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Rohtak News: महम में पेयजल संकट, सप्लाई का पानी नहाने लायक भी नहीं
Sun, 01 Jun 2025 02:39 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Sun, 01 Jun 2025 02:39 AM IST
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महम। कस्बे में स्थित जलघर-1 के तालाब कई दिनों से सूखे पड़े हैं। बहलबा माइनर से तालाब नहीं भरे गए हैं। भीषण गर्मी के कारण अब पानी की मांग बढ़ने लगी है, लेकिन जन स्वास्थ्य विभाग खारे पानी की सप्लाई कर रहा है।
किशनगढ़वासियों का कहना है कि पानी खरीद कर पीने को मजबूर हैं। जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से जो पानी सप्लाई किया जा रहा है, वह बिल्कुल खारा है। नहाने लायक भी नहीं है। उन्होंने बताया कि खारे पानी की भी सप्लाई एक सप्ताह में एक बार की जा रही है।
इस कारण पशुओं को पिलाने के लिए भी दूर खेतों से पानी लाना पड़ता है। लोगों का कहना है कि खारे पानी में नहाने से चर्म रोग की चपेट में आने लगे हैं। यहां तक कि कपड़े धोने व अन्य प्रयोग के लिए पानी नहीं मिल रहा है।
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जन स्वास्थ्य विभाग के जेई विकास राठी ने बताया कि महम प्रथम जलघर के तालाब बहलबा माइनर से आने वाले पानी से भरे जाते हैं। लेकिन, पिछली बार माइनर से कम पानी आने के कारण खाली रह गए थे, इसलिए ट्यूबवेल से सप्लाई दी जा रही है।
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किशनगढ़वासियों का कहना है कि पानी खरीद कर पीने को मजबूर हैं। जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से जो पानी सप्लाई किया जा रहा है, वह बिल्कुल खारा है। नहाने लायक भी नहीं है। उन्होंने बताया कि खारे पानी की भी सप्लाई एक सप्ताह में एक बार की जा रही है।
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इस कारण पशुओं को पिलाने के लिए भी दूर खेतों से पानी लाना पड़ता है। लोगों का कहना है कि खारे पानी में नहाने से चर्म रोग की चपेट में आने लगे हैं। यहां तक कि कपड़े धोने व अन्य प्रयोग के लिए पानी नहीं मिल रहा है।
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जन स्वास्थ्य विभाग के जेई विकास राठी ने बताया कि महम प्रथम जलघर के तालाब बहलबा माइनर से आने वाले पानी से भरे जाते हैं। लेकिन, पिछली बार माइनर से कम पानी आने के कारण खाली रह गए थे, इसलिए ट्यूबवेल से सप्लाई दी जा रही है।