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Rewari News: कोहरे के चलते देरी से चल रही ट्रेनें, यात्रियों को हो रही परेशानी
Fri, 20 Dec 2024 11:55 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 20 Dec 2024 11:55 PM IST
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फोटो : 02सुबह के समय रेलवे स्टेशन पर आ रही ट्रेन। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। कोहरे के चलते ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हो रहा है। विभिन्न ट्रेनें 30 मिनट से लेकर 3 घंटे की देरी से चल रही हैं। शुक्रवार को पूजा एक्सप्रेस, रानीखेत एक्सप्रेस, जिम कॉर्बेट एक्सप्रेस 30 मिनट की देरी से रेलवे स्टेशन पर पहुंंचीं। वहीं, आला हजरत एक्सप्रेस ढाई घंटे और शालीमार एक्सप्रेस करीब 1 घंटा 20 मिनट की देरी से आई। इससे यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे ने कोहरे की अधिकता वाले रेलखंडों में ट्रेनों के लोको पायलट को फाग सेफ्टी डिवाइस उपलब्ध कराए हैं।
रेलवे की ओर से लगभग 900 फाग सेफ्टी डिवाइस का उपयोग किया जा रहा है। रेलखंड की जीपीएस मैपिंग भी हो रही है। जयपुर एवं बीकानेर मंडल में कोहरे की अधिकता रहती है। इस कारण इन मंडलों में अधिक संख्या में फाग सेफ्टी डिवाइस का प्रयोग किया जाता है। फाग सेफ्टी डिवाइस को इंजन पर लगाया जाता है। यह डिवाइस ऑन होने के बाद जीपीएस प्रणाली से उस खण्ड में स्थित सभी सिग्नलों की दूरी के बारे में लोको पायलट को अवगत कराती रहती है। इससे लोको पायलट गाड़ी की रफ्तार को नियंत्रित करता है। लोको पायलट को सिग्नल एवं अन्य संकेतक ठीक से दिखें, इसके लिए संकेतकों पर दोबारा पेंटिंग व चमकीले साइन बोर्ड लगाए गए हैं। गिट्टियों को चूने से रंगा गया है।
निरीक्षक व अधिकारी लगातार कर रहे हैं जांच
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि कोहरे वाले रेलखंडों में सभी स्तर के कर्मचारियों के लिए सेफ्टी सेमिनार का आयोजित किए गए थे। कम तापमान के दौरान रेल, वेल्डिंग फेलियर की पहचान कर उनकी मरम्मत की जा रही है। फिश प्लेटों के अनुरक्षण, ट्रैक रिन्यूअल जैसे कार्य पूरे किए जा रहे हैं। कोहरे वाले रेलखंख के स्टेशनों, समपार फाटकों एवं पूर्व चिह्नित जगहों पर डेटोनेटर (पटाखे) की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। पेट्रोलिंग की आवृत्ति को बढ़ाकर रेलपथ की निगरानी को बढ़ाया गया है। निरीक्षक और अधिकारी लगातार जांच कर रहे हैं।
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ट्रेन की वर्तमान स्थिति देखकर ही स्टेशन पहुंचें
उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी कैप्टन शशि किरण ने बताया कि यात्रा शुरू करने से पूर्व रेलवे की अधिकृत वेबसाइट पर अपनी ट्रेन की वर्तमान स्थिति देखकर ही जाएं, ताकि असुविधा ना हो। सर्दियों के मौसम में कोहरे की अधिकता के दौरान गाड़ी संचालन में संरक्षा व सुरक्षा को देखते उत्तर पश्चिम रेलवे पर विशेष प्रबंध किए गए हैं। संबंधित विभाग इंजीनियरिंग, सिग्नल एवं दूरसंचार, विद्युत, यांत्रिक, परिचालन व संरक्षा विभाग्की ओर से किसी भी परिस्थिति में संरक्षित रेल संचालन के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं।
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रेवाड़ी। कोहरे के चलते ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हो रहा है। विभिन्न ट्रेनें 30 मिनट से लेकर 3 घंटे की देरी से चल रही हैं। शुक्रवार को पूजा एक्सप्रेस, रानीखेत एक्सप्रेस, जिम कॉर्बेट एक्सप्रेस 30 मिनट की देरी से रेलवे स्टेशन पर पहुंंचीं। वहीं, आला हजरत एक्सप्रेस ढाई घंटे और शालीमार एक्सप्रेस करीब 1 घंटा 20 मिनट की देरी से आई। इससे यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे ने कोहरे की अधिकता वाले रेलखंडों में ट्रेनों के लोको पायलट को फाग सेफ्टी डिवाइस उपलब्ध कराए हैं।
रेलवे की ओर से लगभग 900 फाग सेफ्टी डिवाइस का उपयोग किया जा रहा है। रेलखंड की जीपीएस मैपिंग भी हो रही है। जयपुर एवं बीकानेर मंडल में कोहरे की अधिकता रहती है। इस कारण इन मंडलों में अधिक संख्या में फाग सेफ्टी डिवाइस का प्रयोग किया जाता है। फाग सेफ्टी डिवाइस को इंजन पर लगाया जाता है। यह डिवाइस ऑन होने के बाद जीपीएस प्रणाली से उस खण्ड में स्थित सभी सिग्नलों की दूरी के बारे में लोको पायलट को अवगत कराती रहती है। इससे लोको पायलट गाड़ी की रफ्तार को नियंत्रित करता है। लोको पायलट को सिग्नल एवं अन्य संकेतक ठीक से दिखें, इसके लिए संकेतकों पर दोबारा पेंटिंग व चमकीले साइन बोर्ड लगाए गए हैं। गिट्टियों को चूने से रंगा गया है।
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निरीक्षक व अधिकारी लगातार कर रहे हैं जांच
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि कोहरे वाले रेलखंडों में सभी स्तर के कर्मचारियों के लिए सेफ्टी सेमिनार का आयोजित किए गए थे। कम तापमान के दौरान रेल, वेल्डिंग फेलियर की पहचान कर उनकी मरम्मत की जा रही है। फिश प्लेटों के अनुरक्षण, ट्रैक रिन्यूअल जैसे कार्य पूरे किए जा रहे हैं। कोहरे वाले रेलखंख के स्टेशनों, समपार फाटकों एवं पूर्व चिह्नित जगहों पर डेटोनेटर (पटाखे) की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। पेट्रोलिंग की आवृत्ति को बढ़ाकर रेलपथ की निगरानी को बढ़ाया गया है। निरीक्षक और अधिकारी लगातार जांच कर रहे हैं।
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ट्रेन की वर्तमान स्थिति देखकर ही स्टेशन पहुंचें
उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी कैप्टन शशि किरण ने बताया कि यात्रा शुरू करने से पूर्व रेलवे की अधिकृत वेबसाइट पर अपनी ट्रेन की वर्तमान स्थिति देखकर ही जाएं, ताकि असुविधा ना हो। सर्दियों के मौसम में कोहरे की अधिकता के दौरान गाड़ी संचालन में संरक्षा व सुरक्षा को देखते उत्तर पश्चिम रेलवे पर विशेष प्रबंध किए गए हैं। संबंधित विभाग इंजीनियरिंग, सिग्नल एवं दूरसंचार, विद्युत, यांत्रिक, परिचालन व संरक्षा विभाग्की ओर से किसी भी परिस्थिति में संरक्षित रेल संचालन के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं।