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लस्टर लोस चैक करने का नहीं है कोई पैमाना, उपरी जांच कर रिजेक्ट कर रहे अधिकारी
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सिरसा। बुधवार को सुबह आढ़ती एसोसिएशन मार्केट कमेटी सिरसा के सामने मांगों को लेकर हड़ताल पर बैठ गई और अनाज की खरीद को भी रोक दिया। इस पर आढ़ती एसोसिएशन ने मिल कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की तथा अपनी मांगों को लेकर उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा। आढ़तियों के गेहूं से भरे 6 ट्रकों को एफसीआई ने लस्टर लोस की वजह से उतारने से मना कर दिया।
हड़ताल पर बैठे आढ़ती मनोहर मेहता ने बताया कि सरकार ने हमेें तंग करने का ठेका ले रखा है। वहीं मौजूद आढ़ती अजय जैन, नवनीत सिंह, दर्शन लाल, सुधीर ललित ने बताया कि एफसीआई एजेंसी सिरसा मंडी से गेहूं के सैंपल को पास करके ले गए और माल का लदान करने के लिए कहा। इस पर आढ़तियों ने करीब छह ट्रकों के जरिए माल को एफसीआई गोदाम में भेज दिया। वहां से यह कहकर माल को वापस कर दिया कि इसमें लस्टर लोस है और इसको हम नहीं खरीद सकते। इस पर आढ़तियों की अधिकारियों के साथ बहस भी हुई। एफसीआई ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जब तक कोई उपर से आदेश नहीं आ जाते तब तक हम खरीद नहीं कर सकते। इस पर सभी आढ़ती बुधवार सुबह मार्केट कमेटी के गेट के आगे धरना लगाकर बैठ गए। धरने के दौरान आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान हरदीप सरकारिया पहुंचे तथा उन्होंने बताया कि केवल सिरसा जिला में ही बारिश नहीं हुई जो केवल सिरसा मंडी में ही लस्टर लोस आ रहा है। इसे मापने को कोई पैमाना भी नहीं है। अधिकारी केवल गेहूं का रंग देखकर ही बता रहे हैं कि यह लस्टर लोस गेहूं है। किसान अपने खेतों से सीधी फसल मंडी में लेकर आ रहा है तो इसमेें कोई लोस कैसे आ सकता है। यह बस सरकार की चाल है किसानों तथा आढ़तियों को तंग करने की। एफसीआई ने हमारे माल के भरे ट्रक वापिस मोड दिए, जिससे हमें बहुत नुकसान उठाना पड़ रहा है। क्योंकि मंडी से ट्रक लोड करने तथा ट्रक का किराया व वापिस आया माल उतारने में लगी मजदूरी का घाटा अब आढ़तियों को उठाना पड़ रहा है। सरकारिया ने कहा कि जब तक मंडी से गेहूं नहीं उठेगा तो किसान अपनी फसल कहां डालेगा। अब कोई भी आढ़ती किसी भी किसान की फसल नहीं लेगा, क्योंकि उनका कहना है कि हमें उनकी फसल की देखभाल भी करनी पड़ेगी तथा ना ही स्टोरेज के लिए हमारे पास इतनी जगह है। वहीं उप प्रधान सुधीर ललित ने बताया कि 15 अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू हुई है। लेकिन किसी भी एजेंसी ने अभी तक आढ़तियों को एक पैसे का भुगतान भी नहीं किया। जबकि सरकार का दावा है कि 72 घंटे में पेमेंट का भुगतान किया जाएगा।
दोपहर डेढ़ बजे जनता भवन पर हुई मीटिंग
आढ़तियों के धरने पर बैठने के कारण दोपहर डेढ़ बजे हरियाणा वेयर हाउसिंग कार्पोरेशन के चेयरमैन श्री निवास गोयल सिरसा में आढ़तियों के पास पहुंचे। श्रीनिवास गोयल के साथ आढ़तियों की बैठक हुई। आढ़तियों ने अपने सवाल दागते हुए कहा कि जब से सरकार आई है तब से आढ़तियों को परेशान किया जा रहा है। करीब एक घंटे तक चली मीटिंग में वेअर हाउसिंग कार्पोरेशन के चेयरमैन ने आढ़तियों को आश्वासन दिया कि उनके साथ न्याय किया जाएगा। इसके बाद आढ़तियों की डीएफएसआई अशोक बंसल और सीटीएम कुलभूषण बंसल के साथ भी बैठक हुई। जिसके बाद आढ़तियों ने धरना समाप्त कर दिया।
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हड़ताल पर बैठे आढ़ती मनोहर मेहता ने बताया कि सरकार ने हमेें तंग करने का ठेका ले रखा है। वहीं मौजूद आढ़ती अजय जैन, नवनीत सिंह, दर्शन लाल, सुधीर ललित ने बताया कि एफसीआई एजेंसी सिरसा मंडी से गेहूं के सैंपल को पास करके ले गए और माल का लदान करने के लिए कहा। इस पर आढ़तियों ने करीब छह ट्रकों के जरिए माल को एफसीआई गोदाम में भेज दिया। वहां से यह कहकर माल को वापस कर दिया कि इसमें लस्टर लोस है और इसको हम नहीं खरीद सकते। इस पर आढ़तियों की अधिकारियों के साथ बहस भी हुई। एफसीआई ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जब तक कोई उपर से आदेश नहीं आ जाते तब तक हम खरीद नहीं कर सकते। इस पर सभी आढ़ती बुधवार सुबह मार्केट कमेटी के गेट के आगे धरना लगाकर बैठ गए। धरने के दौरान आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान हरदीप सरकारिया पहुंचे तथा उन्होंने बताया कि केवल सिरसा जिला में ही बारिश नहीं हुई जो केवल सिरसा मंडी में ही लस्टर लोस आ रहा है। इसे मापने को कोई पैमाना भी नहीं है। अधिकारी केवल गेहूं का रंग देखकर ही बता रहे हैं कि यह लस्टर लोस गेहूं है। किसान अपने खेतों से सीधी फसल मंडी में लेकर आ रहा है तो इसमेें कोई लोस कैसे आ सकता है। यह बस सरकार की चाल है किसानों तथा आढ़तियों को तंग करने की। एफसीआई ने हमारे माल के भरे ट्रक वापिस मोड दिए, जिससे हमें बहुत नुकसान उठाना पड़ रहा है। क्योंकि मंडी से ट्रक लोड करने तथा ट्रक का किराया व वापिस आया माल उतारने में लगी मजदूरी का घाटा अब आढ़तियों को उठाना पड़ रहा है। सरकारिया ने कहा कि जब तक मंडी से गेहूं नहीं उठेगा तो किसान अपनी फसल कहां डालेगा। अब कोई भी आढ़ती किसी भी किसान की फसल नहीं लेगा, क्योंकि उनका कहना है कि हमें उनकी फसल की देखभाल भी करनी पड़ेगी तथा ना ही स्टोरेज के लिए हमारे पास इतनी जगह है। वहीं उप प्रधान सुधीर ललित ने बताया कि 15 अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू हुई है। लेकिन किसी भी एजेंसी ने अभी तक आढ़तियों को एक पैसे का भुगतान भी नहीं किया। जबकि सरकार का दावा है कि 72 घंटे में पेमेंट का भुगतान किया जाएगा।
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दोपहर डेढ़ बजे जनता भवन पर हुई मीटिंग
आढ़तियों के धरने पर बैठने के कारण दोपहर डेढ़ बजे हरियाणा वेयर हाउसिंग कार्पोरेशन के चेयरमैन श्री निवास गोयल सिरसा में आढ़तियों के पास पहुंचे। श्रीनिवास गोयल के साथ आढ़तियों की बैठक हुई। आढ़तियों ने अपने सवाल दागते हुए कहा कि जब से सरकार आई है तब से आढ़तियों को परेशान किया जा रहा है। करीब एक घंटे तक चली मीटिंग में वेअर हाउसिंग कार्पोरेशन के चेयरमैन ने आढ़तियों को आश्वासन दिया कि उनके साथ न्याय किया जाएगा। इसके बाद आढ़तियों की डीएफएसआई अशोक बंसल और सीटीएम कुलभूषण बंसल के साथ भी बैठक हुई। जिसके बाद आढ़तियों ने धरना समाप्त कर दिया।
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