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चौटाला डबल मर्डर कांड के मास्टर माइंड छोटू भाट से जेल में मिला मोबाइल
Updated Thu, 15 Mar 2018 01:28 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा। जेल में रहकर चौटाला डबल मर्डर कांड की साजिश रचने वाले मुख्य आरोपी छोटू भाट अभी भी जेल में मोबाइल का इस्तेमाल करके अपना गैंग मजबूत करने में जुटा हुआ है। बुधवार को इसका खुलासा जेल प्रशासन के औचक निरीक्षण के दौरान उस समय हुआ जब छोटू भाट के पास से मोबाइल बरामद किया हुआ।
जेल में छोटू भाट पर हमला होने की शंका के चलते जेल प्रशासन की ओर से उसे जेल में बनी चक्की (एक खुले सेल)में कैद किया हुआ है। बुधवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे जेल उपअधीक्षक वरूण कुमार ने जेल में औचक निरीक्षण शुरू किया। इस दौरान जेल वार्डनों ने बैरकों की तलाशी लेनी शुरू कर दी। जेल उपअधीक्षक वरूण कुमार जेल वार्डनों के साथ जेल चक्कियों की तलाशी लेने पहुंचे तो। एक नंबर चक्की में कैद चौटाला डबल हत्याकांड के आरोपी छोटू भाट के पास मोबाइल मिला। हालांकि छोटू भाट को अन्य बंदियों से पता चल गया था कि बैरकों की तलाशी हो रही है। इसलिए उसने पहले ही मोबाइल से सिम निकालकर पहले ही फेंक दिया था। उसके पास मिले मोबाइल से सिम गायब मिला है, साथ ही ईएमआई नंबर भी ब्लेड से कुरेद कर मिटाया हुआ है। जेल प्रशासन ने मोबाइल अपने कब्जे में लेने के बाद शहर थाना पुलिस को इसकी सूचना दी। हुडा चौकी पुलिस ने जेल प्रशासन की शिकायत पर छोटू भाट के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। बता दें कि 11 जनवरी 2017 की रात करीब आठ बजकर 40 मिनट पर गांव चौटाला स्थित इनेलो नेता प्रदीप गोदारा की पीके फ्रूट कंपनी के ऑफिस में घुसकर कुछ बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। हमले में गांव चौटाला निवासी जमींदार सतबीर पूनिया और अमित सहारण की मौत हो गई थी।
बदला लेना चाहता था छोटू भाट
सिरसा जेल में हत्याकांड की साजिश छोटू भाट ने रची थी। इसका कारण यह था कि छोटू भाट पर डबवाली कोर्ट में जिन शूटरों ने गोलियां चलाईं, उनको चौटाला डबल मर्डर कांड में मरने वाले अमित सहारण ने कई दिनों तक शरण दी थी। इसी कारण छोटू भाट अमित सहारण से बदला लेना चाहता था। जेल में कैद रहे छोटू भाट ने अपने शराब कारोबारी साथी गांव चौटाला निवासी गंगाजल उर्फ महेंद्र, कालू उर्फ मुखराम और मिंडा उर्फ सुखविंद्र को संदेश भिजवाकर साजिश को अमलीजामा पहनाने की जिम्मेदारी सौंपी। ये तीनों अमित सहारण की रेकी करने में जुट गए। अमित सहारण की प्रदीप गोदारा के साथ अच्छी दोस्ती थी, इसलिए वे उसकी पीके फ्रूट कंपनी के ऑफिस में हर रोज आता था। रेकी का काम पूरा करने के बाद पांच शूटरों को सुपारी दी गई, जिन्होंने 11 जनवरी की रात को प्रदीप गोदारा के ऑफिस में फायरिंग की। इसमें अमित सहारण और उसके साथ बैठे सतबीर पूनिया की मौत हो गई।
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खुद कराई अपने घर पर फायरिंग
17 जनवरी को छोटू भाट जमानत मिलने पर सिरसा जेल से रिहा हुआ था। इसके बाद 23 जनवरी की रात को छोटू भाट के घर पर फायरिंग हुई। पुलिस की जांच में साफ हुआ ये काम बदमाशों का नहीं हो सकता। पुलिस को यकीन हो गया कि छोटू भाट ने पुलिस का ध्यान भटकाने के लिए अपने घर पर फायरिंग करवाई। संदेह के घेरे मेें चल रहे गंगाजल उर्फ महेंद्र, कालू उर्फ मुखराम और मिंडा उर्फ सुखविंद्र को पुलिस ने गिरफ्त में लेकर पूछताछ की तो डबल मर्डर हत्याकांड की सारी सच्चाई सामने आ गई। 24 जनवरी को पुलिस ने डबवाली कोर्ट से छोटू भाट का गिरफ्तारी वारंट जारी करवाया। इसके बाद छोटू भाट ने फिरोजपुर अदालत में सरेंडर कर दिया।
औचक निरीक्षण किया जाता है
जेल में औचक निरीक्षण अभियान चलाया जाता है, जिससे बंदियों को संभलने का मौका नहीं मिलता। बुधवार को निरीक्षण के दौरान छोटू भाट से मोबाइल बरामद किया गया। उसके खिलाफ पुलिस को शिकायत दे दी गई है। मोबाइल को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है।
-अमित भादू, जेल अधीक्षक सिरसा।
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सिरसा। जेल में रहकर चौटाला डबल मर्डर कांड की साजिश रचने वाले मुख्य आरोपी छोटू भाट अभी भी जेल में मोबाइल का इस्तेमाल करके अपना गैंग मजबूत करने में जुटा हुआ है। बुधवार को इसका खुलासा जेल प्रशासन के औचक निरीक्षण के दौरान उस समय हुआ जब छोटू भाट के पास से मोबाइल बरामद किया हुआ।
जेल में छोटू भाट पर हमला होने की शंका के चलते जेल प्रशासन की ओर से उसे जेल में बनी चक्की (एक खुले सेल)में कैद किया हुआ है। बुधवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे जेल उपअधीक्षक वरूण कुमार ने जेल में औचक निरीक्षण शुरू किया। इस दौरान जेल वार्डनों ने बैरकों की तलाशी लेनी शुरू कर दी। जेल उपअधीक्षक वरूण कुमार जेल वार्डनों के साथ जेल चक्कियों की तलाशी लेने पहुंचे तो। एक नंबर चक्की में कैद चौटाला डबल हत्याकांड के आरोपी छोटू भाट के पास मोबाइल मिला। हालांकि छोटू भाट को अन्य बंदियों से पता चल गया था कि बैरकों की तलाशी हो रही है। इसलिए उसने पहले ही मोबाइल से सिम निकालकर पहले ही फेंक दिया था। उसके पास मिले मोबाइल से सिम गायब मिला है, साथ ही ईएमआई नंबर भी ब्लेड से कुरेद कर मिटाया हुआ है। जेल प्रशासन ने मोबाइल अपने कब्जे में लेने के बाद शहर थाना पुलिस को इसकी सूचना दी। हुडा चौकी पुलिस ने जेल प्रशासन की शिकायत पर छोटू भाट के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। बता दें कि 11 जनवरी 2017 की रात करीब आठ बजकर 40 मिनट पर गांव चौटाला स्थित इनेलो नेता प्रदीप गोदारा की पीके फ्रूट कंपनी के ऑफिस में घुसकर कुछ बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। हमले में गांव चौटाला निवासी जमींदार सतबीर पूनिया और अमित सहारण की मौत हो गई थी।
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बदला लेना चाहता था छोटू भाट
सिरसा जेल में हत्याकांड की साजिश छोटू भाट ने रची थी। इसका कारण यह था कि छोटू भाट पर डबवाली कोर्ट में जिन शूटरों ने गोलियां चलाईं, उनको चौटाला डबल मर्डर कांड में मरने वाले अमित सहारण ने कई दिनों तक शरण दी थी। इसी कारण छोटू भाट अमित सहारण से बदला लेना चाहता था। जेल में कैद रहे छोटू भाट ने अपने शराब कारोबारी साथी गांव चौटाला निवासी गंगाजल उर्फ महेंद्र, कालू उर्फ मुखराम और मिंडा उर्फ सुखविंद्र को संदेश भिजवाकर साजिश को अमलीजामा पहनाने की जिम्मेदारी सौंपी। ये तीनों अमित सहारण की रेकी करने में जुट गए। अमित सहारण की प्रदीप गोदारा के साथ अच्छी दोस्ती थी, इसलिए वे उसकी पीके फ्रूट कंपनी के ऑफिस में हर रोज आता था। रेकी का काम पूरा करने के बाद पांच शूटरों को सुपारी दी गई, जिन्होंने 11 जनवरी की रात को प्रदीप गोदारा के ऑफिस में फायरिंग की। इसमें अमित सहारण और उसके साथ बैठे सतबीर पूनिया की मौत हो गई।
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खुद कराई अपने घर पर फायरिंग
17 जनवरी को छोटू भाट जमानत मिलने पर सिरसा जेल से रिहा हुआ था। इसके बाद 23 जनवरी की रात को छोटू भाट के घर पर फायरिंग हुई। पुलिस की जांच में साफ हुआ ये काम बदमाशों का नहीं हो सकता। पुलिस को यकीन हो गया कि छोटू भाट ने पुलिस का ध्यान भटकाने के लिए अपने घर पर फायरिंग करवाई। संदेह के घेरे मेें चल रहे गंगाजल उर्फ महेंद्र, कालू उर्फ मुखराम और मिंडा उर्फ सुखविंद्र को पुलिस ने गिरफ्त में लेकर पूछताछ की तो डबल मर्डर हत्याकांड की सारी सच्चाई सामने आ गई। 24 जनवरी को पुलिस ने डबवाली कोर्ट से छोटू भाट का गिरफ्तारी वारंट जारी करवाया। इसके बाद छोटू भाट ने फिरोजपुर अदालत में सरेंडर कर दिया।
औचक निरीक्षण किया जाता है
जेल में औचक निरीक्षण अभियान चलाया जाता है, जिससे बंदियों को संभलने का मौका नहीं मिलता। बुधवार को निरीक्षण के दौरान छोटू भाट से मोबाइल बरामद किया गया। उसके खिलाफ पुलिस को शिकायत दे दी गई है। मोबाइल को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है।
-अमित भादू, जेल अधीक्षक सिरसा।