फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   Facility: There will be no delay in getting blood to patients in PGI's Trauma Center.

सुविधा : पीजीआई के ट्रामा सेंटर में मरीजों को रक्त मिलने में नहीं होगी देरी

Tue, 02 Jan 2024 01:28 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 02 Jan 2024 01:28 AM IST
विज्ञापन
Facility: There will be no delay in getting blood to patients in PGI's Trauma Center.
रोहतक। प्रदेश के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान पीजीआईएमएस के ट्रामा सेंटर के गंभीर मरीजों के लिए राहतभरी खबर है। अब उन्हें जरूरत पड़ने पर तुरंत रक्त मुहैया होगा। इसके लिए यहां नया ब्लड बैंक बनाने की मंजूरी मिल गई है। जल्दी ही यह ब्लड बैंक शुरू करने की तैयारी है।
विज्ञापन

ट्रामा सेंटर में रोजाना 100 से ज्यादा मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। इनमें ज्यादातर सड़क हादसों या अन्य कारणों से घायल मरीज होते हैं। इन मरीजों को रक्त की जरूरत भी पड़ती है। इसके लिए मरीज के सहायकों को करीब दो सौ मीटर दूर संस्थान के पुराने भवन में बने माॅडल ब्लड बैंक में जाना पड़ता है। यहां भी ज्यादातर पैदल ही दौड़ लगती है। इस कारण मरीज को खून की तुरंत जरूरत होने पर परेशानी बढ़ जाती है। यही नहीं, एक मरीज के लिए दो-तीन बार ब्लड बैंक जाना पड़ सकता है। ऐसे में मरीज का एक सहायक केवल इसी काम में भटकता रहता है।
विज्ञापन

मरीजों की इस समस्या को देखते हुए ट्रामा सेंटर में नया ब्लड बैंक शुरू किया जा रहा है। इसकी मुख्यालय से मंजूरी मिल गई है। अब इन निर्देशों को अमलीजामा पहनाए जाने की तैयारी है। नए साल में ट्रामा सेंटर में यह ब्लड शुरू कर संस्थान मरीजों को राहत की बड़ी सौगात देगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


गंभीर रूप से घायल मरीजों को तुरंत उपलब्ध हो सकेगा रक्त
ट्रामा सेंटर में कई बार सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल मरीज पहुंचते हैं। इन्हें यहां तुरंत ब्लड की आवश्यकता होती है। यहां ब्लड बैंक बनने से उन्हें तुरंत रक्त मुहैया हो सकेगा, जिससे उनकी जान भी बचाई जा सकती है।
पीजीआई में 250 से ज्यादा यूनिट रोज की है खपत
पीजीआईएमएस के मॉडल ब्लड बैंक से रोजाना औसतन 250 यूनिट ब्लड की सप्लाई होती है। महिलाओं की डिलिवरी, सर्जरी और अन्य ऑपरेशन में इसकी जरूरत पड़ती है। यहीं से ट्रामा सेंटर, डेंगू-मलेरिया पीड़ितों या वायरल मरीजों के लिए प्लेटलेट्स की भी जरूरत पूरी होती है। ऐसे में ब्लड बैंक पर खासा लोड रहता है। इसके लिए रक्तदाता ही एकमात्र साधन होते हैं।



संस्थान के ट्रामा सेंटर में नया ब्लड बैंक बनाया जा रहा है। इसकी स्वीकृति मिल गई है। जल्दी ही ब्लड बैंक शुरू किया जाएगा। इससे मरीजों ब्लड की जरूरत पड़ने पर इधर-उधर नहीं भटकना होगा।
- डाॅ. वरुण अरोड़ा, प्रोफेसर इंचार्ज, पीजीआईएमएस।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed