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करंट में झुलसे पिता पुत्री की हालत खतरे से बाहर
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अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा। प्रीत नगर की बेगू रोड की गली नंबर 13 में बीते दिन करंट लगने से झुलसे राजमीत कौर व उसके पिता राजबीर सिंह की हालत अब खतरे से बाहर है। अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में उन्हें आईसीयू वार्ड से सर्जरी वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। हालांकि राजमीत कौर के पैरों और हाथ की सर्जरी की जाएगी। क्योंकि उसके पैर और हाथ की उंगलियां करंट से पूरी तरह से जल गई हैं।
पार्षद जश्न इंसां ने बताया कि पीड़ित परिवार को बीते दिनों प्रशासनिक अफसरों ने हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया था। लेकिन प्रशासन ने कोई भी आर्थिक सहायता उपलब्ध नहीं करवाई। गली के युवा ही आपस में मिल जुलकर पीड़ित परिवार का सहयोग कर रहे हैं। बता दें कि रविवार को गली नंबर 13 में एक मकान की छत पर खेल रहे 11 वर्षीय सुखदीप सिंह, ढाई वर्षीय बच्ची प्रिंस की करंट लगने से मौत हो गई थी। जबकि सुखदीप को बचाने के लिए आए उसके पिता राजबीर सिंह और बेटी राजमीत कौर भी झुलस गए। दोनों को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है।
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सिरसा। प्रीत नगर की बेगू रोड की गली नंबर 13 में बीते दिन करंट लगने से झुलसे राजमीत कौर व उसके पिता राजबीर सिंह की हालत अब खतरे से बाहर है। अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में उन्हें आईसीयू वार्ड से सर्जरी वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। हालांकि राजमीत कौर के पैरों और हाथ की सर्जरी की जाएगी। क्योंकि उसके पैर और हाथ की उंगलियां करंट से पूरी तरह से जल गई हैं।
पार्षद जश्न इंसां ने बताया कि पीड़ित परिवार को बीते दिनों प्रशासनिक अफसरों ने हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया था। लेकिन प्रशासन ने कोई भी आर्थिक सहायता उपलब्ध नहीं करवाई। गली के युवा ही आपस में मिल जुलकर पीड़ित परिवार का सहयोग कर रहे हैं। बता दें कि रविवार को गली नंबर 13 में एक मकान की छत पर खेल रहे 11 वर्षीय सुखदीप सिंह, ढाई वर्षीय बच्ची प्रिंस की करंट लगने से मौत हो गई थी। जबकि सुखदीप को बचाने के लिए आए उसके पिता राजबीर सिंह और बेटी राजमीत कौर भी झुलस गए। दोनों को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है।
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