फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   An operation meant to last half an hour took eight hours; injury marks were found on the patient's body upon their exit.

Rohtak News: आधे घंटे के ऑपरेशन में लगे आठ घंटे, मरीज के बाहर आने पर शरीर पर मिले चोट के निशान

Sat, 04 Jul 2026 02:51 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 04 Jul 2026 02:51 AM IST
विज्ञापन
An operation meant to last half an hour took eight hours; injury marks were found on the patient's body upon their exit.
29 हस्पताल के बाहर पुलिस को जानकारी देते परिजन। संवाद
रोहतक। शहर के जलघर एक के पास स्थित निजी अस्पताल वी-केयर में मरीज के ऑपरेशन को लेकर शुक्रवार को परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने डॉक्टरों पर मरीज को गिराकर चोटिल करने का आरोप लगाया है। इस मामले में अस्पताल निदेशक राजकुमार कपूर व डॉक्टर भूषण कथूरिया से फोन पर बात करने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल है। सेक्टर-4 निवासी बेटे नितिन शर्मा ने कहा कि 30 जून को कान के ऑपरेशन के लिए मां शकुंतला को अस्पताल में भर्ती कराया था। अस्पताल प्रबंधन ने ऑपरेशन 30 मिनट में होने की बात कही थी। बाद में मरीज को ऑपरेशन के आठ घंटे बाद बाहर लेकर आए। इस दौरान मरीज के शरीर पर काफी चोटें नजर आईं।
विज्ञापन

मां शकुंतला के कान का ऑपरेशन होना था। ऑपरेशन थिएटर से बाहर आईं तो उनकी नाक व होंठों पर टांके लगे हुए थे। हाथ-पैरों की उंगलियों पर भी खरोंच के निशान थे। ठोडी, चेहरे व शरीर के अन्य हिस्सों पर चोट के निशान देखकर उनके साथ किसी तरह की अनहोनी का संदेह हुआ। इस बारे में अस्पताल स्टाफ से पूछा तो संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
विज्ञापन

नितिन शर्मा ने आरोप लगाया कि ऑपरेशन से पहले उन्हें भरोसा दिलाया गया था कि पूरी प्रक्रिया सामान्य है। इसमें अधिक समय नहीं लगेगा। मरीज को ऑपरेशन के कुछ समय बाद छुट्टी दे दी जाएगी। इसके बावजूद न केवल ऑपरेशन में आठ घंटे लगे बल्कि बाद में मरीज को भी डिस्चार्ज नहीं किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

अस्पताल की ओर से ऑपरेशन में देरी का कारण भी स्पष्ट रूप से नहीं बताया गया। जिस डॉक्टर से ऑपरेशन कराया जाना था, वह उपलब्ध नहीं हैं। कई बार प्रयास करने के बावजूद डॉक्टर से मुलाकात नहीं हो सकी। हमें डॉक्टर से केवल यह जानना है कि मरीजों को चोटें कैसी लगी हैं।



शकुंतला ने बताया कि वह थिएटर में ठीक-ठाक गई थीं। पता नहीं चोटें कैसी लगीं। ऑपरेशन कान का हुआ और चोट नाक व ठोडी पर लगी। डॉक्टर ने बताया कि आपने खुद ही कैनुला मार लिया। इस कारण चोट आई है। मुझे कैनुला से इतनी चोट लगना समझ से परे है।
वहीं, निजी अस्पताल

29 हस्पताल के बाहर पुलिस को जानकारी देते परिजन। संवाद

29 हस्पताल के बाहर पुलिस को जानकारी देते परिजन। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed