फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   Court issued notice to Civil Line Police Station SHO for not presenting investigation report

जांच रिपोर्ट पेश नहीं करने पर सिविल लाइन थाना एसएचओ को कोर्ट ने जारी किया नोटिस

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 03 Dec 2021 12:06 AM IST
विज्ञापन
Court issued notice to Civil Line Police Station SHO for not presenting investigation report
सिरसा। शहर के निजी अस्पताल में कर्मचारी और अस्पताल प्रशासन के विवाद के बाद जांच को लेकर न्यायालय ने पुलिस को तलब किया है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। मामले में अगली सुनवाई 7 दिसंबर को है।
विज्ञापन

बताया जा रहा है कि नौकरी से निकालने का दबाव डालकर फर्जी बीमा रिपोर्ट बनवाने के मामले में आरोपी संजीवनी अस्पताल के अधिकारियों के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर तो दर्ज कर ली लेकिन जांच नहीं की। इस मामले में इस मामले की सुनवाई कोर्ट में थी, लेकिन सिविल लाइन थाना एसएचओ व एमएचसी हाजिर नहीं हुए। इसके बाद कोर्ट ने सिविल लाइन थाना एसएचओ व एमएचसी को नोटिस जारी करके 7 दिसंबर को कोर्ट समक्ष उपस्थित होने का निर्देश जारी कर दिया।
विज्ञापन

ये है मामला
मामले के अनुसार 26 दिसंबर 2020 को सिविल लाइन थाना पुलिस ने कोर्ट के निर्देश पर संजीवनी अस्पताल के डायरेक्टर डॉ. अंजनी अग्रवाल, मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. भावना अग्रवाल, सीए नेहा नागौरी, फार्मासिस्ट भागीरथ, ब्रांच मैनेजर स्टार हेल्थ विशाल तनेजा व एचआर मैनेजर शोभित मौर्या के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। पुलिस को दी शिकायत में शिकायतकर्ता राजीव कुमार पुत्र रामेश्वर दास निवासी जवाहर नगर, मंडी आदमपुर ने बताया था कि वह संजीवनी अस्पताल सिरसा में बीमा सहायक के पद पर कार्यरत है। उसने अक्तूबर 2019 में इस अस्पताल में नौकरी ज्वाइन की थी। उपरोक्त आरोपी नौकरी ज्वाइन करने के दिन से उस पर दबाव बनाया कि जो भी मरीज जिनका बीमा कवर है उनकी रिपोर्ट गलत बनाकर देनी है और मरीज को हर हालत में दाखिल करना है। राजीव को इनका ये तरीका अटपटा लगा और इनके अनुचित कार्यों के कारण 2 माह के अंदर ही 10 दिसंबर 2019 को उसने उपरोक्त अस्पताल से इस्तीफा दे दिया और डॉ. अंजनी से कहा कि वह आपके गलत कार्य में कोई साथ नहीं दे सकता। इसके बाद उसने जब 3 जनवरी 2020 को सर्वोदय अस्पताल, हिसार मे नौकरी के लिए आवेदन किया तो उन्होंने वेरिफिकेशन के लिए संजीवनी अस्पताल सिरसा में फोन किया तो उन्होंने जानबूझकर मेरी नकारात्मक रिपोर्ट दी और उसके खिलाफ भड़काया। इसके चलते उसे सर्वोदय अस्पताल, हिसार में नौकरी नहीं लग पाई। मजबूरन उसे 17 जनवरी 2020 को फिर से संजीवनी अस्पताल में नौकरी ज्वाइन करनी पड़ी।
विज्ञापन
विज्ञापन

न्यायालय के आदेश पर इस मामले की जांच कर रहे हैं। जांच अभी तक पूरी नहीं हुई है। जांच पूरी होने पर न्यायालय में रिपोर्ट पेश कर देंगे।
-राम निवास, एसएचओ, सिविल लाइन थाना, सिरसा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed