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Rohtak News: यूएचएस में नकल के खेल में विद्यार्थियों को बनाया था बिचौलिया

Thu, 27 Feb 2025 02:14 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 27 Feb 2025 02:14 AM IST
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Students were made middlemen in cheating game in UHS
यूएचएस के नकल के खेल में शामिल लोगों ने विद्यार्थियों को दोहरी प्रताड़ना दी है। रुपये लेकर पास कराने के बाद नए विद्यार्थियों से रुपये वसूली का काम भी उन्हीं से लिया गया। शिकायतकर्ता की शिकायत में भी यह बात सामने आ चुकी है।
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विद्यार्थी ही रुपये इकट्ठा कर एक बिचौलिया के रूप में आरोपियों तक पहुंचाते थे। यहां से रुपये अलग-अलग खातों में भेजे गए। ऐसे ही एक आरोपी के खाते में 150 करोड़ रुपये से अधिक की राशि भेजने की पुष्टि हो चुकी है। इसके बावजूद खाताधारक पर कार्रवाई नहीं हो रही है।
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नकल के खेल मामले में गठित जांच कमेटी की रिपोर्ट के बाद शिकायतकर्ता के आरोप सही पाए गए। कमेटी ने साक्ष्यों के आधार पर आरोपों की पुष्टि करते हुए फेल विद्यार्थी को पास कराने के लिए उत्तर पुस्तिकाओं से छेड़छाड़ व गड़बड़ी करने की पुष्टि की है। इस पुष्टि के साथ ही विद्यार्थियों की दोहरी प्रताड़ना की बात भी कही गई है। इसमें रुपये देकर पास होने वाले विद्यार्थियों को ही बिचौलिया बनाकर नए विद्यार्थियों से रुपये वसूली का काम कराया गया। इस पर उन्हें परीक्षा फेल करने का डर व दबाव बनाया गया।
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शिकायत में इस बारे में साफ लिखा है। विद्यार्थियों से मिले रुपये आरोपियों तक पहुंचने के बाद इन्हें खातों में भेजा गया। इनमें से एक खाते में करीब 150 करोड़ रुपये से ज्यादा की ट्रांजेक्शन किए जाने की बात सामने आई है। ऐसे में यह खाता व खाताधारक दोनों जांच के दायरे में आ गए हैं। इसके बावजूद इस ओर कार्रवाई नहीं हो रही है।


यह है मामला
यूएचएस में नकल के खेल मामले की एक विद्यार्थी ने शिकायत की थी। विजिलेंस के साथ यूएचएस को भी दस्तावेजों व वीडियो के साथ शिकायत दी गई थी। इसमें परीक्षा शाखा से उत्तरी पुस्तिकाएं निकालकर बाहर ले जाने व लिखी हुए उत्तर साफ कर दोबारा उत्तर लिखकर एमबीबीएस के फेल विद्यार्थियों को पास कराने की बात कही गई थी। इसके लिए औसतन पांच लाख रुपये प्रति विद्यार्थी प्रति पेपर वसूलने का भी आरोप लगाया गया था। इस मामले में एक माह पूर्व विवि प्रशासन जांच कमेटी गठित की थी। इसकी रिपोर्ट आने पर विवि प्रशासन ने कार्रवाई की है।
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