{"_id":"5a04c8874f1c1bd7538bc623","slug":"171510262919-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"झोलाछाप डॉक्टरों सीएम फ्लाइंग और स्वास्\nथ्य विभाग की गाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
झोलाछाप डॉक्टरों सीएम फ्लाइंग और स्वास् थ्य विभाग की गाज
Updated Fri, 10 Nov 2017 03:10 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
झोलाछाप डॉक्टरों पर सीएम फ्लाइंग की गाज
- दवाओं समेत क्लीनिक को किया सील, डॉक्टरों पर मामला दर्ज
फोटो सहित
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों के निर्देशों पर वीरवार को सीएम फ्लाइंग और स्थानीय स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जिले में झोलाछाप डॉक्टरों के फर्जी क्लीनिकों पर छापा मारा है। छापामारी के दौरान तीन क्लीनिक अवैध रूप से संचालित होते पाए गए और यहां भारी मात्रा में एलोपैथी दवाएं बरामद हुई है। टीम ने डॉक्टरों पर मामला दर्ज करते हुए दवाओं और क्लीनिक को सील कर दिया है। देर रात तक छापामारी अभियान जारी रहा।
सिविल सर्जन के निर्देशानुसार वीरवार को सुबह डॉ. दिनेश गर्ग, डॉ. सुरेंद्र बिश्नोई और डॉ. सत्यवान के साथ शहर भर के निजी क्लीनिकों पर सीएम फ्लाइंग की टीम ने छापामारी की है। इसमें जींद रोड स्थित शांति क्लीनिक के डॉ. भीम सिंह पर कार्रवाई की है। जांच के दौरान मौके से डॉक्टरों को 19 प्रकार की एलोपैथी की दवाएं, एक स्टेथोस्कोप, एक बीपी जांचने का यंत्र और ओपीडी रजिस्टर बरामद हुआ है। इसमें डॉक्टर के पास डिप्लोमा फार्मेसी आयुर्वेदिक रतन, बिहार के कागजात पेश किए हैं। मौके पर डॉक्टर एलोपैथी दवाएं रखने और बेचने का लाइसेंस नहीं दिखा पाया। वहीं टीम ने जींद रोड स्थित पुंडीर क्लीनिक पर डॉ. विजय के क्लीनिक पर छापा मारा। इसमें मौके से 18 एलोपैथी की दवाएं, दो प्रकार के स्टेथोस्कोप, बीपी जांच यंत्र और ओपीडी डायरी बरामद हुई है। उक्त डॉक्टर के पास बैचलर ऑफ इलेक्ट्रो होम्योपैथी की डिग्री मिली। इनके पास भी एलोपैथी दवा बेचने का कोई लाइसेंस नहीं मिल पाया।
इसके अलावा टीम ने सलारा मोहल्ला स्थित वासु क्लीनिक पर छापामार कर डॉ. कुमार फाइटर के पास एलोपैथी दवाएं बरामद की हैं। उक्त डॉक्टर के पास भी बीईएमएस की डिग्री थी। इसके खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करवा दिया है। इसके अलावा बाबरा मोहल्ला स्थित टेक चंद क्लीनिक पर भी टीम ने छापामारी की है। डॉ. दिनेश गर्ग ने बताया कि ये सभी डॉक्टर नियमों को ताक पर रख कर बगैर लाइसेंस और डिग्री के मरीजों का एलोपैथी पद्धति से उपचार कर रहे थे। यह जांच प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
- दवाओं समेत क्लीनिक को किया सील, डॉक्टरों पर मामला दर्ज
फोटो सहित
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों के निर्देशों पर वीरवार को सीएम फ्लाइंग और स्थानीय स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जिले में झोलाछाप डॉक्टरों के फर्जी क्लीनिकों पर छापा मारा है। छापामारी के दौरान तीन क्लीनिक अवैध रूप से संचालित होते पाए गए और यहां भारी मात्रा में एलोपैथी दवाएं बरामद हुई है। टीम ने डॉक्टरों पर मामला दर्ज करते हुए दवाओं और क्लीनिक को सील कर दिया है। देर रात तक छापामारी अभियान जारी रहा।
सिविल सर्जन के निर्देशानुसार वीरवार को सुबह डॉ. दिनेश गर्ग, डॉ. सुरेंद्र बिश्नोई और डॉ. सत्यवान के साथ शहर भर के निजी क्लीनिकों पर सीएम फ्लाइंग की टीम ने छापामारी की है। इसमें जींद रोड स्थित शांति क्लीनिक के डॉ. भीम सिंह पर कार्रवाई की है। जांच के दौरान मौके से डॉक्टरों को 19 प्रकार की एलोपैथी की दवाएं, एक स्टेथोस्कोप, एक बीपी जांचने का यंत्र और ओपीडी रजिस्टर बरामद हुआ है। इसमें डॉक्टर के पास डिप्लोमा फार्मेसी आयुर्वेदिक रतन, बिहार के कागजात पेश किए हैं। मौके पर डॉक्टर एलोपैथी दवाएं रखने और बेचने का लाइसेंस नहीं दिखा पाया। वहीं टीम ने जींद रोड स्थित पुंडीर क्लीनिक पर डॉ. विजय के क्लीनिक पर छापा मारा। इसमें मौके से 18 एलोपैथी की दवाएं, दो प्रकार के स्टेथोस्कोप, बीपी जांच यंत्र और ओपीडी डायरी बरामद हुई है। उक्त डॉक्टर के पास बैचलर ऑफ इलेक्ट्रो होम्योपैथी की डिग्री मिली। इनके पास भी एलोपैथी दवा बेचने का कोई लाइसेंस नहीं मिल पाया।
विज्ञापन
इसके अलावा टीम ने सलारा मोहल्ला स्थित वासु क्लीनिक पर छापामार कर डॉ. कुमार फाइटर के पास एलोपैथी दवाएं बरामद की हैं। उक्त डॉक्टर के पास भी बीईएमएस की डिग्री थी। इसके खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करवा दिया है। इसके अलावा बाबरा मोहल्ला स्थित टेक चंद क्लीनिक पर भी टीम ने छापामारी की है। डॉ. दिनेश गर्ग ने बताया कि ये सभी डॉक्टर नियमों को ताक पर रख कर बगैर लाइसेंस और डिग्री के मरीजों का एलोपैथी पद्धति से उपचार कर रहे थे। यह जांच प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी।
विज्ञापन