{"_id":"5ad50f494f1c1b54098b4e80","slug":"201523912521-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईएसआई की महिला एजेंट से शादी करने और दुबई में बसने की","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
आईएसआई की महिला एजेंट से शादी करने और दुबई में बसने की
Updated Tue, 17 Apr 2018 02:36 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आईएसआई का एजेंट गौरव चार दिन पुलिस रिमांड पर:
आईएसआई की महिला एजेंट से शादी करने और दुबई में बसने की
चाहत में गौरव ने पाकिस्तान को भेजी सेना की गोपनीय जानकारी
- सेना की भर्ती में शामिल होने के दौरान फेसबुक लाइव, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये भेजता था गोपनीय सूचना
- आईएसआई की एजेंट ने गौरव को दिया था शादी करने और दुबई में बसने का लालच
- सात दिन बाद गौरव के बैंक खाते में जमा होने थे दस लाख रुपये, आरोपी चार दिन के पुलिस रिमांड पर
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी इंटर सर्विस इंटेलीजेंस ‘आईएसआई’ की महिला एजेंट अमिता उर्फ सोनू, अम्मे और अमिता आहुलवालिया को दुल्हन बनाने की चाहत मेें आरोपी गौरव शर्मा भारतीय सेना से जुड़ी गोपनीय जानकारी पाकिस्तान को भेज रहा था।
अमिता ने आईएसआई के एजेंट गौरव शर्मा को उससे शादी कर दुबई में बसने और भारी रकम का लालच दे रखा था। महिला एजेंट के झांसे में आकर गौरव देश के साथ गद्दारी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी गौरव को सोमवार को कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया। मामले की जांच के लिए एसपी पंकज नैन के निर्देश पर डीएसपी रमेश कुमार के नेतृत्व में एसआईटी गठित कर दी गई है। इसमें सीआईए 1 इंस्पेक्टर नवीन कुमार, सिविल लाइन थाना प्रभारी श्रीभगवान सहित अन्य अधिकारी शामिल हैं।
बता दें कि जिला पुलिस और केन्द्रीय खुफिया एजेंसी की टीम ने रविवार को डबल पार्क से आईएसआई के एजेंट सोनीपत के गन्नौर स्थित गांधी नगर निवासी 20 वर्षीय गौरव शर्मा को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया था कि आरोपी गौरव आईएसआई की एक महिला एजेंट के झांसे में आकर सेना से जुड़ी खुफिया जानकारी आईएसआई को भेज रहा था। जब पुलिस आरोपी के पकड़ने पहुंची थी तो उसने जमीन पटककर अपना मोबाइल तोड़ दिया था। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था।
विज्ञापन
डेढ़ साल पहले गौरव की फेसबुक पर आई थी फ्रेंड रिक्वेस्ट
आरोपी गौरव वर्ष 2010 से फेसबुक चला रहा है। गौरव ने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले उसके फेसबुक पर अमिता उर्फ सोनू, अम्मे और अमिता आहुलवालिया नाम की महिला की फ्रें ड रिक्वेस्ट आई थी। उस समय उसे नहीं पता था कि महिला आईएसआई की एजेंट है। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत होने लगी। फिर उसने गौरव को अपने जाल में फंसाने के लिए कहा कि वह उससे शादी करेगी। इसके बाद दुबई में शिफ्ट हो जाएंगे। धीरे धीरे गौरव महिला के झांसे में आ गया। रुपयों का लालच देकर महिला उससे सेना से जुड़ी गोपनीय जानकारी लेने लगी। इस महिला एजेंट ने दो नाम से फेसबुक आईडी बना रखी थी।
गौरव ने खुद को बताया था सेना का अधिकारी
जब आईएसआई एजेंट ने बातचीत शुरू हुई तो गौरव ने खुद को सेना का अधिकारी बताया। गौरव ने अपनी फेसबुक आईडी पर भी सेना से जुड़ी पोस्ट शेयर कर रखी थी। ताकि एजेंट को उसके झूठ पर किसी तरह का शक न हो। महिला ने गौरव से कहा कि वह जिस तरह से सेना की जानकारी साझा करेगा उसी के हिसाब से रुपये मिलेंगे। रिमांड अवधि में आरोपी गौरव से उसके अन्य साथियों के बारे में पूछताछ की जा रही है। हालांकि अभी तक किसी का नाम भी सामने नहीं आया है। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल को लैब में भेज दिया है। ताकि उसके डाटा के आधार पर पता चल सके कि आरोपी ने सेना की कौन कौन सी गोपनीय जानकारी आईएसआई को भेजी। बता दें कि आरोपी ने अपना एक मोबाइल पुलिस के दबोचने से पहले तोड़ दिया था। इस मोबाइल के अंदर ही उसकी गतिविधियां है।
फेसबुक लाइव, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये भेजता था गोपनीय सूचना
पुलिस पूछताछ में आरोपी गौरव ने खुलासा कि वह सेना कैंप, सेना भर्ती स्थल से फेसबुक लाइव, वीडियो कॉल, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये आईएसआई की एजेंट को सेना की गोपनीय जानकारी भेजता था। आरोपी गौरव ने देश के विभिन्न हिस्सों में सेना की करीब 18 भर्तियों में हिस्सा लिया। जब भी वह भर्ती स्थल पर पहुुंचता था तो आईएसआई की एजेेंट को फेसबुक लाइव के माध्यम से लोकेशन दिखाता था। जब फेसबुक लाइव व वीडियो कॉल संभव नहीं होती थी तो वह फोटो खींचकर एजेंट के व्हाटसअप नंबर पर भेजता था। इसके माध्यम से गौरव से एजेंट सेना के कैंप की भौगोलिक स्थिति, हथियार सहित अन्य जानकारी लेते थे।
आरोपी गौरव तक यूं पहुंची पुलिस और केन्द्रीय खुफिया एजेंसी
एसपी पंकज नैन ने बताया कि कुछ दिन पहले पंजाब के अमृतसर में आईएसआई का एजेंट पकड़ा गया था। उसने पूछताछ के दौरान बताया था कि रोहतक में गौरव नाम का युवक भी आईएसआई को भारतीय सेना की खुफिया जानकारी भेज रहा है। इसके बाद केंद्रीय और प्रदेश की खुफिया एजेंसी युवक की तलाश में जुट गई थी। जांच में पता चला कि आईएसआई का एजेंट गौरव शीला बाइपास पर एक एकेडमी में सेना भर्ती की तैयारी कर रहा है। आरोपी एकेडमी के ही पीजी में रहता था। फिर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार किया गया।
18 सेना की भर्ती में जा चुका है गौरव, 4 जगहों पर की थी सेंधमारी
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी गौरव सेना में भर्ती होना चाहता था। उसने सेना की करीब 18 भर्ती में हिस्सा लिया। लेकिन आईएसआई का एजेंट बनने के बाद आरोपी ने सेना भर्ती के दौरान गोपनीय जानकारी पाकिस्तान को देनी शुरू कर दी। आईएसआई के संपर्क में आने के बाद आरोपी ने नासिक, मेरठ, भोपाल और सिकंराबाद की भर्ती के दौरान गोपनीय सूचना एजेंट को भेजी। जबकि अन्य भर्तियों में उसने सामान्य तरीके से हिस्सा लिया था।
पिता रिटायर होने के बाद भी कर रहा देश की सेवा और बेटा बना गद्दार
सिविल लाइन थाना प्रभारी श्रीभगवान ने बताया कि गौरव के पिता भारतीय सेना से रिटायर्ड अधिकारी है। रिटायर होने के कुछ दिन बाद तक वह गन्नौर में ही रहे। इसके बाद उन्होंने फिर से सेना ज्वाइन कर ली। फिलहाल वह दिल्ली में टेरिटोरियल आर्मी में तैनात है। यह रेगुलर आर्मी के बाद डिफेंस की दूसरी लाइन है। इसी के तहत खिलाड़ियों को कर्नल सहित अन्य पोस्ट से सम्मानित किया जाता है। गौरव के परिवार में उसका एक भाई और एक बहन है। गौरव दसवीं कक्षा पास है।
इस सप्ताह गौरव के खाते में पाकिस्तान से आने थे 10 लाख रुपये
गौरव को पूरी तरह अपने जाल में फंसाने के लिए आईएसआई के एजेंट ने उससे उसका बैंक खाता नंबर लिया था। जब गौरव ने खाता नंबर दिया तो उससे कहा गया कि इस सप्ताह उसके खाते में 10 लाख रुपये जमा करवा दिये जाएंगे। लेकिन जल्द से जल्द सेना की और गोपनीय जानकारी भेजे। अब पुलिस गौरव के बैंक खाते लेकर उनकी छानबीन करेगी। ताकि पता चल सके कि उसके खाते में पिछले दिनों कितना और कहां कहां से लेन देन किया गया।
सेना के टैंक, गाड़ी, हथियार और ट्रेनिंग से जुड़ी जानकारी भेजी
आरोपी गौरव ने आईएसआई की एजेंट को सेना से टैंक, गाड़ी, हथियार और ट्रेनिंग से जुड़ी गोपनीय जानकारी भेजी। जिस भी भर्ती स्थल पर उसे टैंक या सेना का अन्य वाहन दिखाई देता था तो वह उसके साथ खड़ा होकर फोटो खिंचवाता था। इसके बाद उस फोटो को एजेंट को भेज देता था। इसी तरह सेना में भर्ती होने से पहले की प्रक्रिया और ट्रेनिंग से जुड़े कुछ अहम पहलु भी उसने आईएसआई एजेंट को भेजे।
फेसबुक मैसैंजर का मैसेज- तू कहां खड़ा है, वीडियो शूट कर
पुलिस ने सोमवार को गौरव से उसके फेसबुक का पासवर्ड लेकर जब मैसेंजर खोला तो होश उड़ गये। मैसेंजर में पहले आईएसआई एजेंट ने गौरव से मीठी मीठी बातें कर रखी है। लेकिन जब गौरव किसी भर्ती में शामिल होने गया तो उसके पास मैसेज करके कहा कि तू कहां खड़ा है, वीडियो शूट कर। इसके बाद गौरव क्षेत्र की वीडियो शूट करना शुरू कर देता था। आरोपियों ने वीडियो कॉलिंग को इसलिए जरिया बनाया कि उसका कोई रिकार्ड नहीं होता है। साइबर सेल आरोपी के सोशल मीडिया खातों को खंगालने में जुटी है।
गौरव कुमार फौजदार (फौजी) के नाम से है फेसबुक आईडी
आरोपी ने गौरव कुमार फौजदार (फौजी) के नाम से है फेसबुक आईडी बना रखी है। इस आईडी पर उसने प्राइवेसी भी लगा रखी है। आरोपी ने अपने फेसबुक पर खुद को भारतीय सेना का जवान दिखा रखा है। साथ ही लोगो भी लगा रखा है। गौरव ने फेसबुक पर अपनी अंतिम फोटो 12 अप्रैल को शेयर की थी। उसके फेसबुक पर 4964 फ्रैंड है। पाकिस्तानी एजेेंट आरोपी से हिंदी भाषा में ही बात करती थी। पाकिस्तानी एजेंट अमिता आहलुवालिया ने अपने फेसबुक अकाउंट पर खुद को चंडीगढ़ निवासी बताया है। फिलहाल वह दिल्ली में रहती है। दिसंबर 2017 में अमिता के नाम से फेसबुक अकाउंट बनाया गया था।
फरवरी में आया था रोहतक, दिसंबर से अब तक 5 भर्ती में जा चुका है गौरव
जांच में पता चला है कि आरोपी फरवरी 2018 में ही रोहतक आया था। उसने परिजनों को बताया था कि वह रोहतक एकेडमी में रहकर सेना भर्ती की तैयारी करेगा। पुलिस ने बताया कि आरोपी दिसंबर माह से अब तक सेना की पांच भर्तियों में शामिल हो चुका है।वह दिसंबर में नासिक और जनवरी में भोपाल, सिकंदराबाद और बंगलुरु में गया था। इन सभी जगहों के फोटो भी उसने आईएसआई को भेजे थे।
आईएसआई एजेंट ने गौरव की फोटो पर भी किया था कमेंट
गौरव ने अपने फेसबुक अकाउंट पर सात दिसंबर को ड्रिंक और हथियार के साथ एक फोटो शेयर की थी। इसमें गौरव की लोकेशन आर्मी एयर डिफेंस कॉलेज बहराम उड़ीसा दर्शाई गई थी। इस फोटो पर अमिता अम्मे नाम की आइएसआइ एजेंट कमेंट लिखा था किकिधर हो तुम? हालांकि एजेंट गौरव की तरफ से इसका कोई रिप्लाई नहीं दिया गया था।
18 मार्च से 8 अप्रैल तक अमिता आहलूवालिया और गौरव के बीच मैसेंजर पर बातचीत का ब्यौरा
अमिता: मेरे मोबाइल की बैटरी बहुत कम है। कुछ देर बाद वीडियो चैट करूंगी।
गौरव: ओके
अमिता: तुम समझ जाओगे।
अमिता: नाइस
गौरव: इधर नेटवर्क की प्रॉब्लम है।
अमिता: ओके मैं तुम्हें बाद में कॉल करूंगी।
अमिता: बहुत शानदार
गौरव: थैंक्स
अमिता: वेलकम
गौरव: इमोजी
अमिता: वंडरफु ल
अमिता: वाओ
अमिता: गौरव तुम कैसे हो।
गौरव: फाइन जी
अमिता: गुड जी।
गौरव: एंड यू।
अमिता: मैं भी ठीक हूं।
गौरव: नाइस
अमिता: इस्टनिंग
अमिता: सैड
अमिता: स्माइल प्लीज
गौरव: हाय
अमिता: हाय
गौरव: हैलो
अमिता: आप क्या कर रहे हो।
गौरव: रेस्ट, एंड यू
अमिता: मैं व्हाट्सअप चला रही हूं।
अमिता: तुम्हारी पोस्ट और प्रोफाइल बहुत अच्छी है। मैं तुम्हारी फैन हो गई हुं। मुझे आर्मी वाले पसंद है।
गौरव: थैंक्यू जी।
अमिता: ओके जी।
अमिता: मैं घबरा गई हूं।
गौरव: क्यों
अमिता: तुम्हारी फोटो और पिस्टल देखकर।
गौरव: नो प्रॉब्लम
अमिता: ओके मुझको मार मत देना
गौरव: नहीं जी
अमिता: थैंक्स जी
गौरव: आप मेरी एक छोटी से हेल्प कर सकती हो।
अमिता: बोलो
गौरव: तीन हजार की हेल्प कर सकती हो।
अमिता: कैसे
गौरव: मुझे इमरजेंसी है।
अमिता: बोलो
गौरव: अकाउंट नंबर दूं क्या
अमिता: दो
गौरव: कब तक डलवा दोगे।
अमिता: देखो
गौरव: पांच मिनट रुको।
अमिता: मेरे को डर लगता है। लास्ट मंथ मैं फंस गई थी। वो फ्रॉड निकला। मैंने अपने 28 हजार रुपये खो दिये थे। वह किसी अन्य की प्रोफाइल यूज कर रहा था।
अमिता: पैसा नहीं दूंगी।
गौरव: ओके
गौरव: सॉरी
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
गौरव: हाय
अमिता: गुड मॉर्निंग
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
अमिता: हैप्पी बर्थडे टू यू
गौरव: थैंक्यू मेम साहब
गौरव: हाय
अमिता: आप कैसे हैं।
गौरव: आपने मेरा बर्थडे गिफ्ट नहीं दिया।
अमिता: दूंगी
अमिता: चेक योअर प्रोफाइल
अमिता: सेन्ट यू ए केक
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
गौरव: हाय
गौरव: हैप्पी बैसाखी
8 बार होती थी एक दिन में वीडियो कॉल
गौरव और अमिता के फेसबुक मैसेंजर की छानबीन के बाद पता चला कि दोनों की एक दिन वीडियो कॉल पर करीब आठ बार बात होती थी। 8 मार्च को दोनों के बीच 8 बार वीडियो कॉल हुई। 27 मार्च को 2 बार हुई और 8 अप्रैल को 5 बार हुई। दोनों की बातचीत के अधिकतर अंश निजी है। गौरव ने मैसेंजर पर अन्य लड़कियों से भी बातचीत कर रखी है।
विज्ञापन
आईएसआई की महिला एजेंट से शादी करने और दुबई में बसने की
चाहत में गौरव ने पाकिस्तान को भेजी सेना की गोपनीय जानकारी
- सेना की भर्ती में शामिल होने के दौरान फेसबुक लाइव, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये भेजता था गोपनीय सूचना
- आईएसआई की एजेंट ने गौरव को दिया था शादी करने और दुबई में बसने का लालच
- सात दिन बाद गौरव के बैंक खाते में जमा होने थे दस लाख रुपये, आरोपी चार दिन के पुलिस रिमांड पर
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी इंटर सर्विस इंटेलीजेंस ‘आईएसआई’ की महिला एजेंट अमिता उर्फ सोनू, अम्मे और अमिता आहुलवालिया को दुल्हन बनाने की चाहत मेें आरोपी गौरव शर्मा भारतीय सेना से जुड़ी गोपनीय जानकारी पाकिस्तान को भेज रहा था।
अमिता ने आईएसआई के एजेंट गौरव शर्मा को उससे शादी कर दुबई में बसने और भारी रकम का लालच दे रखा था। महिला एजेंट के झांसे में आकर गौरव देश के साथ गद्दारी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी गौरव को सोमवार को कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया। मामले की जांच के लिए एसपी पंकज नैन के निर्देश पर डीएसपी रमेश कुमार के नेतृत्व में एसआईटी गठित कर दी गई है। इसमें सीआईए 1 इंस्पेक्टर नवीन कुमार, सिविल लाइन थाना प्रभारी श्रीभगवान सहित अन्य अधिकारी शामिल हैं।
विज्ञापन
बता दें कि जिला पुलिस और केन्द्रीय खुफिया एजेंसी की टीम ने रविवार को डबल पार्क से आईएसआई के एजेंट सोनीपत के गन्नौर स्थित गांधी नगर निवासी 20 वर्षीय गौरव शर्मा को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया था कि आरोपी गौरव आईएसआई की एक महिला एजेंट के झांसे में आकर सेना से जुड़ी खुफिया जानकारी आईएसआई को भेज रहा था। जब पुलिस आरोपी के पकड़ने पहुंची थी तो उसने जमीन पटककर अपना मोबाइल तोड़ दिया था। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था।
विज्ञापन
डेढ़ साल पहले गौरव की फेसबुक पर आई थी फ्रेंड रिक्वेस्ट
आरोपी गौरव वर्ष 2010 से फेसबुक चला रहा है। गौरव ने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले उसके फेसबुक पर अमिता उर्फ सोनू, अम्मे और अमिता आहुलवालिया नाम की महिला की फ्रें ड रिक्वेस्ट आई थी। उस समय उसे नहीं पता था कि महिला आईएसआई की एजेंट है। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत होने लगी। फिर उसने गौरव को अपने जाल में फंसाने के लिए कहा कि वह उससे शादी करेगी। इसके बाद दुबई में शिफ्ट हो जाएंगे। धीरे धीरे गौरव महिला के झांसे में आ गया। रुपयों का लालच देकर महिला उससे सेना से जुड़ी गोपनीय जानकारी लेने लगी। इस महिला एजेंट ने दो नाम से फेसबुक आईडी बना रखी थी।
गौरव ने खुद को बताया था सेना का अधिकारी
जब आईएसआई एजेंट ने बातचीत शुरू हुई तो गौरव ने खुद को सेना का अधिकारी बताया। गौरव ने अपनी फेसबुक आईडी पर भी सेना से जुड़ी पोस्ट शेयर कर रखी थी। ताकि एजेंट को उसके झूठ पर किसी तरह का शक न हो। महिला ने गौरव से कहा कि वह जिस तरह से सेना की जानकारी साझा करेगा उसी के हिसाब से रुपये मिलेंगे। रिमांड अवधि में आरोपी गौरव से उसके अन्य साथियों के बारे में पूछताछ की जा रही है। हालांकि अभी तक किसी का नाम भी सामने नहीं आया है। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल को लैब में भेज दिया है। ताकि उसके डाटा के आधार पर पता चल सके कि आरोपी ने सेना की कौन कौन सी गोपनीय जानकारी आईएसआई को भेजी। बता दें कि आरोपी ने अपना एक मोबाइल पुलिस के दबोचने से पहले तोड़ दिया था। इस मोबाइल के अंदर ही उसकी गतिविधियां है।
फेसबुक लाइव, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये भेजता था गोपनीय सूचना
पुलिस पूछताछ में आरोपी गौरव ने खुलासा कि वह सेना कैंप, सेना भर्ती स्थल से फेसबुक लाइव, वीडियो कॉल, व्हाट्सअप और ईमेल के जरिये आईएसआई की एजेंट को सेना की गोपनीय जानकारी भेजता था। आरोपी गौरव ने देश के विभिन्न हिस्सों में सेना की करीब 18 भर्तियों में हिस्सा लिया। जब भी वह भर्ती स्थल पर पहुुंचता था तो आईएसआई की एजेेंट को फेसबुक लाइव के माध्यम से लोकेशन दिखाता था। जब फेसबुक लाइव व वीडियो कॉल संभव नहीं होती थी तो वह फोटो खींचकर एजेंट के व्हाटसअप नंबर पर भेजता था। इसके माध्यम से गौरव से एजेंट सेना के कैंप की भौगोलिक स्थिति, हथियार सहित अन्य जानकारी लेते थे।
आरोपी गौरव तक यूं पहुंची पुलिस और केन्द्रीय खुफिया एजेंसी
एसपी पंकज नैन ने बताया कि कुछ दिन पहले पंजाब के अमृतसर में आईएसआई का एजेंट पकड़ा गया था। उसने पूछताछ के दौरान बताया था कि रोहतक में गौरव नाम का युवक भी आईएसआई को भारतीय सेना की खुफिया जानकारी भेज रहा है। इसके बाद केंद्रीय और प्रदेश की खुफिया एजेंसी युवक की तलाश में जुट गई थी। जांच में पता चला कि आईएसआई का एजेंट गौरव शीला बाइपास पर एक एकेडमी में सेना भर्ती की तैयारी कर रहा है। आरोपी एकेडमी के ही पीजी में रहता था। फिर छापेमारी कर उसे गिरफ्तार किया गया।
18 सेना की भर्ती में जा चुका है गौरव, 4 जगहों पर की थी सेंधमारी
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी गौरव सेना में भर्ती होना चाहता था। उसने सेना की करीब 18 भर्ती में हिस्सा लिया। लेकिन आईएसआई का एजेंट बनने के बाद आरोपी ने सेना भर्ती के दौरान गोपनीय जानकारी पाकिस्तान को देनी शुरू कर दी। आईएसआई के संपर्क में आने के बाद आरोपी ने नासिक, मेरठ, भोपाल और सिकंराबाद की भर्ती के दौरान गोपनीय सूचना एजेंट को भेजी। जबकि अन्य भर्तियों में उसने सामान्य तरीके से हिस्सा लिया था।
पिता रिटायर होने के बाद भी कर रहा देश की सेवा और बेटा बना गद्दार
सिविल लाइन थाना प्रभारी श्रीभगवान ने बताया कि गौरव के पिता भारतीय सेना से रिटायर्ड अधिकारी है। रिटायर होने के कुछ दिन बाद तक वह गन्नौर में ही रहे। इसके बाद उन्होंने फिर से सेना ज्वाइन कर ली। फिलहाल वह दिल्ली में टेरिटोरियल आर्मी में तैनात है। यह रेगुलर आर्मी के बाद डिफेंस की दूसरी लाइन है। इसी के तहत खिलाड़ियों को कर्नल सहित अन्य पोस्ट से सम्मानित किया जाता है। गौरव के परिवार में उसका एक भाई और एक बहन है। गौरव दसवीं कक्षा पास है।
इस सप्ताह गौरव के खाते में पाकिस्तान से आने थे 10 लाख रुपये
गौरव को पूरी तरह अपने जाल में फंसाने के लिए आईएसआई के एजेंट ने उससे उसका बैंक खाता नंबर लिया था। जब गौरव ने खाता नंबर दिया तो उससे कहा गया कि इस सप्ताह उसके खाते में 10 लाख रुपये जमा करवा दिये जाएंगे। लेकिन जल्द से जल्द सेना की और गोपनीय जानकारी भेजे। अब पुलिस गौरव के बैंक खाते लेकर उनकी छानबीन करेगी। ताकि पता चल सके कि उसके खाते में पिछले दिनों कितना और कहां कहां से लेन देन किया गया।
सेना के टैंक, गाड़ी, हथियार और ट्रेनिंग से जुड़ी जानकारी भेजी
आरोपी गौरव ने आईएसआई की एजेंट को सेना से टैंक, गाड़ी, हथियार और ट्रेनिंग से जुड़ी गोपनीय जानकारी भेजी। जिस भी भर्ती स्थल पर उसे टैंक या सेना का अन्य वाहन दिखाई देता था तो वह उसके साथ खड़ा होकर फोटो खिंचवाता था। इसके बाद उस फोटो को एजेंट को भेज देता था। इसी तरह सेना में भर्ती होने से पहले की प्रक्रिया और ट्रेनिंग से जुड़े कुछ अहम पहलु भी उसने आईएसआई एजेंट को भेजे।
फेसबुक मैसैंजर का मैसेज- तू कहां खड़ा है, वीडियो शूट कर
पुलिस ने सोमवार को गौरव से उसके फेसबुक का पासवर्ड लेकर जब मैसेंजर खोला तो होश उड़ गये। मैसेंजर में पहले आईएसआई एजेंट ने गौरव से मीठी मीठी बातें कर रखी है। लेकिन जब गौरव किसी भर्ती में शामिल होने गया तो उसके पास मैसेज करके कहा कि तू कहां खड़ा है, वीडियो शूट कर। इसके बाद गौरव क्षेत्र की वीडियो शूट करना शुरू कर देता था। आरोपियों ने वीडियो कॉलिंग को इसलिए जरिया बनाया कि उसका कोई रिकार्ड नहीं होता है। साइबर सेल आरोपी के सोशल मीडिया खातों को खंगालने में जुटी है।
गौरव कुमार फौजदार (फौजी) के नाम से है फेसबुक आईडी
आरोपी ने गौरव कुमार फौजदार (फौजी) के नाम से है फेसबुक आईडी बना रखी है। इस आईडी पर उसने प्राइवेसी भी लगा रखी है। आरोपी ने अपने फेसबुक पर खुद को भारतीय सेना का जवान दिखा रखा है। साथ ही लोगो भी लगा रखा है। गौरव ने फेसबुक पर अपनी अंतिम फोटो 12 अप्रैल को शेयर की थी। उसके फेसबुक पर 4964 फ्रैंड है। पाकिस्तानी एजेेंट आरोपी से हिंदी भाषा में ही बात करती थी। पाकिस्तानी एजेंट अमिता आहलुवालिया ने अपने फेसबुक अकाउंट पर खुद को चंडीगढ़ निवासी बताया है। फिलहाल वह दिल्ली में रहती है। दिसंबर 2017 में अमिता के नाम से फेसबुक अकाउंट बनाया गया था।
फरवरी में आया था रोहतक, दिसंबर से अब तक 5 भर्ती में जा चुका है गौरव
जांच में पता चला है कि आरोपी फरवरी 2018 में ही रोहतक आया था। उसने परिजनों को बताया था कि वह रोहतक एकेडमी में रहकर सेना भर्ती की तैयारी करेगा। पुलिस ने बताया कि आरोपी दिसंबर माह से अब तक सेना की पांच भर्तियों में शामिल हो चुका है।वह दिसंबर में नासिक और जनवरी में भोपाल, सिकंदराबाद और बंगलुरु में गया था। इन सभी जगहों के फोटो भी उसने आईएसआई को भेजे थे।
आईएसआई एजेंट ने गौरव की फोटो पर भी किया था कमेंट
गौरव ने अपने फेसबुक अकाउंट पर सात दिसंबर को ड्रिंक और हथियार के साथ एक फोटो शेयर की थी। इसमें गौरव की लोकेशन आर्मी एयर डिफेंस कॉलेज बहराम उड़ीसा दर्शाई गई थी। इस फोटो पर अमिता अम्मे नाम की आइएसआइ एजेंट कमेंट लिखा था किकिधर हो तुम? हालांकि एजेंट गौरव की तरफ से इसका कोई रिप्लाई नहीं दिया गया था।
18 मार्च से 8 अप्रैल तक अमिता आहलूवालिया और गौरव के बीच मैसेंजर पर बातचीत का ब्यौरा
अमिता: मेरे मोबाइल की बैटरी बहुत कम है। कुछ देर बाद वीडियो चैट करूंगी।
गौरव: ओके
अमिता: तुम समझ जाओगे।
अमिता: नाइस
गौरव: इधर नेटवर्क की प्रॉब्लम है।
अमिता: ओके मैं तुम्हें बाद में कॉल करूंगी।
अमिता: बहुत शानदार
गौरव: थैंक्स
अमिता: वेलकम
गौरव: इमोजी
अमिता: वंडरफु ल
अमिता: वाओ
अमिता: गौरव तुम कैसे हो।
गौरव: फाइन जी
अमिता: गुड जी।
गौरव: एंड यू।
अमिता: मैं भी ठीक हूं।
गौरव: नाइस
अमिता: इस्टनिंग
अमिता: सैड
अमिता: स्माइल प्लीज
गौरव: हाय
अमिता: हाय
गौरव: हैलो
अमिता: आप क्या कर रहे हो।
गौरव: रेस्ट, एंड यू
अमिता: मैं व्हाट्सअप चला रही हूं।
अमिता: तुम्हारी पोस्ट और प्रोफाइल बहुत अच्छी है। मैं तुम्हारी फैन हो गई हुं। मुझे आर्मी वाले पसंद है।
गौरव: थैंक्यू जी।
अमिता: ओके जी।
अमिता: मैं घबरा गई हूं।
गौरव: क्यों
अमिता: तुम्हारी फोटो और पिस्टल देखकर।
गौरव: नो प्रॉब्लम
अमिता: ओके मुझको मार मत देना
गौरव: नहीं जी
अमिता: थैंक्स जी
गौरव: आप मेरी एक छोटी से हेल्प कर सकती हो।
अमिता: बोलो
गौरव: तीन हजार की हेल्प कर सकती हो।
अमिता: कैसे
गौरव: मुझे इमरजेंसी है।
अमिता: बोलो
गौरव: अकाउंट नंबर दूं क्या
अमिता: दो
गौरव: कब तक डलवा दोगे।
अमिता: देखो
गौरव: पांच मिनट रुको।
अमिता: मेरे को डर लगता है। लास्ट मंथ मैं फंस गई थी। वो फ्रॉड निकला। मैंने अपने 28 हजार रुपये खो दिये थे। वह किसी अन्य की प्रोफाइल यूज कर रहा था।
अमिता: पैसा नहीं दूंगी।
गौरव: ओके
गौरव: सॉरी
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
गौरव: हाय
अमिता: गुड मॉर्निंग
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
अमिता: हैप्पी बर्थडे टू यू
गौरव: थैंक्यू मेम साहब
गौरव: हाय
अमिता: आप कैसे हैं।
गौरव: आपने मेरा बर्थडे गिफ्ट नहीं दिया।
अमिता: दूंगी
अमिता: चेक योअर प्रोफाइल
अमिता: सेन्ट यू ए केक
गौरव: हाय
अमिता: हैलो
गौरव: हाय
गौरव: हैप्पी बैसाखी
8 बार होती थी एक दिन में वीडियो कॉल
गौरव और अमिता के फेसबुक मैसेंजर की छानबीन के बाद पता चला कि दोनों की एक दिन वीडियो कॉल पर करीब आठ बार बात होती थी। 8 मार्च को दोनों के बीच 8 बार वीडियो कॉल हुई। 27 मार्च को 2 बार हुई और 8 अप्रैल को 5 बार हुई। दोनों की बातचीत के अधिकतर अंश निजी है। गौरव ने मैसेंजर पर अन्य लड़कियों से भी बातचीत कर रखी है।