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Rohtak News: सीजन का पहला मलेरिया केस मिला, 150 घरों में से 13 में लारवा मिला
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रोहतक। मलेरिया ने दस्तक दे दी है। जिले में सीजन का पहला केस मिल गया है। हिसार से इस केस की जानकारी मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सांपला में लारवा विरोधी गतिविधि चलाई। टीम को 150 घरों जांच करने पर 13 में मच्छर का लारवा मिला। यहां बुखार पीड़ितों के सैंपल बनाने के साथ दवा भी वितरित की गई। साथ ही इलाके में फोगिंग भी कराई गई।
स्वास्थ्य विभाग को सांपला के वार्ड एक देव कॉलोनी निवासी 15 वर्षीय लीला के बुखार से पीड़ित होने की सूचना मिली। यह नाबालिग हिसार में अपने ननिहाल गया था। यहां बुखार होने पर इसे परिजनों ने सिविल अस्पताल में जांच कराई। जांच में रिपोर्ट मलेरिया पॉजिटिव यानी पीवी (प्लाज मोडियम वाई वेक्स) की पुष्टि हुई। वीरवार को स्वास्थ्य विभाग ने सीएचसी सांपला से सुपरवाइजर अरुण कुमार, स्वास्थ्य कार्यकर्ता प्रवीण कुमार, विजय बहल, मैनवती, आशा वर्कर राधा, शकुंतला और सुशीला की टीम सांपला के वार्ड एक देव कॉलोनी में भेजी। इस टीम ने जिला मलेरिया कार्यालय हिसार की ओर से भेजी गई मलेरिया पॉजिटिव रिपोर्ट की पड़ताल कर इलाके व केस की पुष्टि की।
150 घर खंगाले, 13 में मिला लारवा
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने इलाके का दौरा कर मलेरिया पीड़ित व आसपास के 150 घरों में लारवा विरोधी गतिविधि चलाई। इसमें 13 स्थानों पर लारवा मिला। यहां 60 ब्लड स्लाइड बनाई गई। सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला के आदेश पर बनाई गई टीम में वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी सांपला डॉ. रेनू मलिक, जोनल एटोमोलोजिस्ट सुमित कुमार, स्वास्थ्य कार्यकर्ता मुकेश नैनकवाल, विनयपाल मलिक, इंसेक्ट कलेक्टर सोनिया, प्रदीप कुमार शामिल रहे। टीम ने फोगिंग के लिए नगर पालिका सांपला को दवा उपलब्ध करा कर फोगिंग कराई गई।
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बुखार हो तो ब्लड स्लाइड जरूर बनवाएं
मच्छर जनित रोगों को लेकर सजग रहना जरूरी है। मच्छरों के पनपने से मलेरिया-डेंगू का खतरा रहता है। इन दिनों बुखार होने पर संबंधित व्यक्ति अस्पताल या नजदीकी उप-स्वास्थ्य केंद्र में जांच जरूर कराए। यहां ब्लड स्लाइड बनवाएं। इससे मलेरिया का समय पर पता लग सकेगा। इससे मरीज को शीघ्र व उचित इलाज मिल सकेगा।
मलेरिया से यूं करें बचाव
- मच्छरों को पनपने का माहौल न दें।
- घर या आसपास पानी जमा न होने दें।
- घर व आसपास पूरी साफ सफाई रखें।
- पानी खड़ा होने पर उसमें काला तेल डालें।
- कूलर को हर सप्ताह साफ करके सुखाएं।
- घर में भी पूरी बाजू के कपड़े पहन कर रहें।
- फूल व पक्षियों के बर्तनों का साफ करते रहें।
सांपला में मलेरिया केस मिला है। यह 15 वर्षीय लड़का हिसार में अपने ननिहाल गया था। वहां बुखार होेने पर जांच कराई। इसकी रिपोर्ट में मलेरिया की पुष्टि हुई। इसके चलते विभाग ने संबंधित इलाके में लारवा विरोधी गतिविधि चलाई। लोगों को दवा देने व ब्लड स्लाइड बनाने के साथ मच्छर जनित रोगों के प्रगति सजग रहने के लिए भी प्रेरित किया।
डॉ. अनिल बिरला, सिविल सर्जन।
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स्वास्थ्य विभाग को सांपला के वार्ड एक देव कॉलोनी निवासी 15 वर्षीय लीला के बुखार से पीड़ित होने की सूचना मिली। यह नाबालिग हिसार में अपने ननिहाल गया था। यहां बुखार होने पर इसे परिजनों ने सिविल अस्पताल में जांच कराई। जांच में रिपोर्ट मलेरिया पॉजिटिव यानी पीवी (प्लाज मोडियम वाई वेक्स) की पुष्टि हुई। वीरवार को स्वास्थ्य विभाग ने सीएचसी सांपला से सुपरवाइजर अरुण कुमार, स्वास्थ्य कार्यकर्ता प्रवीण कुमार, विजय बहल, मैनवती, आशा वर्कर राधा, शकुंतला और सुशीला की टीम सांपला के वार्ड एक देव कॉलोनी में भेजी। इस टीम ने जिला मलेरिया कार्यालय हिसार की ओर से भेजी गई मलेरिया पॉजिटिव रिपोर्ट की पड़ताल कर इलाके व केस की पुष्टि की।
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150 घर खंगाले, 13 में मिला लारवा
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने इलाके का दौरा कर मलेरिया पीड़ित व आसपास के 150 घरों में लारवा विरोधी गतिविधि चलाई। इसमें 13 स्थानों पर लारवा मिला। यहां 60 ब्लड स्लाइड बनाई गई। सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला के आदेश पर बनाई गई टीम में वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी सांपला डॉ. रेनू मलिक, जोनल एटोमोलोजिस्ट सुमित कुमार, स्वास्थ्य कार्यकर्ता मुकेश नैनकवाल, विनयपाल मलिक, इंसेक्ट कलेक्टर सोनिया, प्रदीप कुमार शामिल रहे। टीम ने फोगिंग के लिए नगर पालिका सांपला को दवा उपलब्ध करा कर फोगिंग कराई गई।
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बुखार हो तो ब्लड स्लाइड जरूर बनवाएं
मच्छर जनित रोगों को लेकर सजग रहना जरूरी है। मच्छरों के पनपने से मलेरिया-डेंगू का खतरा रहता है। इन दिनों बुखार होने पर संबंधित व्यक्ति अस्पताल या नजदीकी उप-स्वास्थ्य केंद्र में जांच जरूर कराए। यहां ब्लड स्लाइड बनवाएं। इससे मलेरिया का समय पर पता लग सकेगा। इससे मरीज को शीघ्र व उचित इलाज मिल सकेगा।
मलेरिया से यूं करें बचाव
- मच्छरों को पनपने का माहौल न दें।
- घर या आसपास पानी जमा न होने दें।
- घर व आसपास पूरी साफ सफाई रखें।
- पानी खड़ा होने पर उसमें काला तेल डालें।
- कूलर को हर सप्ताह साफ करके सुखाएं।
- घर में भी पूरी बाजू के कपड़े पहन कर रहें।
- फूल व पक्षियों के बर्तनों का साफ करते रहें।
सांपला में मलेरिया केस मिला है। यह 15 वर्षीय लड़का हिसार में अपने ननिहाल गया था। वहां बुखार होेने पर जांच कराई। इसकी रिपोर्ट में मलेरिया की पुष्टि हुई। इसके चलते विभाग ने संबंधित इलाके में लारवा विरोधी गतिविधि चलाई। लोगों को दवा देने व ब्लड स्लाइड बनाने के साथ मच्छर जनित रोगों के प्रगति सजग रहने के लिए भी प्रेरित किया।
डॉ. अनिल बिरला, सिविल सर्जन।