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Rewari News: 10 सालों में चार बार पहले स्थान पर रहा रेवाड़ी
Thu, 02 May 2024 02:04 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Thu, 02 May 2024 02:04 AM IST
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रेवाड़ी। जिला शिक्षा अधिकारी का कार्यालय। फाइल फोटो
रेवाड़ी। हरियाणा बोर्ड ने 12वीं का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया है। इस बार जिले को राज्यभर में दसवां स्थान मिला है। वर्ष 2014-15 में 14वां स्थान मिला था।
उस समय शिक्षा विभाग के साथ ही सरकारी स्कूलों की साख को भी नुकसान पहुंचा था, लेकिन इसके बाद से विभाग ने प्रयास शुरू किए। 2015-16 में रेवाड़ी नंबर-4 पर पहुंचा। 2016-17 में छलांग लगाते हुए पहले पायदान पर आ गया था। फिर लगातार 3 वर्ष तक 2017, 2018 और 2019 में जिले को राज्यभर में प्रथम स्थान मिला।
वर्ष 2020 में कोरोना संक्रमण के चलते कुछ विषयों के ही पेपर हुए थे और उनकी ही औसत आधार पर रिजल्ट जारी किया, जिसमें यह रैंक गिरकर 9 पर आ गई। कोरोना संक्रमण की वजह से कुछ ही विषयों के पेपर हुए थे और उसी के आधार पर रिजल्ट जारी हुआ था। उसमें सभी विद्यार्थियों को पास घोषित किया गया था। वर्ष 2022 में दूसरे नंबर पर रहा। वर्ष 2023 में टॉप पर पहुंच गया था, लेकिन इस बार फिर इसमें गिरावट आई है। अब फिर से जिला 10वें स्थान पर आ गया है। इंसेट
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जिले में कौन टॉपर, विभाग ने नहीं बताया
बता दें कि हरियाणा बोर्ड ने इस बार जिले का टॉपर घोषित नहीं किया है। ऐसे में जिले में किस विद्यार्थी ने टॉप किया है इसके बारे में पता नहीं चल पाया है।
मामले में शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यह स्थिति पूरे हरियाणा में है। किसी भी जिले में टॉपर की जानकारी शिक्षा विभाग ने नहीं दी है। इतना जरूर है कि किस जिले में कितने विद्यार्थियों ने परीक्षा पास की है, कौन सा जिला किस पायदान पर है, इसके बारे में बताया गया है।
इंसेट
7542 विद्यार्थियों ने दी थी परीक्षा
इस बार जिले में 12वीं में 7542 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। 6626 विद्यार्थी पास हुए हैं। 787 विद्यार्थियों की कंपार्टमेंट आई है। वहीं 129 विद्यार्थी फेल हुए हैं। जिले का पास प्रतिशत 87.85 है। जिला हरियाणा में 10वें नंबर पर आया है। वर्ष 2023 में रेवाड़ी पहले स्थान पर था। तब जिले का परिणाम 88.10 प्रतिशत था। महेंद्रगढ़ पिछले वर्ष दूसरे नंबर पर था।
वर्जन
जिन स्कूलों का रिजल्ट 50 फीसदी से कम रहा है, उनका रिजल्ट मांगेंगे। भविष्य के लिए फिर से रणनीति तैयार करेंगे। रिजल्ट सुधार और नंबर वन के लिए और बेहतर प्रयास किए जाएंगे।-महेंद्र सिंह खनगवाल, डीईओ रेवाड़ी।
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उस समय शिक्षा विभाग के साथ ही सरकारी स्कूलों की साख को भी नुकसान पहुंचा था, लेकिन इसके बाद से विभाग ने प्रयास शुरू किए। 2015-16 में रेवाड़ी नंबर-4 पर पहुंचा। 2016-17 में छलांग लगाते हुए पहले पायदान पर आ गया था। फिर लगातार 3 वर्ष तक 2017, 2018 और 2019 में जिले को राज्यभर में प्रथम स्थान मिला।
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वर्ष 2020 में कोरोना संक्रमण के चलते कुछ विषयों के ही पेपर हुए थे और उनकी ही औसत आधार पर रिजल्ट जारी किया, जिसमें यह रैंक गिरकर 9 पर आ गई। कोरोना संक्रमण की वजह से कुछ ही विषयों के पेपर हुए थे और उसी के आधार पर रिजल्ट जारी हुआ था। उसमें सभी विद्यार्थियों को पास घोषित किया गया था। वर्ष 2022 में दूसरे नंबर पर रहा। वर्ष 2023 में टॉप पर पहुंच गया था, लेकिन इस बार फिर इसमें गिरावट आई है। अब फिर से जिला 10वें स्थान पर आ गया है। इंसेट
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जिले में कौन टॉपर, विभाग ने नहीं बताया
बता दें कि हरियाणा बोर्ड ने इस बार जिले का टॉपर घोषित नहीं किया है। ऐसे में जिले में किस विद्यार्थी ने टॉप किया है इसके बारे में पता नहीं चल पाया है।
मामले में शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यह स्थिति पूरे हरियाणा में है। किसी भी जिले में टॉपर की जानकारी शिक्षा विभाग ने नहीं दी है। इतना जरूर है कि किस जिले में कितने विद्यार्थियों ने परीक्षा पास की है, कौन सा जिला किस पायदान पर है, इसके बारे में बताया गया है।
इंसेट
7542 विद्यार्थियों ने दी थी परीक्षा
इस बार जिले में 12वीं में 7542 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। 6626 विद्यार्थी पास हुए हैं। 787 विद्यार्थियों की कंपार्टमेंट आई है। वहीं 129 विद्यार्थी फेल हुए हैं। जिले का पास प्रतिशत 87.85 है। जिला हरियाणा में 10वें नंबर पर आया है। वर्ष 2023 में रेवाड़ी पहले स्थान पर था। तब जिले का परिणाम 88.10 प्रतिशत था। महेंद्रगढ़ पिछले वर्ष दूसरे नंबर पर था।
वर्जन
जिन स्कूलों का रिजल्ट 50 फीसदी से कम रहा है, उनका रिजल्ट मांगेंगे। भविष्य के लिए फिर से रणनीति तैयार करेंगे। रिजल्ट सुधार और नंबर वन के लिए और बेहतर प्रयास किए जाएंगे।-महेंद्र सिंह खनगवाल, डीईओ रेवाड़ी।