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हिंदी का पेपर बीस मिनट बाद ही सोशल मीडिया पर वायरल, 9 यूएमसी बनी

Wed, 04 Mar 2020 01:54 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 04 Mar 2020 01:54 AM IST
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Hindi paper goes viral on social media after twenty minutes, 9 UMC
हरियाणा बोड की 12वीं की हिंदी की परीक्षा में डोभ के राजकीय स्कूल में नकल कराने के लिए पहुंचे युवक ग?
हरियाणा बोर्ड की परीक्षा के पहले ही दिन प्रशासन के नकल रहित परीक्षा करवाने के दावों की पोल खुलती नजर आई। परीक्षा शुरू होने के पंद्रह से बीस मिनट के अंदर ही हिंदी के प्रश्नपत्र के चारों सेट सोशल मीडिया पर वायरल हो गये।
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दोपहर साढ़े बारह बजे परीक्षा शुरू हुई थी, परीक्षा शुरू होने के बीस मिनट बाद 12 बजकर पचास मिनट तक प्रश्नपत्र सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा। प्रश्नपत्रों को देखकर बच्चों ने नकल बनाकर केंद्रों के अंदर फेंकने का प्रयास किया। अब सवाल उठता है कि जब परीक्षा केंद्र के अंदर से ये पेपर आउट कैसे हुए, जब सोशल मीडिया पर यह पेपर आया तो शुरू में मीडिया को लगा कि यह कोेई फेक पेपर है, लेकिन जब परीक्षा खत्म होने के बाद पेपर का मिलान किया तो पाया गया कि जो पेपर आउट था, वही असली पेपर भी है। कुछ युवकों ने बात-बात में बताया कि कुछ ने तो पचास-पचास रुपये में पेपर लिया और केंद्र के बाहर नकल बनाई। उधर, उड़न दस्ते ने अलग-अलग जगह 9 विद्यार्थियों को नकल करते हुए पकड़ा, उनका नकल प्रकरण (यूएमसी) बनाया गया। इनमें डीईओ फ्लाइंग ने चार केस आर्य धनवंतरी हाईस्कूल से पकड़े जो गाइड के पन्ने फाड़कर अपने साथ लेकर गए थे। ग्रामीण क्षेत्र के स्कूल गांव से बाहरी क्षेत्र में होने के कारण वहां युवक खुले क्षेत्र का फायदा उठाते नजर आए। जिले में 45 परीक्षा केंद्रों पर 9988 विद्यार्थियों की बोर्ड परीक्षा थी, जिसमें बच्चों ने पेपर देने के बाद कहा कि पूरा पेपर सिलेबस से ही था और कोई प्रश्न बाहर से नहीं आया था।
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नहीं कोई सुधार पिछले बार भी हुआ था यही वाक्या :
ऐसा नहीं है कि परीक्षा पत्र पहली बार सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, पिछली बार भी परीक्षाओं में यही हाल था। 2019 में सात मार्च को बारहवीं का अंग्रेजी का पहला पेपर था, जो महज तीस मिनट में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। उस दौरान तो केंद्र के बाहर सवालों के जवाब भी लिखकर बांटे गये थे।
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डीएन सिटी सेंटर का परीक्षा केंद्र बदला, नकल में संलिप्त होने की आशंका
नकल में संलिप्त होने की आशंका होने पर डीईओ फ्लाइंग ने एक परीक्षा केंद्र के पूरे स्टाफ को बदल दिया, जिन स्कूलों से अध्यापकों को लगाया गया उनके प्राचार्य व मुख्य अध्यापकों को पत्र जारी कर दिया गया। पत्र में लिखा है कि जिला शिक्षा अधिकारी रोहतक की फ्लाइंग ने जब डीएन सिटी सेंटर का दोपहर तीन बजकर बीस मिनट दौरा किया तो वहां तैनात स्टाफ की नकल में संलिप्त होने की आशंका हुई। फ्लाइंग द्वारा स्कूल का स्टाफ सुपरवाइजर के रूप में योग्य नहीं पाया गया, जिस कारण पूरे स्टाफ को तुरंत प्रभाव से बदलने के आदेश जारी किये। पहले लगाए गए स्टाफ में निजी स्कूल के अध्यापकों की ड्यूटी लगी हुई थी, जहां अब सरकारी अध्यापकों को लगाया जाएगा।
खुली रही फोटोस्टेट की दुकानें
गौड़ ब्राह्मण स्कूल के पास व गांधी कैंप राजकीय विद्यालय के बिल्कुल सामने ही फोटो स्टेट की दुकानें खुली रही। जबकि धारा 144 के तहत सभी फोटोस्टेट की दुकानें बंद रखने के निर्देश दिये गए थे।
नकल कराते बच्चों ने कैमरा देख मीडिया को भी दौड़ाया, स्कूल के बाहर नहीं दिखी पुलिस
डोभ के राजकीय स्कूल में उपायुक्त के दौरे के पंद्रह मिनट बाद स्कूल के पीछे युवकों की भीड़ लग गई। बच्चे और युवक गाइड से प्रश्नों के उत्तर फाड़कर और लिखकर फेंकने लगे। सोशल मीडिया पर वायरल प्रश्नपत्र से उत्तर निकालकर परीक्षा केंद्र के अंदर फेंकने लगे, जब मीडिया कर्मी वहां पहुंचे तो कैमरा देखकर मीडिया कर्मी के पीछे भी मारने भागे। मीडिया कर्मियों ने दौड़कर अपने आप को बचाया। हालत यह देखने को मिले की केवल स्कूल के अंदर पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया। स्कूल के बाहर दीवार के पास पुलिस कर्मी भी नजर नहीं आये।
अलग-अलग फोन से खींची गई है प्रश्नपत्रों के अलग-अलग सेट की फोटो
सोशल मीडिया पर आउट हुए पेपर को देखकर पता चलता है कि सभी चार सेट एक ही व्यक्ति ने आउट नहीं किये हैं। सोशल मीडिया पर वायरल प्रश्नपत्रों में जिस फोन द्वारा फोटो लिया गया है उन पर अलग-अलग फोन का वाटर मार्क है। सेट ए में रिएलमी 5 फोन का उपयोग हुआ है तो सेट बी में रेडमी वाई3 का, जबकी सेट सी और सेट डी पर कोई वाटर मार्क नहीं है। कुछ प्रश्नपत्र कहीं जमीन पर रखे नजर आ रहे है तो कु छ को मेज या ग्राउंड में रखकर फोटो किया गया है।
सभी के बार कोड भी नहीं किए स्कैन :
डीसी के आदेश थे कि स्कूल में हर किसी बच्चे के रोल नंबर से बार कोड स्कैन करके ही प्रवेश दिया जाए, जबकि हकीकत में ऐसा नहीं किया गया। परीक्षा देकर बाहर लौटे बच्चों ने बताया कि बार कोड स्कैन किए बिना ही उन्हें परीक्षा में बैठा दिया गया था।
परीक्षा केंद्र के बाहर पड़ी थीं गाइड से फाड़ी गईं पर्चियां :
भिवानी रोड स्थित राजकीय स्कूल में पेपर शांतिपूर्ण ढंग से हुआ। स्कूल के चारों ओर चहारदीवारी पर कंटीली तारें लगी होने और गेट पर पुलिस कर्मी होने के कारण कोई नकल नहीं फेंक सका। इस केंद्र पर ऑपन वालों की परीक्षा थी। केंद्र के बाहर गेट पर पर्चियां बनी पड़ी थीं।

सीबीएसई की परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न
रोहतक। जिले मेें 15 परीक्षा केंद्रों पर दो हजार के करीब बच्चों ने मंगलवार को सीबीएसई इतिहास की परीक्षा दी। सभी केंद्राें पर परीक्षा शांतिपूर्ण रही और कोई भी नकल का मामला सामने नहीं आया। बच्चों ने कहा कि कुछ प्रश्न मुश्किल थे, लेकिन जिन्होंने एनसीईआरटी की पुस्तकें अच्छे से पढ़ रखी होंगी, उनके लिए यह पेपर आसान ही था।

गांधी कैंप स्थित सरकारी स्कूल के सामने बोर्ड की परिक्षा के दौरान खुली पडी फोटो स्टेट की दुकान  ।   ?

गांधी कैंप स्थित सरकारी स्कूल के सामने बोर्ड की परिक्षा के दौरान खुली पडी फोटो स्टेट की दुकान । ?

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