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Rewari News: सरकारी स्कूलों में रामलीला का मंचन करेंगे विद्यार्थी
Sat, 28 Sep 2024 12:37 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Sat, 28 Sep 2024 12:37 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। निपुण हरियाणा मिशन के तहत प्राइमरी विद्यालयों के विद्यार्थी रामलीला का मंचन करेंगे। बच्चों को संवाद सिखाए जाएंगे। इसके लिए उनके साथ पांच छोटे दृश्य साझा किए गए हैं। इनमें से किसी एक दृश्य को शिक्षक रोल प्ले के लिए चुन सकते हैं।
हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद ने राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में रामलीला के मंचन को लेकर जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, जिला परियोजना समन्वयक, जिला निपुण समन्वयक को निर्देश दिए हैं। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों के मुखिया को निर्देश दिया है कि विद्यालयों में 12 से 27 अक्तूबर तक अभ्यास कराया जाएगा। 28 अक्तूबर को विद्यार्थी प्रस्तुति देंगे। विद्यार्थियों की प्रतिभा का प्रदर्शन देखने के लिए उनके माता-पिता को आमंत्रित किया जाएगा। अध्यापक रामलीला का 4-5 मिनट का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर करेंगे।
रामलीला के लिए पहली से पांचवीं कक्षा के विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने, तीसरी, चौथी व पांचवीं कक्षा के बच्चों की तुलना में कक्षा पहली और दूसरी के बच्चों को बोलने के लिए छोटे संवाद देने, वेशभूषा और रंगमंच की सामग्री बिना किसी लागत के स्थानीय स्तर पर प्राप्त करने के निर्देश दिए गए हैं। विद्यार्थियों के माता-पिता, अभिभावक, समुदाय, एसएमसी सदस्यों का सहयोग लिया जा सकता है। रामलीला उद्देश्य बच्चों को धारा प्रवाह बालने और शुद्ध उच्चारण में पारंगत करना है।
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वर्जन :
निपुण हरियाणा के तहत विद्यालयों में रामलीला होगी। इससे विद्यार्थियों में अभिव्यक्ति और पढ़ने-लिखने का कौशल विकसित होगा।-भूप सिंह, मुख्य अध्यापक, राजकीय प्राथमिक विद्यालय कान्हड़वास।
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रेवाड़ी। निपुण हरियाणा मिशन के तहत प्राइमरी विद्यालयों के विद्यार्थी रामलीला का मंचन करेंगे। बच्चों को संवाद सिखाए जाएंगे। इसके लिए उनके साथ पांच छोटे दृश्य साझा किए गए हैं। इनमें से किसी एक दृश्य को शिक्षक रोल प्ले के लिए चुन सकते हैं।
हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद ने राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में रामलीला के मंचन को लेकर जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, जिला परियोजना समन्वयक, जिला निपुण समन्वयक को निर्देश दिए हैं। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों के मुखिया को निर्देश दिया है कि विद्यालयों में 12 से 27 अक्तूबर तक अभ्यास कराया जाएगा। 28 अक्तूबर को विद्यार्थी प्रस्तुति देंगे। विद्यार्थियों की प्रतिभा का प्रदर्शन देखने के लिए उनके माता-पिता को आमंत्रित किया जाएगा। अध्यापक रामलीला का 4-5 मिनट का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर करेंगे।
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रामलीला के लिए पहली से पांचवीं कक्षा के विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने, तीसरी, चौथी व पांचवीं कक्षा के बच्चों की तुलना में कक्षा पहली और दूसरी के बच्चों को बोलने के लिए छोटे संवाद देने, वेशभूषा और रंगमंच की सामग्री बिना किसी लागत के स्थानीय स्तर पर प्राप्त करने के निर्देश दिए गए हैं। विद्यार्थियों के माता-पिता, अभिभावक, समुदाय, एसएमसी सदस्यों का सहयोग लिया जा सकता है। रामलीला उद्देश्य बच्चों को धारा प्रवाह बालने और शुद्ध उच्चारण में पारंगत करना है।
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निपुण हरियाणा के तहत विद्यालयों में रामलीला होगी। इससे विद्यार्थियों में अभिव्यक्ति और पढ़ने-लिखने का कौशल विकसित होगा।-भूप सिंह, मुख्य अध्यापक, राजकीय प्राथमिक विद्यालय कान्हड़वास।