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मांग पर संत अडिग, हालत गंभीर लेकिन नहीं तोड़ रहे अनशन
Updated Mon, 17 Jul 2017 02:38 AM IST
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मांग पर संत अडिग, हालत गंभीर लेकिन नहीं तोड़ रहे अनशन
रोहतक। दिल्ली के अस्पताल में उपचाराधीन संत गोपालदास ने डाक्टरों पर जबरदस्ती करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अस्पताल में उनके साथ गलत व्यवहार किया जा रहा है, लेकिन उनका हौसला कम नहीं होगा। जब तक सरकार लिखित में आश्वासन नहीं देगी, अनशन जारी रहेगा।
गोचरान भूमि विकास बोर्ड के लिए संत गोपालदास पिछले माह से अनशन पर हैं। हालत बिगड़ने पर फिलहाल उनका उपचार दिल्ली के एक अस्पताल में चल रहा है। अस्पताल में रविवार को संत से मिलने के लिए गोकथा वाचक गोपाल मणिराम समेत अन्य कई गोभक्त पहुंचे। उन्होंने संत को समर्थन का आश्वासन दिया।
उन्होंने कहा कि गाय की रक्षा के लिए साधु-संतों को भूखे-प्यासे रहना पड़ रहा है। सरकार के लिए इससे बुरे हालात क्या होंगे? उधर, संत ने आरोप लगाया कि डाक्टरों की टीम उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं कर रही है। मिलने वालों पर भी सख्ती की गई है। संत के करीबियों को नहीं मिलने दिया जा रहा। संत ने चेताया कि सरकार भले ही कितनी भी अनदेखी कर लें, लेकिन बिना लिखित आश्वासन के वह अनशन खत्म नहीं करेंगे। कुरुक्षेत्र और सोनीपत गोरक्षा दल के सदस्य हरीश गुप्ता और राजीव दीक्षित भी संत से मिलने पहुंचे।
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रोहतक। दिल्ली के अस्पताल में उपचाराधीन संत गोपालदास ने डाक्टरों पर जबरदस्ती करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अस्पताल में उनके साथ गलत व्यवहार किया जा रहा है, लेकिन उनका हौसला कम नहीं होगा। जब तक सरकार लिखित में आश्वासन नहीं देगी, अनशन जारी रहेगा।
गोचरान भूमि विकास बोर्ड के लिए संत गोपालदास पिछले माह से अनशन पर हैं। हालत बिगड़ने पर फिलहाल उनका उपचार दिल्ली के एक अस्पताल में चल रहा है। अस्पताल में रविवार को संत से मिलने के लिए गोकथा वाचक गोपाल मणिराम समेत अन्य कई गोभक्त पहुंचे। उन्होंने संत को समर्थन का आश्वासन दिया।
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उन्होंने कहा कि गाय की रक्षा के लिए साधु-संतों को भूखे-प्यासे रहना पड़ रहा है। सरकार के लिए इससे बुरे हालात क्या होंगे? उधर, संत ने आरोप लगाया कि डाक्टरों की टीम उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं कर रही है। मिलने वालों पर भी सख्ती की गई है। संत के करीबियों को नहीं मिलने दिया जा रहा। संत ने चेताया कि सरकार भले ही कितनी भी अनदेखी कर लें, लेकिन बिना लिखित आश्वासन के वह अनशन खत्म नहीं करेंगे। कुरुक्षेत्र और सोनीपत गोरक्षा दल के सदस्य हरीश गुप्ता और राजीव दीक्षित भी संत से मिलने पहुंचे।
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