{"_id":"675dde58b700cff91105fa35","slug":"railway-elevated-track-five-member-inquiry-committee-recommended-increasing-the-compensation-rate-of-residential-property-rohtak-news-c-17-roh1019-562409-2024-12-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rohtak News: रेलवे एलिवेटेड ट्रैक... पांच सदस्यीय जांच कमेटी ने की रिहायशी प्रॉपर्टी की मुआवजा दर बढ़ाने की सिफारिश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rohtak News: रेलवे एलिवेटेड ट्रैक... पांच सदस्यीय जांच कमेटी ने की रिहायशी प्रॉपर्टी की मुआवजा दर बढ़ाने की सिफारिश
Sun, 15 Dec 2024 01:07 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Sun, 15 Dec 2024 01:07 AM IST
विज्ञापन
रेलवे एलिवेटेड ट्रैक के साथ-साथ बनाई जा रही 1.7 किलोमीटर लंबी व 15 फीट चौड़ी सड़क की बाधाएं दूर करने के लिए एसडीएम की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी ने जांच पूरी कर ली है।
शुक्रवार को डीसी कार्यालय में जांच रिपोर्ट भेजी गई, जिसमें रिहायशी प्रॉपर्टी की मुआवजा दर 30 हजार रुपये प्रति गज से बढ़ाने की सिफारिश की गई है, साथ ही 76 के करीब प्रॉपर्टी को काॅमर्शियल माना गया है। अब डीसी कार्यालय से पूरी जांच रिपोर्ट सरकार के पास मंजूरी के लिए भेजी जाएगी।
शहर के बीचोबीच रोहतक-पानीपत रेलवे लाइन के दोनों तरफ सड़क बनाई जानी हैं। पुरानी रेलवे लाइन उखाड़कर 21 करोड़ की लागत से पीडब्ल्यूडी राजीव गांधी स्टेडियम से चिन्योट कॉलोनी तक 3.8 किलोमीटर लंबी सड़क बना रहा है। इस सड़क का काम शुरू हो गया है। दूसरी तरफ निगम को 2.51 करोड़ से 1.7 किलोमीटर लंबी व 15 फीट चौड़ी सड़क बना रहा है, लेकिन सड़क निर्माण में मकान व दुकानें आड़े आ रही हैं। निगम अधिकारियों ने विधानसभा चुनाव से पहले 21 जून तक 81 भवन मालिकों से सहमति पत्र मांगा था, जिनकी जमीन सड़क निर्माण में आ रही है। भवन मालिकों ने अपने सहमति पत्र नहीं दिए। बाद में 23 लोगों ने लिखित में शिकायत की कि उनकी प्रॉपर्टी को रिहायशी मानकर मुआवजा राशि दी जा रही है, जबकि दूसरों की कामर्शियल मानी गई है। डीसी ने एसडीएम आशीष कुमार की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया था, जिसमें तहसीलदार राजेश कुमार, निगम के कार्यकारी अभियंता मनदीप धनखड़, भू-अधिकारी संदीप बतरा व लोक निर्माण विभाग के एसई को शामिल किया गया था।
विज्ञापन
डीसी कर चुके हैं मौके का मुआयना
लंबे समय से सड़क का निर्माण अटका हुआ है। पिछले सप्ताह डीसी धीरेंद्र खड़गटा ने सभी विभागों के अधिकारियों को साथ लेकर मौके का मुआयना किया था, साथ ही सड़क निर्माण कार्य की गति बढ़ाने की हिदायत दी थी।
जांच रिपोर्ट तैयार हो गई है, जिसे डीसी कार्यालय भेजा गया है। अब आला अधिकारी मामले में अंतिम निर्णय लेकर सरकार के पास रिपोर्ट भेजेंगे।
- संदीप बतरा, भू-अधिकारी नगर निगम।
विज्ञापन
शुक्रवार को डीसी कार्यालय में जांच रिपोर्ट भेजी गई, जिसमें रिहायशी प्रॉपर्टी की मुआवजा दर 30 हजार रुपये प्रति गज से बढ़ाने की सिफारिश की गई है, साथ ही 76 के करीब प्रॉपर्टी को काॅमर्शियल माना गया है। अब डीसी कार्यालय से पूरी जांच रिपोर्ट सरकार के पास मंजूरी के लिए भेजी जाएगी।
विज्ञापन
शहर के बीचोबीच रोहतक-पानीपत रेलवे लाइन के दोनों तरफ सड़क बनाई जानी हैं। पुरानी रेलवे लाइन उखाड़कर 21 करोड़ की लागत से पीडब्ल्यूडी राजीव गांधी स्टेडियम से चिन्योट कॉलोनी तक 3.8 किलोमीटर लंबी सड़क बना रहा है। इस सड़क का काम शुरू हो गया है। दूसरी तरफ निगम को 2.51 करोड़ से 1.7 किलोमीटर लंबी व 15 फीट चौड़ी सड़क बना रहा है, लेकिन सड़क निर्माण में मकान व दुकानें आड़े आ रही हैं। निगम अधिकारियों ने विधानसभा चुनाव से पहले 21 जून तक 81 भवन मालिकों से सहमति पत्र मांगा था, जिनकी जमीन सड़क निर्माण में आ रही है। भवन मालिकों ने अपने सहमति पत्र नहीं दिए। बाद में 23 लोगों ने लिखित में शिकायत की कि उनकी प्रॉपर्टी को रिहायशी मानकर मुआवजा राशि दी जा रही है, जबकि दूसरों की कामर्शियल मानी गई है। डीसी ने एसडीएम आशीष कुमार की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया था, जिसमें तहसीलदार राजेश कुमार, निगम के कार्यकारी अभियंता मनदीप धनखड़, भू-अधिकारी संदीप बतरा व लोक निर्माण विभाग के एसई को शामिल किया गया था।
विज्ञापन
डीसी कर चुके हैं मौके का मुआयना
लंबे समय से सड़क का निर्माण अटका हुआ है। पिछले सप्ताह डीसी धीरेंद्र खड़गटा ने सभी विभागों के अधिकारियों को साथ लेकर मौके का मुआयना किया था, साथ ही सड़क निर्माण कार्य की गति बढ़ाने की हिदायत दी थी।
जांच रिपोर्ट तैयार हो गई है, जिसे डीसी कार्यालय भेजा गया है। अब आला अधिकारी मामले में अंतिम निर्णय लेकर सरकार के पास रिपोर्ट भेजेंगे।
- संदीप बतरा, भू-अधिकारी नगर निगम।