रेवाड़ी मनोज हत्याकांड: पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़, पांच राउंड फायरिंग, दो आरोपियों के पैर में लगी गोली
गांव गोकलगढ़ निवासी मनोज बुधवार दोपहर बाइक ठीक कराने के लिए गरिमा बाइक रिपेयरिंग सेंटर पर गया था। इसी दौरान बाइक पर सवार होकर आए तीन युवकों ने उस पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। एक गोली मनोज के पेट में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
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गांव गोकलगढ़ में मनोज उर्फ गोलू हत्याकांड के बाद फरार चल रहे दो मुख्य आरोपियों को रेवाड़ी पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। डीएसपी बावल सज्जन सिंह ने रात करीब 1:50 बजे सीआईए रेवाड़ी और सीआईए धारूहेड़ा की संयुक्त टीम ने गोकलगढ़ बाईपास स्थित रेलवे फ्लाईओवर के नीचे आरोपियों की घेराबंदी की। आरोपियों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर करीब पांच राउंड फायर किए। जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपियों के पैरों में गोली लगी। घायल अवस्था में पुलिस ने उन्हें मौके पर ही काबू कर लिया। फायरिंग के दौरान एक गोली एएसआई सुनील कुमार की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी, जबकि दो गोलियां निरीक्षकों के कान के पास से निकल गईं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक देशी पिस्टल और एक देशी कट्टा बरामद किया है।
गिरफ्तार आरोपी गोकलगढ़ निवासी मनिंदर उर्फ बुटर और हन्नी है। दोनों थाना सदर में दर्ज मनोज उर्फ गोलू हत्याकांड में मुख्य वांछित आरोपी थे। डीएसपी बावल सज्जन सिंह ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि दोनों आरोपी अवैध हथियारों से लैस होकर गोकलगढ़ बाईपास पर घूम रहे हैं। सूचना यह भी थी कि वे यशपाल और अभिषेक की हत्या करने की फिराक में हैं।
सूचना मिलते ही सीआईए रेवाड़ी प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार के नेतृत्व में टीम गठित की गई। इसमें एसआई देवेंद्र कुमार, एएसआई अक्षय कुमार, एएसआई सुनील कुमार, हेड कांस्टेबल जितेंद्र और चालक ईएचसी अजय कुमार शामिल थे। इसके बाद सीआईए धारूहेड़ा प्रभारी निरीक्षक योगेश हुड्डा को भी टीम सहित मौके पर बुलाया गया। दोनों टीमों ने गोकलगढ़ बाईपास टी-प्वाइंट और रेलवे फ्लाईओवर के नीचे नाकाबंदी कर दी।
रेलवे फ्लाईओवर के नीचे दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस वाहनों की लाइट देखकर दोनों पिलर की तरफ भागने लगे। पुलिसकर्मियों ने उन्हें घेरकर आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी गोली, जवाबी फायरिंग में घायल हुए दोनों
डीएसपी ने बताया कि आरोपियों की ओर से करीब पांच राउंड फायर किए गए। इस दौरान एक गोली एएसआई सुनील कुमार की छाती पर पहनी बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी। वहीं, एक गोली निरीक्षक योगेश हुड्डा और दूसरी निरीक्षक संजय कुमार के कान के पास से निकल गई। पुलिस टीम ने आरोपियों को लगातार चेतावनी देकर हथियार डालने के लिए कहा, लेकिन उन्होंने फायरिंग जारी रखी। पुलिसकर्मियों की जान को खतरा देखते हुए दोनों निरीक्षकों ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। इसमें मनिंदर उर्फ बुटर और हन्नी के पैरों में गोली लगी और दोनों जमीन पर गिर पड़े। इसके बाद पुलिस टीम ने उन्हें काबू कर लिया।
पिस्टल और कट्टा बरामद, आरोपी पर पहले से सात केस
तलाशी के दौरान मनिंदर उर्फ बुटर के कब्जे से एक देशी पिस्टल और हन्नी के कब्जे से एक देशी कट्टा बरामद हुआ। मौके पर सीन ऑफ क्राइम टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए। पुलिस ने दोनों घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद सामान्य अस्पताल रेवाड़ी में भर्ती कराया, जहां उनका उपचार पुलिस निगरानी में चल रहा है।
मनिंदर उर्फ बुटर के खिलाफ थाना सदर, शहर और मॉडल टाउन रेवाड़ी में मारपीट, आबकारी अधिनियम, एनडीपीएस एक्ट और आर्म्स एक्ट के तहत पहले से सात मामले दर्ज हैं। इस मुठभेड़ के संबंध में थाना रामपुरा में सरकारी कार्य में बाधा डालने, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न धाराओं के तहत अलग से मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों के स्वस्थ होने के बाद उन्हें पुलिस रिमांड पर लेकर मनोज उर्फ गोलू हत्याकांड, अन्य आपराधिक वारदातों और उनके सहयोगियों के संबंध में पूछताछ की जाएगी।
बाइक रिपेयरिंग सेंटर पर मारी थी मनोज को गोली
गांव गोकलगढ़ निवासी मनोज बुधवार दोपहर बाइक ठीक कराने के लिए गरिमा बाइक रिपेयरिंग सेंटर पर गया था। इसी दौरान बाइक पर सवार होकर आए तीन युवकों ने उस पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। एक गोली मनोज के पेट में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन और स्थानीय लोग उसे उपचार के लिए पहले नागरिक अस्पताल लेकर पहुंचे। हालत गंभीर होने पर उसे निजी अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान शाम करीब पांच बजे उसकी मौत हो गई।
सात युवकों के खिलाफ दर्ज हुआ था केस
मनोज के पिता सुरेश की शिकायत पर पुलिस ने सात युवकों के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया था। मनिंद्र, महेश और विशाल ने वारदात को अंजाम दिया था। वहीं अनुज उर्फ डॉ., तरुण उर्फ तन्नू और हर्ष पर हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप है। इसके अलावा राहुल पर वारदात से पहले मनोज की रेकी करने का आरोप लगाया गया था। मनिंद्र ने गोली चलाई थी।