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Rohtak News: डाउन सिंड्रोम, ब्रेस्ट कैंसर के सैंपल अब जांच के लिए नहीं जाएंगे दिल्ली
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रोहतक। डाउन सिंड्रोम, बेस्ट कैंसर के सैंपल अब जांच के लिए दिल्ली या निजी लैब में नहीं भेजे जाएंगे। इसकी जांच पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय (पीजीआईएमएस) की मल्टी डिसिप्लिनरी रिसर्च यूनिट अब लोकल स्तर पर ही कर सकेगी। इसकी जांच के लिए संस्थान को फ्लोरोसेंस माइक्रोस्कोप मिला है। यह आधुनिक तकनीक से लैस है और इसमें फिश सॉफ्टवेयर लगाया गया है। इसका मुख्य कार्य शोध करना होगा, जिसका लाभ संस्थान में उपचार कराने के लिए आने वाले मरीजों को भी मिलेगा।पीजीआईएमएस की मल्टीडिसिप्लिनरी रिसर्च यूनिट (एमआरयू) अब आधुनिक एप्लीकेशन का प्रयोग कर अपने शोध में कई बीमारियों का पता लगा सकती है। एमआरयू की नोडल ऑफिसर डॉ. सिम्मी खरब ने बताया कि कुलपति डॉ. अनीता सक्सेना एवं निर्देशक डॉ. एसएस लोहचब के दिशा निर्देशन में इस एप्लीकेशन को खरीदा गया है। इसकी सहायता से जेनेटिक डिसऑर्डर जैसे डाउन सिंड्रोम व ब्रेस्ट कैंसर का पता लगाया जा सकता हैं। इस एप्लीकेशन से कैंसर के उपचार के बाद न्यूनतम अवशिष्ट रोग की निगरानी भी की जा सकती हैं। डाउन सिंड्रोम में बच्चों के क्रोमोस्कोम की बाइंडिंग का पता चलेगा। इससे पता लगाया जा सकेगा कि कमी कहा है। इसके चलते संबंधित परिवार की स्क्रीनिंग करके भविष्य के खतरे से उन्हें बचाया जा सकता है और जानकारी दी जा सकती है। क्योंकि बगैर जांच के मरीज का उपचार करने वाला डॉक्टर संशय में रहता है। ऐसे ही ब्रेस्ट कैंसर के मामले में कौनसा जींस बीमारी का कारण है पता लगाया जाता है। इन दोनों रिसर्च के लिए आईसीएमआर की ओर से इसकी मंजूरी मिली है। शोध के साथ इन तकनीक का संस्थान में आने वाले मरीजों को लाभ मिलेगा।
दो से चार दिन में मिल जाएगी जांच रिपोर्ट
रिसर्च संस्थान में शुरू होने से मरीजों की जांच रिपोर्ट अब दो से चार दिन में मिल जाएगी, पहले इसमें सप्ताह से दस दिन का समय लगता था। यह रिसर्च अब तक बड़े एडवांस रिसर्च सेंटर में ही होती थी। इसके लिए पीजीआईएमएस में अलग से स्टाफ है।
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दो से चार दिन में मिल जाएगी जांच रिपोर्ट
रिसर्च संस्थान में शुरू होने से मरीजों की जांच रिपोर्ट अब दो से चार दिन में मिल जाएगी, पहले इसमें सप्ताह से दस दिन का समय लगता था। यह रिसर्च अब तक बड़े एडवांस रिसर्च सेंटर में ही होती थी। इसके लिए पीजीआईएमएस में अलग से स्टाफ है।
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