{"_id":"6ad26f3dc082369b8d096799","slug":"breach-in-kaluana-link-channel-leads-to-flooding-of-fields-over-10-acres-of-land-affected-by-erosion-sirsa-news-c-128-1-svns1027-166942-2026-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: कालुआना लिंक चैनल में दरार से खेतों में भरा पानी, 10 एकड़ से अधिक क्षेत्र में कटाव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: कालुआना लिंक चैनल में दरार से खेतों में भरा पानी, 10 एकड़ से अधिक क्षेत्र में कटाव
Sat, 17 Oct 2026 12:08 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sat, 17 Oct 2026 12:08 AM IST
विज्ञापन
डबवाली टूटी नहर
डबवाली। मौजगढ़ भाखड़ा हेड से निकलने वाले कालुआना लिंक चैनल में वीरवार रात गांव गंगा के रकबे में बुर्जी नंबर 35 के पास अचानक बड़ी दरार आ गई। इससे पानी आसपास के खेतों में फैल गया और 10 एकड़ से अधिक क्षेत्र में मिट्टी का कटाव होने से धान की फसल जलमग्न हो गई।
किसानों का आरोप है कि नहरी विभाग ने समय रहते उचित कार्रवाई नहीं की, जिससे नुकसान बढ़ गया। सूचना मिलने के बाद रात करीब 3:15 बजे मौजगढ़ हेड से माइनर का पानी बंद करवाया गया। शुक्रवार को विभागीय अधिकारियों की देखरेख में दरार भरने और मरम्मत का काम शुरू करवाया गया।
किसान छबीला राम ने बताया कि उसकी ढाणी खेत में ही है। शुक्रवार अलसुबह बाहर निकलने पर उसे चारों ओर पानी भरा दिखाई दिया। माइनर पर जाकर देखा तो वहां करीब एक एकड़ से अधिक क्षेत्र में कटाव हो चुका था और पानी लगातार खेतों की ओर बढ़ रहा था। उसने तुरंत नहरी विभाग के बेलदार गुरचरण सिंह और मेट संदीप को सूचना दी। दोनों कर्मचारियों ने उच्च अधिकारियों को माइनर टूटने की जानकारी दी। पानी बंद होने तक खेतों में मिट्टी भरने और धान की फसल को नुकसान पहुंचने की बात सामने आई।
विज्ञापन
किसानों ने कहा कि माइनर में इतनी बड़ी दरार पहले कभी नहीं आई। उनका कहना है कि समय रहते कदम उठाए जाते तो नुकसान कम हो सकता था। माइनर में केवल एक सप्ताह पानी छोड़े जाने की संभावना थी। अब क्षतिग्रस्त सिंचाई व्यवस्था से सरसों की बिजाई के लिए खेतों में पानी पहुंचने में परेशानी हो सकती है। किसानों ने स्थायी मरम्मत की मांग की है, ताकि भविष्य में फसलों को नुकसान न हो।
पहले भी टूट चुकी माइनर, मरम्मत नहीं करने का आरोप
किसान देवीलाल, हरप्रीत सिंह और काला सिंह ने विभागीय अधिकारियों के प्रति नाराजगी जताते हुए कहा कि सूचना के बावजूद अधिकारी समय पर मौके पर नहीं पहुंचे। उनके अनुसार, देरी के कारण पानी खेतों में फैलता रहा। किसानों ने बताया कि इससे पहले भी इसी स्थान से थोड़ी दूरी पर माइनर टूट चुकी है। उस समय उन्होंने लीपापोती के बजाय उचित मरम्मत की मांग की थी। विभाग ने नियमित सफाई और मरम्मत का आश्वासन दिया था लेकिन किसानों के मुताबिक पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया।
::::::::
कालुआना लिंक चैनल में पेड़ों की जड़ों के कारण रिसाव से दरार आ गई थी। एसडीओ की देखरेख में मरम्मत कार्य करवाया जा रहा है। दरार को भरकर माइनर की उचित तरीके से मरम्मत करवाई जाएगी।
रोहताश सहारण,कार्यकारी अभियंता नहरी विभाग
विज्ञापन
किसानों का आरोप है कि नहरी विभाग ने समय रहते उचित कार्रवाई नहीं की, जिससे नुकसान बढ़ गया। सूचना मिलने के बाद रात करीब 3:15 बजे मौजगढ़ हेड से माइनर का पानी बंद करवाया गया। शुक्रवार को विभागीय अधिकारियों की देखरेख में दरार भरने और मरम्मत का काम शुरू करवाया गया।
विज्ञापन
किसान छबीला राम ने बताया कि उसकी ढाणी खेत में ही है। शुक्रवार अलसुबह बाहर निकलने पर उसे चारों ओर पानी भरा दिखाई दिया। माइनर पर जाकर देखा तो वहां करीब एक एकड़ से अधिक क्षेत्र में कटाव हो चुका था और पानी लगातार खेतों की ओर बढ़ रहा था। उसने तुरंत नहरी विभाग के बेलदार गुरचरण सिंह और मेट संदीप को सूचना दी। दोनों कर्मचारियों ने उच्च अधिकारियों को माइनर टूटने की जानकारी दी। पानी बंद होने तक खेतों में मिट्टी भरने और धान की फसल को नुकसान पहुंचने की बात सामने आई।
विज्ञापन
किसानों ने कहा कि माइनर में इतनी बड़ी दरार पहले कभी नहीं आई। उनका कहना है कि समय रहते कदम उठाए जाते तो नुकसान कम हो सकता था। माइनर में केवल एक सप्ताह पानी छोड़े जाने की संभावना थी। अब क्षतिग्रस्त सिंचाई व्यवस्था से सरसों की बिजाई के लिए खेतों में पानी पहुंचने में परेशानी हो सकती है। किसानों ने स्थायी मरम्मत की मांग की है, ताकि भविष्य में फसलों को नुकसान न हो।
पहले भी टूट चुकी माइनर, मरम्मत नहीं करने का आरोप
किसान देवीलाल, हरप्रीत सिंह और काला सिंह ने विभागीय अधिकारियों के प्रति नाराजगी जताते हुए कहा कि सूचना के बावजूद अधिकारी समय पर मौके पर नहीं पहुंचे। उनके अनुसार, देरी के कारण पानी खेतों में फैलता रहा। किसानों ने बताया कि इससे पहले भी इसी स्थान से थोड़ी दूरी पर माइनर टूट चुकी है। उस समय उन्होंने लीपापोती के बजाय उचित मरम्मत की मांग की थी। विभाग ने नियमित सफाई और मरम्मत का आश्वासन दिया था लेकिन किसानों के मुताबिक पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया।
::::::::
कालुआना लिंक चैनल में पेड़ों की जड़ों के कारण रिसाव से दरार आ गई थी। एसडीओ की देखरेख में मरम्मत कार्य करवाया जा रहा है। दरार को भरकर माइनर की उचित तरीके से मरम्मत करवाई जाएगी।
रोहताश सहारण,कार्यकारी अभियंता नहरी विभाग