी की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। उन्होंने कहा कि वे किसानों के साथ ही मौजूद हैं। उनकी मांग के अनुसार सिरसा के उच्च अधिकारियों से बातचीत कराने का प्रयास किया जा रहा है।