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Rohtak News: विद्यार्थियों को मादक पदार्थ व गेमिंग एडिक्शन के बारे में जानकारी दी
Tue, 25 Feb 2025 01:38 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Tue, 25 Feb 2025 01:38 AM IST
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24सीटीके24-एमडीयू में एडिक्शन केस मैनेजमेंट कार्यशाला में मौजूद विद्यार्थी व शिक्षक। स्रोत:एम
रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (एमडीयू) में एडिक्शन केस मैनेजमेंट पर सोमवार को कार्यशाला का आयोजन किया गया। सुबह के सत्र में, प्रतिष्ठित मनोचिकित्सक डॉ. हरीश वशिष्ठ और क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट डॉ. मंजीत ने नशे के विभिन्न प्रकारों शराब, मादक पदार्थ और गेमिंग एडिक्शन पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने परिवार, समुदाय व पेशेवर मदद के माध्यम से मरीजों को ठीक करने की प्रक्रिया को भी समझाया।
यह कार्यशाला यूनिवर्सिटी आउटरीच प्रोग्राम सेंटर फॉर डिसेबिलिटी स्टडीज और अंकुश फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई। कार्यशाला का उद्देश्य नशे से संबंधित समस्याओं के समाधान व उपचार के प्रभावी तरीकों पर चर्चा करना था। कार्यशाला में विभिन्न विशेषज्ञों, चिकित्सकों और मनोवैज्ञानिकों ने भाग लिया। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य के प्रभाव को समझते हुए एडिक्शन को एक समग्र दृष्टिकोण से देखने की आवश्यकता पर बल दिया। इसमें उपस्थित लोगों को एडिक्शन केस मैनेजमेंट में नवीनतम शोध और उपायों से अवगत कराया। प्रतिभागियों ने कार्यशाला को बहुत ही उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताया। इस अवसर पर निदेशक, यूनिवर्सिटी आउटरीच प्रोग्राम प्रो. अंजू धीमान, सीडीएस निदेशक प्रो. प्रतिमा देवी, डॉ. हरकेश सहरावत, डॉ. करमवीर श्योकंद, डॉ. आरती चहल समेत शिक्षक, स्टाफ सदस्य और विद्यार्थी उपस्थित थे।
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यह कार्यशाला यूनिवर्सिटी आउटरीच प्रोग्राम सेंटर फॉर डिसेबिलिटी स्टडीज और अंकुश फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई। कार्यशाला का उद्देश्य नशे से संबंधित समस्याओं के समाधान व उपचार के प्रभावी तरीकों पर चर्चा करना था। कार्यशाला में विभिन्न विशेषज्ञों, चिकित्सकों और मनोवैज्ञानिकों ने भाग लिया। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य के प्रभाव को समझते हुए एडिक्शन को एक समग्र दृष्टिकोण से देखने की आवश्यकता पर बल दिया। इसमें उपस्थित लोगों को एडिक्शन केस मैनेजमेंट में नवीनतम शोध और उपायों से अवगत कराया। प्रतिभागियों ने कार्यशाला को बहुत ही उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताया। इस अवसर पर निदेशक, यूनिवर्सिटी आउटरीच प्रोग्राम प्रो. अंजू धीमान, सीडीएस निदेशक प्रो. प्रतिमा देवी, डॉ. हरकेश सहरावत, डॉ. करमवीर श्योकंद, डॉ. आरती चहल समेत शिक्षक, स्टाफ सदस्य और विद्यार्थी उपस्थित थे।
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