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Rewari News: विद्यार्थियों ने उदयन केयर संस्था का किया शैक्षणिक भ्रमण
Mon, 26 Oct 2026 11:51 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 26 Oct 2026 11:51 PM IST
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धारूहेड़ा। इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय के समाज कार्य विभाग की ओर से विद्यार्थियों को सामाजिक संस्थाओं की कार्यप्रणाली एवं व्यावहारिक ज्ञान प्रदान करने के उद्देश्य से धारूहेड़ा स्थित उदयन केयर संस्था का शैक्षणिक भ्रमण कराया गया।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने कहा कि व्यावहारिक अनुभव ही ज्ञान को परिपक्व बनाता है। उन्होंने कहा कि समाज कार्य केवल एक पाठ्यक्रम नहीं, बल्कि मानवता की सेवा और सामाजिक परिवर्तन का सशक्त माध्यम है।
उन्होंने कहा कि युवा विद्यार्थियों को समाज की चुनौतियों को निकट से समझकर उनके सकारात्मक समाधान की दिशा में कार्य करना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को शैक्षणिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने, अपने ज्ञान व कौशल में निरंतर वृद्धि करने तथा भविष्य में एक कुशल एवं जिम्मेदार सामाजिक कार्यकर्ता बनने के लिए प्रेरित किया।
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वहीं, विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. दिलबाग सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि कक्षा में प्राप्त सैद्धांतिक ज्ञान को जब तक जमीनी स्तर के अनुभवों से नहीं जोड़ा जाता, तब तक शिक्षा अधूरी रहती है।
उन्होंने विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभवों से सीखने तथा सामाजिक संवेदनशीलता अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया। संबोधन के पश्चात कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने हरी झंडी दिखाकर विद्यार्थियों की बस को रवाना किया।
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विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने कहा कि व्यावहारिक अनुभव ही ज्ञान को परिपक्व बनाता है। उन्होंने कहा कि समाज कार्य केवल एक पाठ्यक्रम नहीं, बल्कि मानवता की सेवा और सामाजिक परिवर्तन का सशक्त माध्यम है।
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उन्होंने कहा कि युवा विद्यार्थियों को समाज की चुनौतियों को निकट से समझकर उनके सकारात्मक समाधान की दिशा में कार्य करना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को शैक्षणिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने, अपने ज्ञान व कौशल में निरंतर वृद्धि करने तथा भविष्य में एक कुशल एवं जिम्मेदार सामाजिक कार्यकर्ता बनने के लिए प्रेरित किया।
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वहीं, विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. दिलबाग सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि कक्षा में प्राप्त सैद्धांतिक ज्ञान को जब तक जमीनी स्तर के अनुभवों से नहीं जोड़ा जाता, तब तक शिक्षा अधूरी रहती है।
उन्होंने विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभवों से सीखने तथा सामाजिक संवेदनशीलता अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया। संबोधन के पश्चात कुलपति प्रो. असीम मिगलानी ने हरी झंडी दिखाकर विद्यार्थियों की बस को रवाना किया।