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दिल्ली डीआरएम दफ्तर में 12 अफसरों से हुई पूछताछ
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डाउन यार्ड में खड़ी ईएमयू (इलेक्ट्रो मोटिव यूनिट) के तीन कोच में आग लगने की जांच डीआरएम (डिविजनल रेल मैनेजर) स्तर से शुरू हो गई है। बुधवार को डीआरएम कार्यालय में 12 अधिकारियों को पूछताछ के लिए तलब किया गया। उनके बयान दर्ज करके साक्ष्य भी संकलित किए गए। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार डीआरएम कार्रवाई के लिए अपनी रिपोर्ट तीन दिन में जीएम को सौंपेंगे।
आठ अप्रैल को दिल्ली से आई डीएमयू डाउन यार्ड में खड़ी थी, दोपहर करीब 1:57 बजे उसमें आग लग गई। इस दौरान तीन कोच पूरी तरह से जल गए, जबकि चौथा आंशिक ही जला था। आग लगने की वजह जानने के लिए फोरेंसिक टीम, डॉग स्क्वायड व बम निरोधक दस्ता पहुंचा और साक्ष्य जुटाकर मधुबन फोरेंसिक लैब भेजे गए। सूचना मिलने पर एजीएम नवीन गुलाटी व प्रिंसिपल चीफ सेफ्टी ऑफिसर सीमा कुमार टीम के साथ मौके पर पहुंचे। एजीएम के आदेश पर पांच सदस्यीय कमेटी बनाकर प्राथमिक जांच रिपोर्ट मांगी गई। सूत्रों के अनुसार प्राथमिक जांच रिपोर्ट डीआरएम को सौंपी गई। रिपोर्ट में आग दूसरे कोच से लगने और शार्ट सर्किट से आग नहीं लगने की बात कही गई है। मौके पर सबसे पहले पहुंचे कर्मियों के दर्ज किए बयान भी भेजे गए। अब जांच दिल्ली डीआरएम स्तर से शुरू हो गई है। इसके लिए बुधवार को स्टेशन पर तैनात 12 अधिकारियों को दिल्ली तलब किया गया। नाम नहीं छापने की शर्त पर दिल्ली गए अधिकारियों ने बताया कि जांच टीम ने अलग-अलग बिंदुओं पर पूछताछ कर बयान दर्ज किए हैं। इसके अलावा साक्ष्य भी संकलित किए गए हैं। तीन दिन में डीआरएम अपनी रिपोर्ट दोषियों पर कार्रवाई के लिए महाप्रबंधक को भेजेंगे। रेलवे के एजीएम नवीन गुलाटी ने बताया कि जांच रिपोर्ट तीन दिन में मिल जाएगी। रिपोर्ट आने के बाद दोषी अधिकारी व कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
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आठ अप्रैल को दिल्ली से आई डीएमयू डाउन यार्ड में खड़ी थी, दोपहर करीब 1:57 बजे उसमें आग लग गई। इस दौरान तीन कोच पूरी तरह से जल गए, जबकि चौथा आंशिक ही जला था। आग लगने की वजह जानने के लिए फोरेंसिक टीम, डॉग स्क्वायड व बम निरोधक दस्ता पहुंचा और साक्ष्य जुटाकर मधुबन फोरेंसिक लैब भेजे गए। सूचना मिलने पर एजीएम नवीन गुलाटी व प्रिंसिपल चीफ सेफ्टी ऑफिसर सीमा कुमार टीम के साथ मौके पर पहुंचे। एजीएम के आदेश पर पांच सदस्यीय कमेटी बनाकर प्राथमिक जांच रिपोर्ट मांगी गई। सूत्रों के अनुसार प्राथमिक जांच रिपोर्ट डीआरएम को सौंपी गई। रिपोर्ट में आग दूसरे कोच से लगने और शार्ट सर्किट से आग नहीं लगने की बात कही गई है। मौके पर सबसे पहले पहुंचे कर्मियों के दर्ज किए बयान भी भेजे गए। अब जांच दिल्ली डीआरएम स्तर से शुरू हो गई है। इसके लिए बुधवार को स्टेशन पर तैनात 12 अधिकारियों को दिल्ली तलब किया गया। नाम नहीं छापने की शर्त पर दिल्ली गए अधिकारियों ने बताया कि जांच टीम ने अलग-अलग बिंदुओं पर पूछताछ कर बयान दर्ज किए हैं। इसके अलावा साक्ष्य भी संकलित किए गए हैं। तीन दिन में डीआरएम अपनी रिपोर्ट दोषियों पर कार्रवाई के लिए महाप्रबंधक को भेजेंगे। रेलवे के एजीएम नवीन गुलाटी ने बताया कि जांच रिपोर्ट तीन दिन में मिल जाएगी। रिपोर्ट आने के बाद दोषी अधिकारी व कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
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