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जाट राजा हैं, राजा को याचक नहीं बनना चाहिए
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Thu, 26 Nov 2015 02:02 AM IST
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जाट आरक्षण को लेकर प्रदेश में जारी बयानबाजी थमने का नाम नहीं ले रही है।
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बुधवार को रोहतक पहुंचे छिछरौली के पूर्व विधायक रोशन लाल आर्य ने
पत्रकारवार्ता में कहा कि आरक्षण आर्थिक पिछ़डी जातियों को बराबरी पर लाने
के लिए है। ओबीसी और एससी सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछडे़ हुए हैं।
जाट आर्थिक रूप से पिछड़े नहीं हैं, वे तो राजा है और राजा को याचक नहीं बनना चाहिए। प्रदेश में पांच जाट मुख्यमंत्री बन चुके हैं। जो जाट आर्थिक रूप से पिछड़े हैं, उन्हें सरकार से आरक्षण नहीं बल्कि रोजगार, इंडस्ट्रीज और पेट्रोल पंप मांगने चाहिए। महाबली जाटों को आरक्षण मांगने का हक नहीं हैं।
केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री संजीव बाल्याण के मंगलवार को दिए गए बयान पर पूर्व विधायक ने कहा कि न हरियाणा की हवा खराब है और न ही पश्चिमी यूपी की। यूपी से आकर हरियाणा में ऐसी बात कहने का किसी को कोई अधिकार ही नहीं है। ये लोग सिर्फ वाहवाही लेने के लिए आरक्षण की बात कह रहे हैं, जबकि सुप्रीम कोर्ट ने आरक्षण की मांग को ठुकरा दिया है। जब उनसे पूछा कि आपने कहा कि लाठी हाथ में हो तो जाट ठीक चलते हैं।
इस पर उन्होंने कहा कि मैंने तो कहावत के बारे में कहा था। मैंने लाठी लेकर मारने के लिए नहीं कहा। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आरक्षण गरीबी की दवा नहीं है।
जाट आर्थिक रूप से पिछड़े नहीं हैं, वे तो राजा है और राजा को याचक नहीं बनना चाहिए। प्रदेश में पांच जाट मुख्यमंत्री बन चुके हैं। जो जाट आर्थिक रूप से पिछड़े हैं, उन्हें सरकार से आरक्षण नहीं बल्कि रोजगार, इंडस्ट्रीज और पेट्रोल पंप मांगने चाहिए। महाबली जाटों को आरक्षण मांगने का हक नहीं हैं।
केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री संजीव बाल्याण के मंगलवार को दिए गए बयान पर पूर्व विधायक ने कहा कि न हरियाणा की हवा खराब है और न ही पश्चिमी यूपी की। यूपी से आकर हरियाणा में ऐसी बात कहने का किसी को कोई अधिकार ही नहीं है। ये लोग सिर्फ वाहवाही लेने के लिए आरक्षण की बात कह रहे हैं, जबकि सुप्रीम कोर्ट ने आरक्षण की मांग को ठुकरा दिया है। जब उनसे पूछा कि आपने कहा कि लाठी हाथ में हो तो जाट ठीक चलते हैं।
इस पर उन्होंने कहा कि मैंने तो कहावत के बारे में कहा था। मैंने लाठी लेकर मारने के लिए नहीं कहा। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आरक्षण गरीबी की दवा नहीं है।