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अवैध क्लीनिक चलाकर बेच रहा था एमटीपी किट,

Fri, 16 Mar 2018 01:08 AM IST
Updated Fri, 16 Mar 2018 01:08 AM IST
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अवैध क्लीनिक चलाकर बेच रहा था एमटीपी किट,
अमर उजाला ब्यूरो
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ओढां (सिरसा)।
ड्रग और पुलिस विभाग की ओर से रोड़ी में पिछले कई दिनों से छापेमार कार्रवाई की जा रही है। वीरवार को एक खास सूचना के आधार पर टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक क्लीनिक संचालक को एमटीपी किट सहित काबू किया है।
दरअसल रोड़ी पुलिस को सूचना मिली थी कि रोड़ी में एक व्यक्ति क्लीनिक की आड़ में एमटीपी किट बेचता है। पुलिस ने इसकी जानकारी ड्रग अधिकारी को देकर एक फर्जी ग्राहक तैयार कर उसे किट खरीदने के लिए 500 रुपये का नोट देकर भेजा। अरिहंत क्लिीनिक संचालक ने जैसे ही ग्राहक को किट दी तो इशारा पाते ही पुलिस और ड्रग विभाग की टीम ने क्लीनिक संचालक कमल जैन को रंगे हाथों काबू कर लिया। इस टीम में शामिल ड्रग अधिकारी राकेश छोकर, थाना प्रभारी सुखजीत सिंह, डॉ. गिरीश अत्री ने पूरे क्लिनिक को खंगाल डाला। वहीं सूचना पाकर डिप्टी सीएमओ डॉ. विरेश भूषण और ओढां के एसएमओ डॉ. भूषण गर्ग भी मौके पर पहुंचे। टीम देर रात्रि तक क्लीनिक पर जांच में जुटी रही। टीम को अंदेशा है कि क्लीनिक संचालक का संबंध लिंग जांच और भ्रूण हत्या करने वाले किन्हीं लोगों से है या नहीं। डिप्टी सीएमओ विरेश भूषण ने क्लीनिक संचालक कमल से पूछताछ की तो उसने बताया कि उसके पास उसके एक दोस्त का फोन आया था कि उसके पास एक ग्राहक आ रहा है उसे एमटीपी दे देना। जिसके बाद उसने ग्राहक को एक घंटे बाद किट ले जाने की बात कही। आरोपी क्लीनिक संचालक के मुताबिक वह एमटीपी किट सरदूलगढ़ के एक मेडिकल स्टोर से लेकर आया था। आरोपी ने अपनी सफाई में काफी दलीलें दीं, लेकिन अधिकारियों ने उसकी एक न सुनते हुए अपनी कार्रवाई जारी रखी।
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क्लीनिक के नाम पर चल रही थी अवैध दुकान
टीम के हत्थे चढ़ा झोलाछाप कमल कहने को तो एक चिकित्सक है, लेकिन उसके पास किसी तरह की कोई डिग्री या क्लिनिक चलाने का लाइसेंस नहीं मिला। ड्रग अधिकारी राकेश छोकर ने बताया कि आरोपी लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ ही नहीं कर रहा था अपितु एमटीपी की भी बिक्री करता था। जांच में सामने आया है कि आरोपी झोलाछाप कमल ने सरदूलगढ़ के एक अरिहंत नामक मेडिकल स्टोर से ढाई सौ रुपये की एमपीटी किट खरीदी थी। ये किट उसने टीम द्वारा भेजे गए फर्जी ग्राहक को 500 रुपये में बेच दी। विभाग ने आरोपी के क्लिनिक से 49 तरह की दवाइयां व मेडिकल औजार बरामद किए हैं। ड्रग अधिकारी के अनुसार इस बारे कई दिन से सूचना मिल रही थी जिसके चलते पुलिस व ड्रग विभाग ने जाल बिछाया था।
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आरोपी के पास कोई डिग्री या क्लिनिक का लाइसेंस नहीं है। आरोपी के पास से एक एमटीपी किट व 49 तरह की दवाइयां तथा मेडिकल औजार कब्जे में लिए हैं। आरोपी के खिलाफ इंडियन मेडिकल काउंसिल एक्ट के अलावा अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज करवाया गया है। विभाग द्वारा उक्त कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेेगी।
--राकेश छोकर, ड्रग कंट्रोलर सिरसा।
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